Coronavirus updates: कोरोना वायरस को रोकने के लिए सरकार अलर्ट मोड में, संसद में बोले मनसुख मांडविया

मनसुख मांडविया ने लोकसभा में आज कहा कि कोरोना वायरस जिस तरह लगातार अपनी प्रकृति बदलता है और नये वैरिएंट से लोगों का सामना होता है, वह विश्व के लिए चिंता का कारण बना हुआ है.

Coronavirus outbreak updates: चीन में कोरोना वायरस के नये वैरिएंट के कहर बरपाने के बाद देश में भी सरकार अलर्ट मोड में आ गयी है. आज केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मांडविया ने संसद के दोनों सदनों में बयान दिया और सदन को आश्वस्त कराया कि सरकार इस वायरस के संक्रमण को रोकने के लिए हर जरूरी कदम उठा रही है.

नये वैरिएंट से बढ़ा खतरा

मनसुख मांडविया ने लोकसभा में आज कहा कि कोरोना वायरस जिस तरह लगातार अपनी प्रकृति बदलता है और नये वैरिएंट से लोगों का सामना होता है, वह विश्व के लिए चिंता का कारण बना हुआ है. चीन में कोरोना के नये वैरिएंट ने जिस तरह स्वास्थ्य को लेकर चिंता बढ़ाई है, उसपर हमारी नजर बनी हुई है.


केंद्र सरकार तमाम जरूरी कदम उठा रही

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मांडविया ने लोकसभा में कहा कि कोरोना वायरस को लेकर विश्व में जो स्थिति है उसपर केंद्र सरकार लगातार नजर रख रही है. यह मामला सार्वजनिक स्वास्थ्य से जुड़ा है इसलिए इसे लेकर जो भी चुनौतियां सामने आयेंगी उनका मुकाबला करने के लिए केंद्र सरकार तमाम जरूरी कदम उठा रही है.

कोरोना गाइडलाइन का पालन जरूरी

स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि राज्यों को संक्रमण के सभी मामलों में जीनोम सीक्वेंसिंग की सलाह दी जा रही है और क्रिसमस और नये साल को देखते हुए कोरोना गाइडलाइन के पालन के लिए लोगों को जागरूक भी कर रही है. उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार अपनी ओर से प्रयास कर रही है, राज्यों को भी कोविड प्रोटोकाल के पालन के लिए जागरूकता बढ़ानी चाहिए.

हवाई अड्डों पर जांच शुरू

सरकार ने अभी अंतरराष्ट्रीय हवाई उड़ानों पर प्रतिबंध तो नहीं लगाया है, लेकिन विदेश से आने वाले यात्रियों की आरटी-पीसीआर जांच शुरू कर दी गयी है. सरकार स्थिति पर नजर रखे हुए है और जो जरूरी होगा उसके अनुसार निर्देश जारी किये जायेंगे.

भीड़भाड़ वाली जगहों पर मास्क जरूरी

गौरतलब है कि स्वास्थ्य मंत्री ने कल कोरोना वायरस की स्थिति पर नजर रखने के लिए एक उच्चस्तरीय बैठक बुलाई थी. इस बैठक के बाद उन्होंने ट्‌वीट किया था कि अभी कोरोना वायरस का खतरा टला नहीं है, इसलिए सतर्कता जरूरी है. उन्होंने अपील की कि भीड़भाड़ वाली जगहों पर मास्क लगायें और कोरोना प्रोटोकाॅल का पालन भी करें.

पीएम मोदी कर रहे उच्चस्तरीय बैठक

कोरोना वायरस की स्थिति पर नजर रखने के लिए प्रधानमंत्री आज उच्चस्तरीय बैठक भी करने वाले हैं, संभव है कि उस बैठक के बाद कुछ और आदेश जारी किये जायें. कयास लगाये जा रहे हैं कि चीन आने-जाने वाली उड़ानों पर प्रतिबंध लग सकता है.

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By Rajneesh anand

रजनीश आनंद प्रभात खबर में सीनियर चीफ कंटेंट राइटर के पद पर कार्यरत हैं और पत्रकारिता के क्षेत्र में 25 वर्षों से अधिक का अनुभव रखती हैं.फिलहाल वे प्रभात खबर के ओरिजिनल, नेशनल, इंटरनेशनल और खेल कैटेगरी के लिए राइटिंग का काम करती हैं. उनकी पहचान फैक्ट बेस्ट रिपोर्टिंग, रिसर्च बेस्ड स्टोरी और एक्सप्लेनर लेखन के लिए है.

राजनीति, सामाजिक सरोकार, ग्रामीण विकास, महिला मुद्दों, इतिहास, खेल, जनजातीय समाज और सार्वजनिक नीतियों से जुड़े विषयों पर उनकी विशेष रुचि रही है. वैसे मुद्दे जो समाज के हाशिये पर मौजूद समुदायों और आम लोगों के जीवन को प्रभावित करते हैं, लेकिन मुख्यधारा की बहस में अपेक्षाकृत कम जगह पाते हैं, ऐसे विषयों पर भी लेखन में रुचि रखती हैं.

रजनीश आनंद कई प्रतिष्ठित पत्रकारिता फेलोशिप से जुड़ी रही हैं. इन्क्लूसिव मीडिया–यूएनडीपी फेलोशिप के तहत उन्होंने झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम (चाईबासा) जिले में माहवारी स्वच्छता और किशोरियों एवं महिलाओं के स्वास्थ्य संबंधी चुनौतियों पर अध्ययन एवं रिपोर्टिंग की. झारखंड सरकार मीडिया फेलोशिप के दौरान महिला सशक्तिकरण, सरकारी योजनाओं के प्रभाव और सामाजिक बदलाव के विभिन्न आयामों पर काम किया. इसके अलावा सेव द चिल्ड्रन फेलोशिप के तहत बच्चों के अधिकार, शिक्षा, सुरक्षा और बाल कल्याण से जुड़े मुद्दों पर गहन रिपोर्टिंग की है.

आदिवासी समाज, विशेषकर मुंडा जनजाति के इतिहास, संस्कृति और समकालीन चुनौतियों पर उनका काम उल्लेखनीय माना जाता है. उन्होंने भूमि, पहचान, परंपरा, सामाजिक बदलाव और आदिवासी समुदायों के अधिकारों से जुड़े विषयों पर व्यापक फील्ड रिपोर्टिंग की है.हाल के वर्षों में उन्होंने झारखंड में ऊर्जा संक्रमण (Energy Transition) और जस्ट ट्रांजिशन की अवधारणा पर भी काम किया है. विशेष रूप से कोयला आधारित अर्थव्यवस्था वाले क्षेत्रों में रोजगार, आजीविका और सामाजिक प्रभावों से जुड़ी चुनौतियों पर उनकी रिपोर्टिंग ने महत्वपूर्ण सवाल उठाए हैं.

रजनीश आनंद झारखंड की राजधानी रांची में रहती हैं और इलाहाबाद विश्वविद्यालय से स्नातक हैं. उन्होंने वर्ष 2000 में पत्रकारिता की शुरुआत झारखंड जागरण दैनिक से की. इसके बाद प्रभात खबर, हिंदुस्तान, रांची एक्सप्रेस और दैनिक जागरण सहित कई प्रमुख समाचार संस्थानों के लिए रिपोर्टिंग और स्वतंत्र लेखन किया. प्रिंट मीडिया के दैनिक, साप्ताहिक, पाक्षिक और सांध्य प्रकाशनों में काम करने के साथ-साथ वे वर्ष 2012 से डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय हैं.

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