पुंछ आतंकी हमला: 5 जवानों की शहादत के बाद एक्शन में भारतीय सेना, हिरासत में 30 लोग, ऑपरेशन जारी

Poonch terror attack : 30 लोगों को अब तक पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है. जिन लोगों को हिरासत में लिया गया है उनमें पुंछ स्थित देगवार के रहने वाले दो दंपति इकबाल और उसकी पत्नी मुदिफा और सलमान दिन और उसकी पत्नी रशिदा शामिल हैं.

जम्मू-कश्मीर के पुंछ में सेना के एक ट्रक पर घात लगाकर हमला करने में शामिल आतंकवादियों को पकड़ने के लिए सेना ने बृहद पैमाने पर तलाशी अभियान शुरू किया है. अब तक करीब 30 लोगों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है.

पुंछ आतंकी हमले में पांच जवान हुए शहीद

सेना के ट्रक पर किए गए हमले में पांच जवान मारे गए थे जबकि एक अन्य जवान घायल हुआ था. हमले के समय ट्रक इफ्तार के लिए नजदीकी गांव खाने-पीने की सामग्री लेकर जा रहा था.

सेना के उत्तरी कमान ने घटनास्थल का किया दौरा

सेना के उत्तरी कमान के कमांडर ने शनिवार को घटनास्थल का दौरा किया. भाटा धुरियान जंगल का इलाका है और आतंकवादियों द्वारा नियंत्रण रेखा के पार से घुसपैठ करने के लिए प्राथमिकता दिया जाने वाला इलाका है क्योंकि इलाका घने जंगलों और गुफाओं से घिरा है और भूस्थलीय बनावट भी उनके अनुकूल है. अधिकारियों ने बताया, पुंछ और राजौरी सीमावर्ती जिलों में हाई अलर्ट के बीच तलाश अभियान जारी है.

30 लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ जारी

अधिकारियों ने बताया कि 30 लोगों को अब तक पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है. जिन लोगों को हिरासत में लिया गया है उनमें पुंछ स्थित देगवार के रहने वाले दो दंपति इकबाल और उसकी पत्नी मुदिफा और सलमान दिन और उसकी पत्नी रशिदा शामिल हैं.

आतंकवादियों ने स्टील कोर गोलियों का किया था इस्तेमाल

अधिकारियों ने बताया कि सेना के ट्रक पर घात लगाकर हमला करने वाले आतंकवादियों ने बख्तरबंद ढाल को भेदने में सक्षम स्टील कोर गोलियों का इस्तेमाल किया और सैनिकों के हथियार लेकर फरार हो गए. माना जा रहा है कि एक ‘स्नाइपर’ ने ट्रक को आगे से निशाना बनाया, जबकि दूसरी ओर से अन्य आतंकियों ने गोलियां चलाई और ग्रेनेड फेंके.

गुज्जर और बकरवाल समुदाय ने रक्षा से सेना को खुली छूट देने की मांग की

गुज्जर और बकरवाल समुदाय के सदस्यों ने अखनूर सेक्टर स्थित सेना की इकाई से मुलाकात की और सुरक्षा बलों के प्रति एकजुटता प्रकट की. समुदाय के 113 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व कर रहे मोहम्मद अकरम ने रक्षामंत्री राजनाथ सिंह से अपील की कि वह सेना को सीमा पार से फैलाए जा रहे आतंकवाद का मुकाबला करने के लिए खुली छूट दें.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

अरबिंद कुमार मिश्रा वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में एक अनुभवी पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं. अप्रैल 2011 से संस्थान का हिस्सा रहे अरबिंद के पास पत्रकारिता के क्षेत्र में बतौर रिपोर्टर और डेस्क एडिटर 15 वर्षों से अधिक का अनुभव है. वर्तमान में वह नेशनल और इंटरनेशनल डेस्क की जिम्मेदारी संभालने के साथ-साथ एक पूरी शिफ्ट का नेतृत्व (Shift Lead) भी कर रहे हैं. विशेषज्ञता और अनुभव अरबिंद की लेखनी में खबरों की गहराई और स्पष्टता है. उनकी मुख्य विशेषज्ञता इन क्षेत्रों में है. राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय मामले: वैश्विक राजनीति और देश की बड़ी घटनाओं पर पैनी नजर. खेल पत्रकारिता: झारखंड में आयोजित 34वें नेशनल गेम्स से लेकर JSCA स्टेडियम में हुए कई अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैचों की ग्राउंड रिपोर्टिंग का अनुभव. झारखंड की संस्कृति: राज्य की कला, संस्कृति और जनजातीय समुदायों की समस्याओं और उनकी जीवनशैली पर विशेष स्टोरीज. पंचायतनामा: ग्रामीण विकास और जमीनी मुद्दों पर 'पंचायतनामा' के लिए विशेष ग्राउंड रिपोर्टिंग. करियर का सफर प्रभात खबर डिजिटल से अपने करियर की शुरुआत करने वाले अरबिंद ने पत्रकारिता के हर आयाम को बखूबी जिया है. डिजिटल मीडिया की बारीकियों को समझने से पहले उन्होंने आकाशवाणी (All India Radio) और दूरदर्शन जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में एंकरिंग के जरिए अपनी आवाज और व्यक्तित्व की छाप छोड़ी है. शिक्षा और योग्यता UGC NET: अरबिंद मिश्रा ने यूजीसी नेट (UGC NET) उत्तीर्ण की है. मास्टर्स (MA): रांची यूनिवर्सिटी के जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग से एमए की डिग्री. ग्रेजुएशन: रांची यूनिवर्सिटी से ही मास कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म में स्नातक.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >