उत्तराखंड : देहरादून में क्लोरीन गैस लीक, सांस लेने में लोगों को हो रही है दिक्कत

आम लोगों को प्रभावित क्षेत्र से दूर किया गया है. वहीं रिसाव वाले सिलेंडरों को गड्ढे में दबाने का काम जारी है. जानें देहरादून में क्लोरीन गैस लीक मामले का अपडेट

उत्तराखंड की राजधनी देहरादून से एक बड़ी खबर सामने आ रही है. न्यूज एजेंसी एएनआई के अनुसार, यहां के प्रेम नगर थाने के झांजरा क्षेत्र में खाली प्लॉट में रखे क्लोरीन सिलेंडर में लीकेज के कारण लोगों को सांस लेने में दिक्कत हो रही है. सूचना मिलने पर पुलिस, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और फायर टीम मौके पर पहुंची है. मामले की जांच जारी है. अब तक जो जानकारी सामने आई है उसके अनुसार, आम लोगों को प्रभावित क्षेत्र से दूर किया गया है. वहीं रिसाव वाले सिलेंडरों को गड्ढे में दबाने का काम जारी है.


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पुलिस ने यह जानकारी देते हुए बताया कि पास ही स्थित आवासीय परिसर से लोगों को समय रहते वहां से सुरक्षित स्थानों पर ले जाया गया जिससे किसी को कोई नुकसान नहीं हुआ. प्राप्त जानकारी के अनुसार, देहरादून जिला नियंत्रण कक्ष को झाझरा में खुले मैदान में क्लोरीन गैस के रिसाव की सूचना मिली. मौके पर जाकर पता चला कि क्लोरीन के छह बड़े सिलेंडरों में से दो में से गैस लीक हो रही है. घटना की सूचना मिलते ही एसडीआरएफ के कमान्डेंट और केमिकल, बायोलॉजिकल, रेडियोलॉजिकल एंड न्यूक्लियर (सीबीआरएन) के विशेषज्ञ आवश्यक उपकरणों के साथ मौके पर पहुंचे.

मौके पर पुलिस, राज्य आपदा प्रतिवादन बल (एसडीआरएफ) के अलावा अग्निशमन सेवा एवं राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) को भी बुलाया गया. क्लोरीन गैस के रिसाव के संपर्क में आने से चक्कर आना, चेहरे और आँखों में जलन, सांस लेने में परेशानी और उल्टी,सिरदर्द की परेशानी होती है. घटनास्थल से कुछ दिन ही दूर आवासीय परिसर होने के कारण पुलिस और राज्य आपदा प्रतिवादन बल (एसडीआरएफ) ने आसपास के क्षेत्र में स्थित घरों से लोगों को निकाल कर उन्हें सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया.

संयुक्त अभियान चलाकर गैस रिसाव को रोकने व सिलेंडरों को घटनास्थल से हटाने का प्रयास किया जा रहा है.

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Author: Amitabh Kumar

अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.

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