नयी दिल्ली : पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के लिए आज का दिन खास है. वाजपेयी के साथ-साथ बीएचयू के संसथापक मदन मोहन मालवीय को सर्वोच्च सम्मान ‘भारत रत्न से नवाजा जायेगा. राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने ट्वीट कर यह जानकारी दी है. दोनों को यह सर्वोच्च सम्मान वाजपेयी के जन्मदिन के दिन 25 दिसंबर को प्रदान किया जायेगा. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इन दोनों को भारत रत्न देने के फैसले पर खुशी जतायी है. उन्होंने ट्वीट पर खुशी जारी करते हुए संदेश लिखे.
सरकार की ओर से दोनों लोगों के नामों पर अंतिम मुहर के लिए राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के पास पत्र भेजा गया. जिसके ठीक बाद राष्ट्रपति ने ट्वीट कर दोनों के नामों पर अपनी सहमती जता दी है. उम्मीद है आज शाम तब इसकी अधिसूचना जारी कर दी जायेगी.लोकसभा चुनावों के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने बीएचयू की स्थापना करने वाले मालवीय को भारत रत्न देने का वादा किया था.
गौरतलब है कि अटल बिहारी वाजपेयी एनडीए के शासन काल में देश के प्रधानमंत्री थे. मई 1996 में पहली बार वाजपेयी 13 दिन के लिए पीएम बने थे फिर 1998 में 13 महीने के लिए पीएम बने. इसके बाद 1998 से 2004 तक पांच साल तक भारत के प्रधानमंत्री रहे. वाजपेयी के ही कार्यकाल में भारत ने परमाणु परीक्षण किया और देश को परमाणु शक्ति वाले देश के रूप में पहचान दिलायी.
अब तक कुल 43 लोगों को भारत रत्न से सम्मानित किया गया है. अगर मदन मोहन मालवीय और अटल बिहारी वाजपेयी को यह सम्मान प्राप्त होता है तो वे इस सम्मान को पाने वाले देश के 44वें और 45वें व्यक्ति होंगे. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कल वाराणसी में मदन मोहन मालवीय के जन्म दिवस पर आयोजित एक कार्यक्रम में भाग लेने जाने वाले हैं. ऐसा माना जा रहा है कि इसी दौरान भारत सरकार मालवीय को देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान भारत रत्न देने की भी घोषणा कर सकती है.
मदन मोहन मालवीय जी को मरणोपरांत देश का सर्वोच्च नागरिक सम्मान दिया जाना है. मालवीय ने की हिंदू महासभा की स्थापना थी. मदन मोहन मालवीय भारत के पहले और अन्तिम व्यक्ति थे जिन्हें महामना की सम्मानजनक उपाधि से विभूषित किया गया है.
उमर ने भी अटल बिहारी को भारत रत्न देने की मांग की थी
जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री (अभी प्रभार में) उमर अबदुल्लाह ने भी दिछले दिनों पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को भारत रत्न से नवाजे जाने की सिफारिश की थी. इससे कयास लगाये जा रहे थे कि चुनाव के नतीजे आने के कुछ दिनों पूर्व ही उमर अटल बिहारी के नाम पर भाजपा के साथ अपने संबंध जोड़ने की फिराक में हैं. इस पर उमर ने कहा था कि अटल बिहारी भारत रत्न जैसे सम्मान के हकदार है. यह उनकी निजी राय है. इसे राजनीति से प्रेरित नहीं माना जाना चाहिए.
