Parliament Security Breach: दिल्ली पुलिस कैसे पहुंची मास्टर माइंड ललित झा तक? जानें यहां

Parliament Security Breach: संसद की सुरक्षा चूक घटना के तुरंत बाद, ललित झा ने नीलम और अमोल का संसद भवन के बाहर नारे लगाते और पीला धुआं छोड़ते हुए एक वीडियो रिकॉर्ड किया. इस वीडियो को उसने नीलाक्ष ऐश को सेंड कर दिया. जानें संसद में हुई चूक की खास बातें

Parliament Security Breach: संसद की सुरक्षा में चूक मामले को लेकर दिल्ली पुलिस मास्टरमाइंड की तलाश लगातार कर रही थी जिसमें उसे गुरुवार शाम सफलता मिली. संसद सुरक्षा उल्लंघन साजिश मामले के मास्टरमाइंड ललित मोहन झा को दिल्ली पुलिस ने गुरुवार शाम को कर्तव्य पथ पुलिस स्टेशन के सामने कथित तौर पर आत्मसमर्पण करने के बाद गिरफ्तार कर लिया. दिल्ली पुलिस की ओर से जो जानकारी दी गई है उसके अनुसार, घटना का वीडियो बनाने के बाद ललित झा मौके से फरार हो गया था. आपको बता दें कि सागर शर्मा (26) और मनोरंजन डी (34) बुधवार दोपहर को शून्यकाल के दौरान सार्वजनिक गैलरी से लोकसभा कक्ष में कूद गए जिसके बाद वहां अफरा तफरी मच गई. उन्होंने रंगीन धुआं छोड़ा, इसके बाद कुछ सांसदों द्वारा दोनों को काबू में लिया गया. लगभग उसी समय, अमोल शिंदे (25) और नीलम देवी (37) ने संसद परिसर के बाहर रंगीन धुआं उड़ाया. इस बीच आइए जानते हैं कौन है ललित झा और पुलिस कैसे पहुंची इस मास्टर माइंड के पास…

-ललित मोहन झा बुधवार को संसद सुरक्षा उल्लंघन की घटना का मुख्य आरोपी यानी मास्टर माइंड है. 2001 के संसद हमले की 22वीं बरसी पर उसने ऐसा कृत्य किया जिसकी चर्चा पूरे देश में हो रही है.

-दिल्ली पुलिस ने प्रारंभिक जांच के आधार पर कहा कि ललित मोहन झा बस से राजस्थान के नागौर पहुंचे. वहां वह अपने दो दोस्तों से मिले और एक होटल में रात बिताई, लेकिन जल्द ही उसको एहसास हुआ कि पुलिस उसकी तलाश कर रही है, और उसने बस से दिल्ली वापस आने का फैसला किया.

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-दिल्ली पुलिस ने गुरुवार को बड़े पैमाने पर छापेमारी की जिसके बाद ललित झा को गिरफ्तार कर लिया. अंग्रेजी वेबसाइट हिंदुस्तान टाइम्स ने जो खबर दी है उसके अनुसार, ललित झा खुद पुलिस स्टेशन पहुंचे जिसके बाद पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया और पूछताछ शुरू की.

-दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल ने नीलाक्ष ऐश से संपर्क किया जो एनजीओ के संस्थापक हैं. झा के बारे में अधिक जानकारी प्राप्त करने की दिशा में पुलिस आगे बढ़ती गई. यह कोलकाता स्थित एनजीओ का हिस्सा बताया जाता है.

-मीडिया रिपोर्ट में यह भी दावा किया गया है कि कोलकाता के रहने वाले झा पेशे से शिक्षक हैं.

-पुलिस ने कहा कि संसद की सुरक्षा चूक घटना के तुरंत बाद, ललित झा ने नीलम और अमोल का संसद भवन के बाहर नारे लगाते और पीला धुआं छोड़ते हुए एक वीडियो रिकॉर्ड किया. इस वीडियो को उसने नीलाक्ष ऐश को सेंड कर दिया.

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-दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल की कई टीमें ललित झा को पकड़ने का प्रयास कर रहीं थीं. ऐसा इसलिए क्योंकि अधिकारियों का मानना था कि वह प्रमुख साजिशकर्ताओं में से एक हो सकता है. दिल्ली पुलिस की एक टीम पहले से ही कोलकाता में थी.

-बुधवार को ललित झा चार अन्य लोगों के साथ संसद पहुंचे. जब उन्हें केवल दो पास मिले, तो उन्होंने चारों – सागर, मनोरंजन, नीलम और अमोल के मोबाइल फोन अपने साथ ले जाने का फैसला किया.

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Author: Amitabh Kumar

अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.

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