cyber crime: दूरसंचार विभाग, गृह मंत्रालय और राज्य पुलिस साइबर शाखा न साइबर ठगी रोकने के लिए मिलाया हाथ

देश में बढ़ते साइबर ठगी को रोकने के लिए दूरसंचार विभाग, गृह मंत्रालय और राज्य पुलिस की साइबर अपराध शाखा मिलकर काम करेंगे. दूरसंचार विभाग ने साइबर अपराध में प्रयोग किए गये 28200 मोबाइल हैंडसेट को ब्लॉक करने का आदेश दिया है. फोन से साइबर ठगी रोकने के लिए कुछ महीने पहले चक्षु पोर्टल हुआ है […]

देश में बढ़ते साइबर ठगी को रोकने के लिए दूरसंचार विभाग, गृह मंत्रालय और राज्य पुलिस की साइबर अपराध शाखा मिलकर काम करेंगे. दूरसंचार विभाग ने साइबर अपराध में प्रयोग किए गये 28200 मोबाइल हैंडसेट को ब्लॉक करने का आदेश दिया है.


फोन से साइबर ठगी रोकने के लिए कुछ महीने पहले चक्षु पोर्टल हुआ है शुरू

जांच में पता चला कि इन हैंडसेट में 20 लाख नंबरों का उपयोग किया गया है. विभाग ने मोबाइल हैंडसेटों से जुड़े 20 लाख मोबाइल कनेक्शनों पुन: सत्यापन कर इसे तत्काल प्रभाव से बंद करने का आदेश दिया है. साइबर अपराध से जुड़ी शिकायत करने के लिए दूरसंचार विभाग ने चक्षु पोर्टल शुरू किया है. पोर्टल लांच के बाद दूरसंचार विभाग भ्रामक एसएमएस भेजने के मामले में 52 संस्थाओं को ब्लैक लिस्ट की सूची में डाल चुका है. साथ ही 352 मोबाइल हैंडसेट काे ब्लॉक करने के साथ 10 हजार से अधिक नंबरों के सत्यापन करने का आदेश दिया है. इस साल 30 अप्रैल तक दूरसंचार विभाग 1.66 करोड़ मोबाइल कनेक्शन को बंद कर चुका है, जिसमें 30.14 लाख कनेक्शन उपभोक्ताओं के फीडबैक और 53.78 लाख कनेक्शन व्यक्ति के नये सिम खरीदने की सीमा से अधिक होने के कारण बंद किया गया है.


देश में तेजी से बढ़ रहे हैं साइबर अपराध के मामले

देश में समय के साथ साइबर अपराध की घटनाओं में तेजी से वृद्धि हो रही है. एक अनुमान के मुताबिक देश में हर साल लगभग 11 लाख साइबर अपराध के शिकार हो रहे हैं. साइबर अपराध के मामले में दुनिया में भारत का 10वां स्थान है. नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो के आंकड़ों के अनुसार भी साल दर साल साइबर अपराध के मामले में इजाफा हो रहा है. डिजिटल लेनदेन के बढ़ते मामले को देखते हुए साइबर ठगी तेजी से बढ़ी है. 

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Published by: Vinay tiwari

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