Maharashtra Politics: 'संसद मेरे पिता नहीं चलाते', NCP नेता सुप्रिया सुले ने आखिर ऐसा क्यों कहा?

NCP Working President Supriya Sule ने मीडिया के साथ बातचीत में कहा, मैं भाई-भतीजावाद से दूर नहीं जा सकती, क्योंकि मैं एक राजनीतिक परिवार में पैदा हुई हूं. उन्होंने कहा, मुझे प्रतिभा और शरद पवार की बेटी होने पर बहुत गर्व है.

राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) की कार्यकारी अध्यक्ष चुने जाने के एक दिन बाद रविवार को सुप्रिया सुले ने सभी कार्यकर्ताओं और पिता शरद पवार का आभार जताया. उन्होंने कहा, मेरी प्राथमिकता पार्टी को मजबूत करना, मजबूत संगठन को खड़ा करना और देश के लोगों की सेवा करना है. मुझ पर विश्वास दिखाने के लिए मैं एनसीपी के सभी कैडर, नेताओं और श्री पवार का आभारी हूं.

भाई-भतीजावाद से भाग नहीं सकती: सुले

सुप्रिया सुले ने कहा, मैं भाई-भतीजावाद से दूर नहीं भाग सकती. किस पार्टी में भाई-भतीजावाद नहीं है? जब भाई-भतीजावाद की बात हो तो हम प्रदर्शन की बात क्यों नहीं कर सकते. मेरा संसदीय प्रदर्शन देखिए. राकांपा की कार्यकारी अध्यक्ष सुप्रिया सुले ने आगे कहा, संसद मेरे पिता, चाचा या मेरी मां नहीं चलाते.

मुझे प्रतिभा और शरद पवार की बेटी होने पर गर्व : सुले

सुप्रिया सुले ने मीडिया के साथ बातचीत में कहा, मैं भाई-भतीजावाद से दूर नहीं जा सकती, क्योंकि मैं एक राजनीतिक परिवार में पैदा हुई हूं. उन्होंने कहा, मुझे प्रतिभा और शरद पवार की बेटी होने पर बहुत गर्व है.

Also Read: Explainer : सुप्रिया सुले को ‘फुल पावर’ देकर राष्ट्रीय राजनीति में ‘डेब्यू’ कराना चाहते हैं शरद पवार?

अजित पवार को लेकर सुले ने क्या कहा?

एनसीपी नेता अजित पवार को पार्टी में कोई पद नहीं दिए जाने पर एनसीपी की कार्यकारी अध्यक्ष सुप्रिया सुले ने कहा, कौन कहता है कि वह खुश नहीं है, किसी ने उससे पूछा है? उनकी नाराजगी की बातें केवल गपशप हैं.

शरद पवार ने सुप्रिया सुले और प्रफुल्ल पटेल को पार्टी का कार्यकारी अध्यक्ष घोषित किया

गौरतलब है कि राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के प्रमुख शरद पवार ने शनिवार को सुप्रिया सुले और प्रफुल्ल पटेल को पार्टी का कार्यकारी अध्यक्ष घोषित किया. इस घोषणा को पार्टी में एक पीढ़ीगत बदलाव के साथ ही पवार के भतीजे अजित पवार को वस्तुत: दरकिनार करने के तौर पर देखा जा रहा है, जो अपने बगावती तेवरों के लिए पहचाने जाते हैं. पवार ने पार्टी की 25वीं वर्षगांठ पर यहां कार्यकारी अध्यक्षों के नामों की घोषणा की. पवार ने सुले को पार्टी के केंद्रीय चुनाव प्राधिकरण का अध्यक्ष और महाराष्ट्र का प्रभारी भी नियुक्त किया. हालांकि, शरद पवार और खुद अजित ने उन खबरों को खारिज किया कि सुले की नियुक्ति से अजित पवार नाखुश हैं.

अजित पवार का भी बयान आया सामने

अजित पवार ने कहा, कुछ मीडिया चैनल ने ऐसी खबरें चलाईं हैं कि अजित पवार को कोई जिम्मेदारी नहीं मिली, मैं उन्हें बताना चाहता हूं कि मेरे पास महाराष्ट्र में नेता प्रतिपक्ष की जिम्मेदारी है. उन्होंने कहा कि वह स्वेच्छा से राज्य की राजनीति में सक्रिय हैं. महाराष्ट्र के पूर्व उपमुख्यमंत्री ने कहा, पिछले कई वर्षों से, सुप्रिया दिल्ली में हैं. मैं राज्य की राजनीति में सक्रिय हूं. मेरे पास राज्य की जिम्मेदारी है क्योंकि मैं यहां का विपक्ष का नेता हूं.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

अरबिंद कुमार मिश्रा वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में एक अनुभवी पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं. अप्रैल 2011 से संस्थान का हिस्सा रहे अरबिंद के पास पत्रकारिता के क्षेत्र में बतौर रिपोर्टर और डेस्क एडिटर 15 वर्षों से अधिक का अनुभव है. वर्तमान में वह नेशनल और इंटरनेशनल डेस्क की जिम्मेदारी संभालने के साथ-साथ एक पूरी शिफ्ट का नेतृत्व (Shift Lead) भी कर रहे हैं. विशेषज्ञता और अनुभव अरबिंद की लेखनी में खबरों की गहराई और स्पष्टता है. उनकी मुख्य विशेषज्ञता इन क्षेत्रों में है. राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय मामले: वैश्विक राजनीति और देश की बड़ी घटनाओं पर पैनी नजर. खेल पत्रकारिता: झारखंड में आयोजित 34वें नेशनल गेम्स से लेकर JSCA स्टेडियम में हुए कई अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैचों की ग्राउंड रिपोर्टिंग का अनुभव. झारखंड की संस्कृति: राज्य की कला, संस्कृति और जनजातीय समुदायों की समस्याओं और उनकी जीवनशैली पर विशेष स्टोरीज. पंचायतनामा: ग्रामीण विकास और जमीनी मुद्दों पर 'पंचायतनामा' के लिए विशेष ग्राउंड रिपोर्टिंग. करियर का सफर प्रभात खबर डिजिटल से अपने करियर की शुरुआत करने वाले अरबिंद ने पत्रकारिता के हर आयाम को बखूबी जिया है. डिजिटल मीडिया की बारीकियों को समझने से पहले उन्होंने आकाशवाणी (All India Radio) और दूरदर्शन जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में एंकरिंग के जरिए अपनी आवाज और व्यक्तित्व की छाप छोड़ी है. शिक्षा और योग्यता UGC NET: अरबिंद मिश्रा ने यूजीसी नेट (UGC NET) उत्तीर्ण की है. मास्टर्स (MA): रांची यूनिवर्सिटी के जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग से एमए की डिग्री. ग्रेजुएशन: रांची यूनिवर्सिटी से ही मास कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म में स्नातक.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >