व्यापमं घोटाला: तीन दिन में चौथी मौत

भोपाल/नयी दिल्ली : व्यापमं घोटाले में मौत का सिलसिला जारी है. 72 घंटे में चौथी मौत की खबर है. ओरछा में तैनात पुलिस कॉस्टेबल रमाकांत पांडेय ने पंखे से लटकर कर खुदकुशी कर ली है. रमाकांत की लाश फंखे ले लटकता देख सब हैरान रह गये. रमाकांत की लाश को पुलिस ने पोस्टमार्टम के लिए […]

भोपाल/नयी दिल्ली : व्यापमं घोटाले में मौत का सिलसिला जारी है. 72 घंटे में चौथी मौत की खबर है. ओरछा में तैनात पुलिस कॉस्टेबल रमाकांत पांडेय ने पंखे से लटकर कर खुदकुशी कर ली है. रमाकांत की लाश फंखे ले लटकता देख सब हैरान रह गये. रमाकांत की लाश को पुलिस ने पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है. सूत्रों के अनुसार जनवरी में एसटीएफ ने रमाकांत से पूछताछ की थी. यह व्यापमं घोटाला में 46 वीं मौत है. एक के बाद एक लोगों के मरने की खबर से राज्य सरकार सवालों के घेरे में है.

हालांकि इस मामले में टीकमगढ़ पुलिस का कहना है कि इस मौत का संबंध व्यापमं घोटाले से नहीं है. हर मौत को इस तरह जोड़कर नहीं देखना चाहिए. हालांकि उनकी मौत किस वजह से हुई इसका खुलासा अबतक नहीं हो पाया है लेकिन टीकमगढ़ के एसपी ने बयान दिया कि कृप्या इसे व्यापमं घोटाले से जोड़कर नहीं देखे . कल मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भी अपील की थी हर मामले को व्यापमं घोटाले से जोड़कर ना देंखें

केंद्रीय मंत्री उमा भारती ने भी इस तरह लोगों की अचानक मौत पर चिंता जाहिर की. उन्होंने कहा, संभव है कि कोई लोगों को मार ना रहा हो और डर से उनकी जान चली जा रही है. जो लोग इसमें आरोपी बनाये गये हैं उन्हें डर लगता है कहीं उनकी इज्जत ना उछल जाये. लोग डर से आत्महत्या कर रहे हों या उनकी जान जा रही हो. मुझे भी डर लगता है कि पता नहीं कब अदालत के फैसले से पहले अखबार में कुछ आ जाये. मैं स्वयं इस मामले को लेकर भयभीत रहती हूं.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >