नयी दिल्ली : देश की पहली कोराना संक्रमित केरल निवासी मेडिकल छात्रा एक बार फिर कोरोना पॉजिटिव हो गयी है. त्रिशूर के जिला चिकित्सा अधिकारी (डीएमओ) डॉ केजे रीना ने न्यूज एजेंसी पीटीआई को बताया कि ”वह कोरोना संक्रमित है. उसका आरटी-पीसीआर पॉजिटिव है. हालांकि, एंटीजन नेगेटिव है. वह स्पर्शोन्मुख है.”
जानकारी के मुताबिक, देश में कोरोना संक्रमण का पहला मामला केरल में ही आया था, जब चीन के वुहान में मेडिकल की पढ़ाई करनेवाली छात्रा की रिपोर्ट 30 जनवरी, 2020 को आयी थी. केरल के त्रिशूर स्थित गृहनगर आने पर 27 जनवरी को कोरेंटिन किया गया था. जांच में वह कोरोना संक्रमित पायी गयी थी.
उसके बाद उसे त्रिशूर स्थित मेडिकल कॉलेज में ही करीब 21 दिनों तक उपचार किया गया था. बाद में कोरोना की जांच की गयी. दो बार कोरोना जांच की रिपोर्ट नेगेटिव आने पर उसे 20 फरवरी को मेडिकल कॉलेज से छुट्टी दे दी गयी. उसके बाद से वह चीन के वुहान नहीं गयी और घर पर रह कर ही ऑनलाइन पढ़ाई कर रही थी.
स्वास्थ्य अधिकारियों के मुताबिक, करीब डेढ़ साल वह दिल्ली की यात्रा करना चाहती थी. दिल्ली की यात्रा से पूर्व उसकी कोरोना जांच की गयी. एंटीजन रिपोर्ट उसकी नेगेटिव रही. लेकिन, आरटी-पीसीआर जांच में वह कोरोना संक्रमित पायी गयी है. छात्रा के परिजनों के हवाले से कहा गया है कि उसने कोरोना वैक्सीन की पहली खुराक ली है. हालांकि, इसकी पुष्टि नहीं हो पायी है.
चिकित्सकों ने कहा है कि वह कम लक्षण वाला संक्रमण है, इसलिए चिंता की कोई बात नहीं है. उसे फिलहाल घर पर ही कोरेंटिन कर दिया गया है. वह पूरी तरह से ठीक बतायी जा रही है. मालूम हो कि इस मेडिकल छात्रा में किसी प्रकार का कोई लक्षण नहीं दिख रहा था. लेकिन, आरटी-पीसीआर जांच में वह कोरोना पॉजिटिव पायी गयी है.
