Amritpal Singh Updates : आखिर कहां है अमृतपाल सिंह ? आईएसआई भड़का रहा है खालिस्तान समर्थकों को

Amritpal Singh Updates : पाकिस्तानी गुप्तचर एजेंसी आईएसआई के बारे में जानकारी देते हुए अधिकारियों ने कहा कि कट्टरपंथी उपदेशक एवं खालिस्तान समर्थक अमृतपाल सिंह को आगे बढ़ाने में आईएसआई का हाथ है. अमृतपाल सिंह की तलाश तेज कर दी गयी है. जानें मामले में ताजा अपडेट

Amritpal Singh Updates : कट्टरपंथी उपदेशक अमृतपाल सिंह आखिर कहां है ? पुलिस उनकी तलाश में लगी हुई है. जम्मू-कश्मीर पुलिस ने भी पंजाब पुलिस को हरसंभव मदद करने का भरोसा दिया है. इस बीच जो खबर सामने आ रही है वो चौंकाने वाली है. दरअसल, पाकिस्तानी गुप्तचर एजेंसी आईएसआई अब मामले में लोगों को भड़काने की कोशिश कर रही है. एजेंसी विदेशों में रह रहे खालिस्तान समर्थकों को कट्टरपंथी उपदेशक अमृतपाल सिंह के समर्थन में लंदन, सैन फ्रांसिस्को और कैनबरा सहित विदेशों में प्रदर्शन आयोजित करने के लिए उकसा रही है. इधर अमृतपाल के चाचा हरजीत सिंह को लेकर पंजाब पुलिस की टीम डिब्रूगढ़ सेंट्रल जेल पहुंची है.

पाकिस्तानी गुप्तचर एजेंसी आईएसआई के बारे में जानकारी देते हुए अधिकारियों ने कहा कि कट्टरपंथी उपदेशक एवं खालिस्तान समर्थक अमृतपाल सिंह को आगे बढ़ाने में आईएसआई का हाथ है. विदेशों में विरोध प्रदर्शन अमृतपाल का समर्थन बनाने का आईएसआई का एक हताश प्रयास है, जो पिछले तीन दिनों से पंजाब पुलिस से छिपता फिर रहा है. यहां चर्चा कर दें कि खालिस्तान समर्थकों ने लंदन स्थित भारतीय उच्चायोग और सैन फ्रांसिस्को में भारतीय वाणिज्य दूतावास में तोड़फोड़ की जबकि ऑस्ट्रेलिया में छिटपुट विरोध प्रदर्शन देखने को मिला.

पांच लोगों के खिलाफ रासुका के तहत मामला दर्ज

इधर पंजाब पुलिस ने सोमवार को कट्टरपंथी उपदेशक अमृतपाल सिंह से जुड़े पांच लोगों के खिलाफ कठोर राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (रासुका) लागू करते हुए मामले में ‘‘आईएसआई पहलू’’ होने की आशंका व्यक्त की है. वहीं अमृतपाल के समूह ‘‘वारिस पंजाब दे’’ के खिलाफ जारी राज्यव्यापी कार्रवाई के बीच उसके चाचा हरजीत सिंह और वाहन चालक हरप्रीत सिंह ने रविवार मध्यरात्रि को पुलिस के समक्ष सरेंडर कर दिया है.

जम्मू-कश्मीर के डीजीपी दिलबाग सिंह ने क्या कहा

केंद्र शासित प्रदेश जम्मू कश्मीर के पुलिस प्रमुख दिलबाग सिंह ने कहा कि खालिस्तान समर्थक अमृतपाल सिंह के ‘वारिस पंजाब दे’ संगठन ने जम्मू-कश्मीर से कुछ हथियार खरीदे हैं और इस मामले में पंजाब पुलिस को हर तरह की मदद दी जाएगी. सिंह ने कहा कि जहां भी पंजाब पुलिस को हमारी जरूरत होगी, जम्मू-कश्मीर पुलिस उनकी हर संभव मदद करेगी. कुछ मामले ऐसे भी सामने आए हैं, जहां कुछ हथियार यहां से वहां के लोगों को भेजे गये. हमने ऐसे मामलों का संज्ञान लिया है.

भाषा इनपुट के साथ

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: Amitabh Kumar

अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >