राजस्थान में कन्हैया लाल हत्याकांड के बाद चल रहे माहौल के बीच अजमेर जिला पुलिस की ओर से संवेदनशील इलाकों में पैदल मार्च किया गया. पुलिस कप्तान चुनाराम जाट के अनुसार अजमेर की जनता से आपसी सौहार्द बनाने और त्योहारों के मद्देनजर शांति बनाए रखने की अपील की गई. इसके साथ ही पुलिस ने असामजिक तत्व को अवांछित गतिविधियां करने पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी. पैदल मार्च के दौरान सभी अधिकारी मौजूद रहे.
सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
सुरक्षा की चाक-चौबंद को लेकर एसपी चुनाराम ने कहा कि इलाके में ड्रोन से निगरानी रखी जा रही है. त्योहारों को लेकर पुलिस इलाकें की मॉनिटरिंग कर रही है. जिले में 2000 से अधिक पुलिस जवानों को तैनात किया गया है. सुरक्षा एजेंसी भी त्योहारों को लेकर अलर्ट है. उन्होंने कहा कि अजमेर धार्मिक स्थल है और यहां गंगा जमुना तहजीब को बनाए रखने की जरूरत है.
कन्हैया लाल की हत्या के बाद बिगड़े माहौल
उदयपुर में टेलर कन्हैयालाल कि हत्या के बाद राजस्थान समेत कई राज्यों में प्रदर्शन हुई. इस बीच अजमेर में भी हिंदु संगठनों द्वारा विरोध प्रदर्शन किया गया था. बीते रविवार को भी हिंदु संगठनों ने अजमेर में बाजार बंद करने का आह्वान किया था. साथ ही कन्हैयालाल के हत्यारों को फांसी देने की मांग की थी. इधर, दिल्ली में भी शनिवार को उदयपुर हत्याकांड के विरोध में प्रदर्शन किया गया है.
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जानें क्या है पूरा मामल
नूपुर शर्मा के समर्थन में पोस्ट करने पर टेलर कन्हैयालाल की 28 जून को हत्या कर दी गई थी. इसके बाद से राजस्थान में तनाव का माहौल है. बताते चले की पूरे मामले की जांच एनआईए कर रही है. इस मामले में दोनों आरोपियों मोहम्मद रियाज और मोहम्मद गौस के खिलाफ गैरकानूनी गतिविधियां (UAPA) के तहत मामला दर्ज किया गया है. हत्या के साथ साथ आतंकी और पाकिस्तान एंगल की जांच एनआईए कर रही है.
