कोरोना के कारण कॉन्टैक्टलेस एटीएम लाने की तैयारी कर रहे बैंक, जानें कैसे निकलेंगे पैसे

अब जल्द ही एटीएम (ATM ) से पैसा (withdraw money from ATM) निकालने का एक अलग अनुभव मिलने वाला है. अब एटीएम मशीन (ATM machine) को बिना टच किये पैसे निकालने की तैयारी पर बैंक काम कर रहे हैं. दरअसल कोरोना वायरस (Coronavirus) से देश (India) को बचाने के लिए मोदी सरकार (Modi government) हर मुमकिन कोशिश कर रही हैं. ऐसे दौर में अब बैंक की सरकार कोरोना से लोगों को बचाने के लिए सरकार का साथ देने के लिए आगे आयें हैं. इसके तहत जल्द ही, देश के कई बड़े बैंक अब कॉन्टैक्टलैस (Contactless ATM) एटीएम मशीन लगाने की तैयारी में हैं.

अब जल्द ही एटीएम से पैसा निकालने का एक अलग अनुभव मिलने वाला है. अब एटीएम मशीन को बिना टच किये पैसे निकालने की तैयारी पर बैंक काम कर रहे हैं. दरअसल कोरोना वायरस से देश को बचाने के लिए मोदी सरकार हर मुमकिन कोशिश कर रही हैं. ऐसे दौर में अब बैंक की सरकार कोरोना से लोगों को बचाने के लिए सरकार का साथ देने के लिए आगे आयें हैं. इसके तहत जल्द ही, देश के कई बड़े बैंक अब कॉन्टैक्टलैस एटीएम मशीन लगाने की तैयारी में हैं.

एटीएम टेक्नोलॉजी पर काम करने वाली कंपनी एजीएस ट्रांजेक्ट टेक्नोलॉजीज ने इसका एक प्रोटोटाइप बनाया है. इसमें एटीएम के मॉनिटर की स्क्रीन पर मोबाइल से क्यूआर कोड स्कैन करना पड़ेगा, इसके बाद मशीन से पैसा निकालने के लिए बैंक के मोबाइल एप का इस्तेमाल किया जायेगा. परंपरागत रूप से एटीएम मशीन अकाउंटहोल्डर्स की पहचान के लिए मैग्नेटिक स्ट्राइप कार्ड और सत्यापन के लिए पिन का इस्तेमाल करती है. लेकिन कॉन्टेक्टलेस एटीएम का इस्तेमाल करने के लिए कस्टमर को स्क्रीन पर क्यूआर कोड को स्कैन करने के लिए बैंक के स्मार्टफोन एप का इस्तेमाल करना होगा. इसके बाद वह अपने मोबाइल पर ही निकालने की रकम और एटीएम पिन डालेगा. और मशीन को टच किए बिना ही कैश 25 सेंकेड में मशीन से बाहर आ जायेगा. यह प्रक्रिया भी काफी तेज है.

इस तरह से आपको एटीएम को छूने की जरूरत नहीं पड़ेगी. अगर ऐसा होता है, तो ये काफी राहत की खबर होगी. क्योंकि कई ऐसे मामले सामने आ चुके हैं जिनमें लोगों को एटीएम के बटन छूने से कोरोना हो गया है. जिसके कारण बैंक ये कदम उठाने जा रहा है. एजीएस ट्रांजेक्ट कंपनी देश में बैंकों के लिए 70 हजार एटीएम मैनेज करती है. कंपनी दो बैंकों के लिए कॉन्टेक्टलेस एटीएम सॉल्यूशन पर काम कर रही है. साथ ही उसकी चार अन्य बैंकों से भी इस बारे में बात चल रही है. कंपनी को इसके लिए सॉफ्टवेयर में बदलाव करना होगा, इसे करने में 8 हफ्ते का समय लग सकता है. एजीएस ट्रांजेक्ट के अधिकारी के मुताबिक एटीएम कार्ड की तुलना में क्यूआर कोड आधारित प्रोसेस से पैसा निकालना सुरक्षित है.

Posted By: Pawan Singh

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