पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने कहा है कि अगले साल इस्लामाबाद में होने वाले शंघाई सहयोग संगठन (SCO) शिखर सम्मेलन में सभी सदस्य देशों के प्रमुखों को न्योता दिया जाएगा. पत्रकारों ने जब पूछा कि क्या भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी आमंत्रित किया जाएगा, तो मंत्रालय ने यह जवाब दिया. यह बयान ऐसे समय आया है, जब मई 2025 में हुए सैन्य तनाव के बाद भारत और पाकिस्तान के रिश्तों में बहुत अच्छे नहीं हैं.
पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने मीडिया ब्रीफिंग में कहा कि SCO शिखर सम्मेलन के लिए संगठन के सभी सदस्य देशों के राष्ट्राध्यक्षों को निमंत्रण भेजा जाएगा. उन्होंने कहा कि मेजबान देश के तौर पर पाकिस्तान SCO प्रोटोकॉल के अनुसार सभी सदस्यों को आमंत्रित करने के लिए बाध्य है. इसका मतलब है कि भारत को भी न्योता दिया जाएगा.
15 जून 2001 को स्थापित शंघाई सहयोग संगठन (SCO) का उद्देश्य यूरेशिया क्षेत्र में शांति, स्थिरता और आर्थिक विकास को बढ़ावा देना है. यह संगठन सदस्य देशों के बीच सहयोग बढ़ाने और क्षेत्रीय सुरक्षा को मजबूत करने के लिए काम करता है.
SCO शिखर सम्मेलन की मेजबानी करेगा पाकिस्तान
पाकिस्तान साल 2027 में इस्लामाबाद में SCO शिखर सम्मेलन की मेजबानी करेगा. संगठन की अध्यक्षता हर साल सदस्य देशों के बीच बदलती रहती है. SCO एक बड़ा अंतरराष्ट्रीय मंच है, जिसमें भारत, चीन, रूस, पाकिस्तान समेत कजाकिस्तान, ईरान, बेलारूस और कई अन्य देश शामिल हैं.
2025 में SCO शिखर सम्मेलन चीन के तियानजिन में आयोजित किया गया था. इस बैठक की थीम "शंघाई भावना को बनाए रखना: आगे बढ़ता SCO" थी. इसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन, ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान समेत कई देशों के प्रमुख नेताओं ने हिस्सा लिया था.
