अंधविश्वास : कर्नाटक में चार बच्चों की दिव्यांगता दूर करने के लिए उन्हें गले तक कीचड़ में गाड़ा

बेंगलुरु : कर्नाटक के कलबुर्गी जिले के एक गांव में बृहस्पतिवार को सूर्य ग्रहण के दिन चार बच्चों को उनकी विकलांगता दूर करने के लिए गले तक कीचड़ में गाड़ दिया गया. एक ओर जहां देश के अधिकतर हिस्से सूर्य ग्रहण के गवाह बने, वहीं दूसरी ओर सुल्तानपुर गांव में बच्चों के माता-पिता ने उनकी […]

बेंगलुरु : कर्नाटक के कलबुर्गी जिले के एक गांव में बृहस्पतिवार को सूर्य ग्रहण के दिन चार बच्चों को उनकी विकलांगता दूर करने के लिए गले तक कीचड़ में गाड़ दिया गया. एक ओर जहां देश के अधिकतर हिस्से सूर्य ग्रहण के गवाह बने, वहीं दूसरी ओर सुल्तानपुर गांव में बच्चों के माता-पिता ने उनकी दिव्यांगता को दूर करने के लिए उन्हें कीचड़ में गले तक जिंदा गाड़ दिया. कीचड़ में कथित रूप से गोबर मिला था.

अधिकारियों ने बताया कि पुलिस और जिला प्रशासन घटना की जानकारी मिलते ही घटनास्थल पर पहुंचे. उन्होंने कहा कि अधिकारियों ने कुछ स्थानीय लोगों के साथ बच्चों को बाहर निकाला. मामले की जांच चल रही है. एक बच्ची के पिता ने कहा, हम उसीका अनुसरण कर रहे थे जो हमारे बड़ों ने हमें बतायी. जब चिकित्सा उपचार से कोई फायदा नहीं हुआ तो हमने इसे आजमाने का फैसला किया. हमें नहीं पता कि इससे हमारा बच्चा ठीक होगा या नहीं. चिकित्सा उपचार से कोई मदद नहीं मिली तो हम इसे आजमाना चाहते थे.

एक अन्य बच्चे की मां ने कहा, हमने अस्पतालों में बहुत पैसे खर्च किये, अब हम इसे आजमाना चाहते थे क्योंकि माना जाता है कि ग्रहण के दौरान ऐसा करना कारगर साबित होता है, लिहाजा हमने ऐसा किया. जिले के कुछ अन्य हिस्सों से भी ऐसी ही घटनाओं की खबर मिली है, जिनमें विजयपुरा जिले का इंडी इलाका भी शामिल है. अधिकारियों ने कहा कि पहले भी सूर्य ग्रहण के दौरान इलाके से ऐसी ही घटनाओं की खबरें मिलती रही हैं. बहरहाल, पहले के मुकाबले अब इनकी तादाद कम हो गयी है.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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