Mallikarjun Kharge: '2.5 करोड़ MSME हो गए बंद', मल्लिकार्जुन खरगे ने मोदी सरकार पर बोला हमला, पूछे कई सवाल

Mallikarjun Kharge: कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार पर जमकर निशाना साधा. उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र में मोदी सरकार आने के बाद 2.5 करोड़ MSME बंद हो गए. जबकि यूपीए की सरकार में 1.3 करोड़ की बढ़ोतरी हुई थी.

मल्लिकार्जुन खरगे ने केंद्र सरकार पर हमला करते हुए एक्स पर पोस्ट डाला और लिखा, पीएम मोदी के दावे के विपरीत, बीजेपी के लिए एमएसएमई का मतलब ‘सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यमों को न्यूनतम समर्थन’ है. खरगे ने आगे लिखा, मोदी सरकार के 10 वर्षों के दौरान 2.5 करोड़ एमएसएमई बंद हो गए, जबकि कांग्रेस-यूपीए के तहत 1.3 करोड़ एमएसएमई की वृद्धि हुई. कांग्रेस अध्यक्ष ने पूछा, क्या यह मोदी सरकार द्वारा नोटबंदी, त्रुटिपूर्ण जीएसटी और गलत सोच वाले लॉकडाउन के माध्यम से अर्थव्यवस्था पर बार-बार किए गए हमलों के कारण नहीं है? पिछले 10 वर्षों में एमएसएमई में कार्यरत व्यक्तियों की कुल संख्या अपरिवर्तित क्यों रही?

Mallikarjun Kharge: खरगे ने मोदी सरकार पर लगाया गंभीर आरोप

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए दावा किया कि 2013-14 (कांग्रेस-यूपीए) में 11.14 करोड़ लोगों को एमएसएमई में रोजगार मिला. जबकि 2022-23 (मोदी सरकार) में 11.1 करोड़ लोगों को रोजगार मिला. खरगे ने आगे पूछा, 12 मई, 2020 को पीएम मोदी ने एमएसएमई के लिए 20 लाख करोड़ रुपये के विशेष आर्थिक पैकेज की घोषणा की. उस पैकेज का क्या हुआ?

खरगे का दावा, मोदी सरकार अधिक पूंजी वाली कंपनियों को बढ़ावा दे रही

मल्लिकार्जुन खरगे ने दावा किया कि केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार अधिक पूंजी वाली कंपनियों को केवल बढ़ावा दे रही है. जबकि एमएसएमई को नुकसान पहुंचाने में लगी है. उन्होंने आगे कहा, मोदी सरकार एमएसएमई क्षेत्र में काम करने वाले करोड़ों लोगों के सपनों और आकांक्षाओं को नष्ट करने के लिए जिम्मेदार है.

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लेखक के बारे में

अरबिंद कुमार मिश्रा वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में एक अनुभवी पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं. अप्रैल 2011 से संस्थान का हिस्सा रहे अरबिंद के पास पत्रकारिता के क्षेत्र में बतौर रिपोर्टर और डेस्क एडिटर 15 वर्षों से अधिक का अनुभव है. वर्तमान में वह नेशनल और इंटरनेशनल डेस्क की जिम्मेदारी संभालने के साथ-साथ एक पूरी शिफ्ट का नेतृत्व (Shift Lead) भी कर रहे हैं. विशेषज्ञता और अनुभव अरबिंद की लेखनी में खबरों की गहराई और स्पष्टता है. उनकी मुख्य विशेषज्ञता इन क्षेत्रों में है. राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय मामले: वैश्विक राजनीति और देश की बड़ी घटनाओं पर पैनी नजर. खेल पत्रकारिता: झारखंड में आयोजित 34वें नेशनल गेम्स से लेकर JSCA स्टेडियम में हुए कई अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैचों की ग्राउंड रिपोर्टिंग का अनुभव. झारखंड की संस्कृति: राज्य की कला, संस्कृति और जनजातीय समुदायों की समस्याओं और उनकी जीवनशैली पर विशेष स्टोरीज. पंचायतनामा: ग्रामीण विकास और जमीनी मुद्दों पर 'पंचायतनामा' के लिए विशेष ग्राउंड रिपोर्टिंग. करियर का सफर प्रभात खबर डिजिटल से अपने करियर की शुरुआत करने वाले अरबिंद ने पत्रकारिता के हर आयाम को बखूबी जिया है. डिजिटल मीडिया की बारीकियों को समझने से पहले उन्होंने आकाशवाणी (All India Radio) और दूरदर्शन जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में एंकरिंग के जरिए अपनी आवाज और व्यक्तित्व की छाप छोड़ी है. शिक्षा और योग्यता UGC NET: अरबिंद मिश्रा ने यूजीसी नेट (UGC NET) उत्तीर्ण की है. मास्टर्स (MA): रांची यूनिवर्सिटी के जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग से एमए की डिग्री. ग्रेजुएशन: रांची यूनिवर्सिटी से ही मास कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म में स्नातक.

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