Pulwama Attack First Anniversary: पुलवामा शहीदों को सलाम, CRPF ने साथियों को किया याद, म्यूजिशियन ने दी अनोखी श्रद्धांजलि

Pulwama Terror Attack First Anniversary: एक साल पहले आज ही के दिन जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में आतंकवादियों ने सीआरपीएफ के काफिले पर हमला किया था. इस कायराना हरकत में 40 जवान शहीद हो गए थे. देश आज उन शहीद जवानों को सलाम कर रहा है, जिन्होंने हमले के आगे प्राणों को न्यौछावर करके शहादत और […]

Pulwama Terror Attack First Anniversary: एक साल पहले आज ही के दिन जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में आतंकवादियों ने सीआरपीएफ के काफिले पर हमला किया था. इस कायराना हरकत में 40 जवान शहीद हो गए थे. देश आज उन शहीद जवानों को सलाम कर रहा है, जिन्होंने हमले के आगे प्राणों को न्यौछावर करके शहादत और बलिदान की बेमिसाल नजीर पेश की. श्रीनगर के लेथपोरा कैंप में आज पुलवामा आतंकी हमले के शहीदों को श्रद्धांजलि दी गयी.

सीआरपीएफ के बड़े अफसर आज यहां पर पहुंच रहे हैं और शहीदों को याद कर रहे हैं. पुलवामा में भी वक्त शहीदों को सलामी दी गयी. यहां पर एक स्मारक का निर्माण किया गया है, जो शहीद जवानों के सम्मान में बनाया गया है. महाराष्ट्र के उमेश यादव ने यहां पर कलश सौंपा है, जिसमें सभी 40 जवानों के घर की मिट्टी है. अब इस कलश को इसी स्मारक में रखा जाएगा.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित कई मंत्री और नेताओं ने शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की है. आज सीआरपीएफ ने अपने वीर जवानों को याद करते हुए कहा कि हम न भूले हैं, न माफ करेंगे. शहीदों को नमन करते हुए लिखा कि ‘तुम्हारे शौर्य के गीत, कर्कश शोर में खोये नहीं. गर्व इतना था कि हम देर तक रोये नहीं. हम अपने उन भाइयों को सलाम करते हैं जिन्होंने पुलवामा में राष्ट्र की सेवा में अपने जीवन का बलिदान दिया.

महाराष्ट्र के म्यूजिशियन ने किया भावुक
लेथपोरा स्थित सीआरपीएफ कैंप में शहीदों के लिए आयोजित श्रद्धांजलि सभा में महाराष्ट्र के उमेश गोपीनाथ यादव विशेष अतिथि के रूप में शामिल हुए. उमेश गोपीनाथ जाधव पेशे से म्यूजिशियन और फार्माकॉलजिस्ट हैं. पिछले एक साल से शहीदों को अनोखे तरीके से श्रद्धासुमन अर्पित कर रहे हैं. इस दौरान वह शहीदों के घर गए और उनके गांव से मिट्टी इकट्ठा की.

उमेश ने कहा, ‘मुझे गर्व है कि मैं पुलवामा हमले में शहीद हुए जवानों के परिवारों से मिला और उनकी दुआएं लीं. मां-बाप ने अपने बेटे को खोया, पत्नियों ने अपने पतियों को, बच्चों ने अपने पिता को, दोस्तों ने अपने दोस्त को. मैंने उनके घर और श्मशान घाट जाकर मिट्टी इकट्ठा की.
जब उमेश ऐसा बोल रहे थे तो वहां मौजूद सभी लोग भावुक हो उठे. जाधव ने हमले में शहीदों के परिजनों से मिलने के लिए पूरे भारत में 61 हजार किमी की यात्रा की. पिछले हफ्ते ही उनकी यह यात्रा खत्म हुई जिसे वह ‘तीर्थ यात्रा’ मानते हैं

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >