'कोई तो बचा लो'... मलबे के भीतर से आई दोस्तों को कॉल
इमारत गिरते ही अंदर फंसे छात्रों ने जान बचाने के लिए अपने दोस्तों को फोन मिलाए. मदद पहुंचने से पहले ही स्थानीय लोग और डीयू के पूर्व छात्र हाथ और हथौड़े लेकर मलबा हटाने कूद पड़े. उन्होंने अपनी जान जोखिम में डालकर पत्थरों के बीच से साथियों को निकालने की कोशिश की.
घटनास्थल पर पहुंचीं सीएम रेखा गुप्ता, दिए कड़े एक्शन के आदेश
सोमवार सुबह मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता रेस्क्यू ऑपरेशन का जायजा लेने खुद ग्राउंड जीरो पर पहुंचीं. उन्होंने पूरे मामले की मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दिए हैं और साफ कहा कि लापरवाही बरतने वाले एमसीडी अधिकारियों और पीजी मालिक के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई होगी.
पूरी रात चला रेस्क्यू, सर्चलाइट्स के सहारे काटी गई रात
राहत और बचाव काम रातभर थमा नहीं. सर्चलाइट्स की रोशनी में ड्रिलिंग मशीनें और कटर मलबे को चीरते रहे. जवानों की प्राथमिकता बेसमेंट तक पहुंचने की थी, जहां बेसमेंट में पानी भरने और मरम्मत कार्य की वजह से यह बड़ा हादसा हुआ. बचाव कार्य में ब्लिंकिट के एंबुलेंस भी देखे गए.
