100 करोड़ की लागत से MP में बन रहा संत रविदास का मंदिर, पीएम मोदी ने किया भूमि पूजन, जानें इसकी खासियत

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को मध्य प्रदेश के सागर जिले में कवि और समाज सुधारक संत रविदास को समर्पित 100 करोड़ रुपये के मंदिर-सह-स्मारक की आधारशिला रखी.

मोदी ने राज्य के राज्यपाल मंगूभाई पटेल, मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और केंद्रीय मंत्री वीरेंद्र कुमार की मौजूदगी में बडतूमा गांव में भूमि पूजन किया और आधारशिला रखी. उन्होंने संत रविदास की मूर्ति के सामने हाथ जोड़कर माथा टेका. प्रधानमंत्री ने इस समारोह में आगामी स्मारक-सह-मंदिर के लघु मॉडल का भी निरीक्षण किया.

अधिकारियों के मुताबिक समाज सुधारक को समर्पित यह मंदिर-सह-स्मारक 11 एकड़ भूमि में फैला होगा. यह संरचना संत रविदास की शिक्षाओं को प्रदर्शित करेगी और इसमें एक संग्रहालय, आर्ट गैलरी और अन्य सुविधाओं के अलावा भक्तों के लिए आवासीय सुविधाएं भी होंगी.

मंदिर का निर्माण नागर शैली में किया जाएगा.

इसमें स्मारक पर आने वाले श्रद्धालुओं के लिए भक्त निवास, भोजनालय जैसी सुविधाएं भी होंगी.

मध्य प्रदेश में साल के अंत तक विधानसभा चुनाव होने है. एक जुलाई को मोदी ने शहडोल जिले के पकरिया गांव में आदिवासी नेताओं, स्वयं सहायता समूहों की सदस्य महिलाओं और युवा फुटबॉल खिलाड़ियों के साथ बातचीत की थी.

भाजपा शासित इस राज्य में प्रधानमंत्री की एक महीने से अधिक समय के भीतर यह दूसरी यात्रा है. राज्य के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने इस साल फरवरी में सागर जिले के बड़तूमा में संत रविदास मंदिर और उनका स्मारक बनाने की योजना की घोषणा की थी.

संत रविदास के कार्य और व्यक्तित्व को प्रदर्शित करने के लिए एक व्याख्या संग्रहालय का भी निर्माण किया जाएगा. संग्रहालय में चार दीर्घाएं बनाई जाएंगी, जिनमें भक्ति मार्ग, निर्गुण पंथ में योगदान, संत रविदास का दर्शन और उनका साहित्य, समरसता का विवरण भी होगा.

मध्य प्रदेश के सागर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, कोविड महामारी के दौरान मैंने तय किया कि मैं गरीबों को भूखा नहीं सोने दूंगा. आपका दर्द समझने के लिए मुझे किताबें ढूंढने की जरूरत नहीं है. हमने प्रधानमंत्री गरीब कल्याण शुरू की. अन्न योजना और 80 करोड़ से अधिक लोगों को मुफ्त राशन उपलब्ध कराया और आज पूरी दुनिया हमारे प्रयासों की सराहना कर रही है.

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Published by: Arbindkumar mishra

अरबिंद कुमार मिश्रा मुख्यधारा की पत्रकारिता में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले एक वरिष्ठ पत्रकार और लेखक हैं. वर्तमान में, वह प्रभात खबर डॉट कॉम (Prabhat Khabar) में सीनियर कंटेंट राइटर के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. अरबिंद नेशनल, इंटरनेशनल और स्पोर्ट्स कैटेगरी में अपनी लेखनी के लिए जाने जाते हैं. गहरी रिसर्च पर आधारित स्पेशल स्टोरीज, रिपोर्टिंग और जटिल मुद्दों पर आसान भाषा में 'एक्सप्लेनर' लिखना उनकी मुख्य यूएसपी (USP) है.

झारखंड की समृद्ध संस्कृति और लोक परंपराओं में उनकी गहरी रुचि है. अपनी उत्कृष्ट और सरोकार से जुड़ी रिपोर्टिंग के लिए उन्हें संस्थान स्तर पर कई बार सम्मानित और पुरस्कृत भी किया जा चुका है.

करियर का सफरनामा

अरबिंद ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत देश की प्रतिष्ठित बहुभाषी न्यूज एजेंसी 'हिंदुस्थान समाचार' से बतौर रिपोर्टर की थी. इसके बाद उन्होंने प्रसार भारती के अंग दूरदर्शन और आकाशवाणी के साथ भी काम किया, जहां उन्होंने एंकरिंग, वॉइस-ओवर और रिपोर्टिंग के गुर सीखे. साल 2011 में वह 'प्रभात खबर डॉट कॉम' से जुड़े और तब से लगातार डिजिटल पत्रकारिता के क्षेत्र में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं.

प्रमुख उपलब्धियां और ग्राउंड रिपोर्टिंग

खेल पत्रकारिता और जमीनी रिपोर्टिंग में अरबिंद का योगदान उल्लेखनीय रहा है. उनकी कुछ सबसे बड़ी उपलब्धियों में शामिल हैं:

34वें राष्ट्रीय खेल: झारखंड में आयोजित ऐतिहासिक 34वें नेशनल गेम्स की बेहतरीन और व्यापक ग्राउंड रिपोर्टिंग.

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट: रांची के जेएससीए (JSCA) स्टेडियम में आयोजित कई इंटरनेशनल क्रिकेट मैचों को करीब से कवर किया.

पुरुष हॉकी वर्ल्ड कप (2018): भुवनेश्वर में आयोजित वर्ल्ड कप के फाइनल मुकाबले की शानदार स्पोर्ट्स रिपोर्टिंग.

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