Karnataka Hijab Row: केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने शनिवार को हिजाब विवाद को एक ‘साजिश’ करार दिया. उन्होंने कहा कि यह पसंद का मामला नहीं है, बल्कि सवाल है कि क्या कोई व्यक्ति किसी संस्थान के नियमों, ड्रेस कोड का पालन करेगा या नहीं.
हिजाब मामले को विवाद न कहें, यह साजिश है
कर्नाटक में हिजाब के मुद्दे पर छिड़े विवाद के संबंध में प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने नयी दिल्ली में संवाददाताओं से कहा कि ‘कृपया इसे विवाद के रूप में न लें. यह एक साजिश है.’ महामहिम आरिफ मोहम्मद खान ने कहा, ‘मुस्लिम लड़कियां हर जगह ‘बहुत अच्छा’ कर रही हैं. इसलिए उन्हें प्रोत्साहन की जरूरत है. उन्हें नीचे धकेलने की जरूरत नहीं है.’
सवाल पसंद का नहीं, अनुशासन का है
केरल के राज्यपाल एएम खान ने कहा, ‘यह (हिजाब पहनना) पसंद का सवाल नहीं है. सवाल यह है कि अगर आप किसी संस्थान में शामिल हो रहे हैं, तो क्या आप नियमों, अनुशासन और ड्रेस कोड का पालन करेंगे या नहीं.’ केरल के राज्यपाल ने एक दिन पहले कहा था कि अगर इस्लाम के इतिहास पर गौर किया जाये, तो महिलाओं के पर्दा करने से इंकार करने के उदाहरण रहे हैं.
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खान ने युवा महिला की कहानी सुनायी
हालांकि, उन्होंने खुलकर अपनी राय जाहिर नहीं की, लेकिन अपनी बात रखने के लिए एक युवा महिला की कहानी सुनायी, जो पैगंबर की रिश्तेदार बतायी जाती है. एएम खान ने पत्रकारों से कहा, ‘मैं आपको एक बात बताऊंगा. एक युवा लड़की, जो पैगंबर के घर में पली-बढ़ी थी. वह पैगंबर की पत्नी की रिश्तेदार थीं. वह काफी सुंदर थी. इतिहास यही कहता है. इसे पढ़िए.’
मैं चाहती हूं कि लोग मेरी सुंदरता देखें
कहानी के हवाले से उन्होंने कहा कि मध्यकाल में जब उस महिला का पति कूफा का गवर्नर था, तो उसे हिजाब न पहनने के लिए फटकार लगायी गयी थी. उसने तब कहा था कि अल्लाह ने उसे खूबसूरत बनाया और अल्लाह ने उस पर खूबसूरती की मुहर लगा दी थी. आरिफ मोहम्मद खान ने कहा, ‘उसने कहा कि मैं चाहती हूं कि लोग मेरी सुंदरता देखें और मेरी सुदंरता में अल्लाह का रहम देखें. और अल्लाह का शुक्रगुजार रहे. इस्लाम की पहली पीढ़ी की महिलाओं की यह सोच थी. मैं यही कहना चाहता हूं.’
सिखों की पगड़ी की तरह इस्लाम में हिजाब जरूरी नहीं
आरिफ मोहम्मद खान नेकहा कि सिखों में पगड़ी रखना अनिवार्य है, लेकिन इस्लाम में हिजाब रखना जरूरी नहीं है. उन्होंने मुस्लिम छात्राओं से अपील की कि वे क्लासरूम में लौटें. पिछले दिनों कर्नाटक के उडुपी में सरकारी महाविद्यालय में हिजाब पहनकर आयी छात्राओं को कक्षाओं में प्रवेश नहीं देने से विवाद शुरू हुआ था. बाद में यह विवाद और गंभीर हो गया और कुछ हिंदू छात्र भगवा गमछा लेकर आने लगे.
Posted By: Mithilesh Jha
