नयी दिल्ली: तर्कवादियों की हत्या और सांप्रदायिक घटनाओं के खिलाफ चल रहे प्रदर्शन को देश के मशहूर वैज्ञानिक पी. एम. भार्गव का समर्थन मिल गया है. भार्गव ने पद्म विभूषण लौटाने का एलान करके सबको चौंका दिया है. उन्होंने मीडिया से बात करते हुइए कहा कि भारत को पाकिस्तान बनाने की कोशिश की जा रही है. भार्गव ने कहा कि सरकार और आरएसएस हमें यह बताने में लगे हैं कि हमें क्या खाना चाहिए और क्या नहीं.
वैज्ञानिक भार्गव ने कहा कि कुछ लोग हमें वैसी चीजें करने को विवश कर रहे हैं जो हमें पसंद नहीं है. इसलिए इसका विरोध करते हुए मैंने अपना सम्मान लौटाने का फैसला लिया है. उन्होंने कहा कि मैं नहीं चाहता कि भारत के लोकतंत्र की जगह धार्मिक तानाशाही ले.
आपको बता दें कि आज अंग्रेज़ी अखबार टाइम्स ऑफ इंडिया ने इस संबंध में एक खबर छापी थी जिसमें उसने पहले ही खुलासा कर दिया था कि वैज्ञानिक पीएम भार्गव अपना पद्मश्री सम्मान लौटायेंगे. 1986 में पद्म श्री से सम्मानित भार्गव ने अखबार से बात करते हुए कहा था कि हमारी आज़ादी छीनी जा रही है और वैज्ञानिकता पर चोट की जा रही है. उन्होंने यह भी कहा कि देश के कई और युवा वैज्ञानिक मौजूदा हालात का विरोध करते हुए अपनी आवाज़ उठाएंगे.
इधर, पुरस्कार लौटाने वालों पर बड़ा हमला करते हुए वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कहा कि आज जो लोग पुरस्कार लौटा रहे हैं वो लोग तब कहां थे जब देश भ्रष्टाचार में लिप्त था. जेटली ने पुरस्कार लौटाने को राजनीति से जोड़ दिया है. पहले भी जेटली इसे दिखावटी बगावत बता चुके हैं.
