Indian Railway: रेलवे के खजाने में 452 करोड़ का इजाफा, स्वच्छता अभियान में भी मिसाल, एक महीने में ढाई लाख शिकायतें का निपटारा

Indian Railway: रेलवे बोर्ड ने बताया कि भारतीय रेलवे ने विशेष अभियान 4.0 के तहत 56 हजार से ज्यादा स्वच्छता कार्यक्रम चलाए. अभियान में 2.5 लाख सार्वजनिक शिकायतों का समाधान किया गया. साथ ही रेलवे ने  452 करोड़ रुपये से ज्यादा धन अर्जित किए.

Indian Railway: रेलवे के रेवेन्यू में करोड़ों रुपये का इजाफा हुआ है. वहीं भारतीय रेलवे में महज एक महीने में ढाई लाख शिकायतों का निपटारा किया है. रेलवे बोर्ड ने शुक्रवार को इसकी जानकारी दी. रेलवे ने कहा है कि एक महीने तक चले अभियान में 2.5 लाख सार्वजनिक शिकायतों का समाधान किया गया. रेलवे बोर्ड की ओर से बयान जारी कर बताया गया कि रेल मंत्रालय ने गांधी जयंती के मौके पर शुरू किए गए विशेष अभियान 4.0 को सफलतापूर्वक पूरा कर लिया है.

रेलवे ने चलाए 56 हजार से ज्यादा स्वच्छता कार्यक्रम

रेलवे बोर्ड ने कहा कि हाल ही में खत्म हुए विशेष अभियान 4.0 के तहत कुल 56,168 स्वच्छता कार्यक्रम चलाए गए. इसके तहत कार्यस्थल की स्वच्छता और रेलवे स्टेशनों की सफाई पर ध्यान केंद्रित किया गया. संगठनात्मक दक्षता में सुधार की गई. साथ ही भारतीय रेलवे में कर्मचारियों और जनता को सार्थक तरीकों से जोड़ने की दिशा में प्रयास किया गया.

रेलवे ने कबाड़ बेचकर कमाए 452 करोड़ रुपये

रेलवे बोर्ड ने बताया कि कार्यक्रम के तहत कबाड़ को हटाकर रेलवे ने 12.15 लाख वर्ग फुट जगह साफ कराई. वहीं इन रेलवे कबाड़ को बेचकर 452.40 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त किया गया. अभियान के दौरान रेलवे ने संसद सदस्यों के एक हजार से ज्यादा संदर्भों का समाधान किया. 138 राज्य सरकार के संदर्भों को संबोधित किया. वहीं 69 पीएमओ संदर्भों में से 65 को मंजूरी दी.

रेल चौपाल का आयोजन

रेलवे बोर्ड ने कहा कि इंडियन रेलवे की ओर से रेल चौपाल का भी आयोजन किया गया. इससे सामुदायिक जुड़ाव में काफी मदद मिली.  दिल्ली, जयपुर, चेन्नई, नागपुर, कोटा, जोधपुर, लखनऊ, पुणे, भोपाल, कोलकाता जैसे प्रमुख रेलवे स्टेशनों पर विशेष रेल चौपाल का आयोजन किया गया था. भाषा इनपुट के साथ

Also Read: CBI Raid: रिश्वत लेते DUSIB अधिकारी को सीबीआई ने किया गिरफ्तार, Raid में मिला इतना पैसा कि बन गया नोटों का पहाड़

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: Pritish Sahay

प्रीतीश सहाय, इन्हें इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया इंडस्ट्री में 12 वर्षों से अधिक का अनुभव है. ये वर्तमान में प्रभात खबर डॉट कॉम के साथ डिजिटल कंटेंट प्रोड्यूसर के रूप में कार्यरत हैं. मीडिया जगत में अपने अनुभव के दौरान उन्होंने कई महत्वपूर्ण विषयों पर काम किया है और डिजिटल पत्रकारिता की बदलती दुनिया के साथ खुद को लगातार अपडेट रखा है. इनकी शिक्षा-दीक्षा झारखंड की राजधानी रांची में हुई है. संत जेवियर कॉलेज से ग्रेजुएट होने के बाद रांची यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता की डिग्री हासिल की. इसके बाद लगातार मीडिया संस्थान से जुड़े रहे हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत जी न्यूज से की थी. इसके बाद आजाद न्यूज, ईटीवी बिहार-झारखंड और न्यूज 11 में काम किया. साल 2018 से प्रभात खबर के साथ जुड़कर काम कर रहे हैं. प्रीतीश सहाय की रुचि मुख्य रूप से राजनीतिक खबरों, नेशनल और इंटरनेशनल इश्यू, स्पेस, साइंस और मौसम जैसे विषयों में रही है. समसामयिक घटनाओं को समझकर उसे सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाने की इनकी हमेशा कोशिश रहती है. वे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय राजनीति से जुड़े मुद्दों पर लगातार लेखन करते रहे हैं. इसके साथ ही विज्ञान और अंतरिक्ष से जुड़े विषयों पर भी लिखते हैं. डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में काम करते हुए उन्होंने कंटेंट प्लानिंग, न्यूज प्रोडक्शन, ट्रेंडिंग टॉपिक्स जैसे कई क्षेत्रों में काम किया है. तेजी से बदलते डिजिटल दौर में खबरों को सटीक, विश्वसनीय और आकर्षक तरीके से प्रस्तुत करना पत्रकारों के लिए चुनौती भी है और पेशा भी, इनकी कोशिश इन दोनों में तालमेल बनाते हुए बेहतर और सही आलेख प्रस्तुत करना है. वे सोशल मीडिया और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म की जरूरतों को समझते हुए कंटेंट तैयार करते हैं, जिससे पाठकों तक खबरें प्रभावी ढंग से पहुंच सकें. इंटरनेशनल विषयों में रुचि होने कारण देशों के आपसी संबंध, वार अफेयर जैसे मुद्दों पर लिखना पसंद है. इनकी लेखन शैली तथ्यों पर आधारित होने के साथ-साथ पाठकों को विषय की गहराई तक ले जाने का प्रयास करती है. वे हमेशा ऐसी खबरों और विषयों को प्राथमिकता देते हैं जो राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय लिहाज से महत्वपूर्ण हों. रूस यूक्रेन युद्ध, मिडिल ईस्ट संकट जैसे विषयों से लेकर देश की राजनीतिक हालात और चुनाव के दौरान अलग-अलग तरह से खबरों को पेश करते आए हैं.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >