नयी दिल्ली : तीन तलाक बिल को लेकर लोकसभा में गुरुवार को चर्चा जारी है. इस बिल को केंद्र सरकार ने तीसरी बार लोकसभा में पेश किया है, यहां से मंजूरी मिलने के बाद इसे राज्यसभा में भेजा जाएगा. इस बीच समाजवादी पार्टी के सांसद एसटी हसन सदन से मामले को लेकर विवादित बयान दे दिया है.
उन्होंने कहा कि बीवी को गोली मारने से बेहतर तीन तलाक देकर अलग हो जाना. किसी भी मजहब के निजी मामले से सरकार को दूर रहना चाहिए. उसमें किसी को दखल नहीं देना चाहिए. उन्होंने कहा कि इसे मात्र एक फिरका मानने का काम करता है. एक साथ तीन तलाक को सभी लोग माने ऐसा नहीं है… इसमें एक महीने का अंतराल रखा जाता है.
हसन ने आगे कहा कि कभी-कभी ऐसे हालात पैदा हो जाते हैं कि अलग होना ही मात्र रास्ता बच जाता है. तो तलाक दे देना उचित होता है. गोली मारने से अच्छा है कि तीन तलाक देकर महिला को अलग कर दिया जाए. उन्होंने कहा कि मात्र हजरत अबू हनीफा को मानने वाले फिरके के लोग ही एक साथ तीन तलाक लेने का काम करते हैं.
