मैथिली की कवयित्री स्वाति शाकंभरी को मिला 2018 का मैसाम युवा सम्मान

नयी दिल्ली: चालीस साल से कम उम्र के मैथिली साहित्यकारों के प्रोत्साहन के लिए हर साल दिया जाने वाला ‘मैसाम युवा सम्मान’ इस साल बिहार के समस्तीपुर जिले के खानपुर इलाके में रहने वाली स्वाति शाकंभरी को दिया गया. मैथिली साहित्य सम्मेलन द्वारा रविवार को यहां आयोजित ‘चतुर्थ विद्यापति स्मारक व्याख्यानमाला’ के दौरान स्वाति को […]

नयी दिल्ली: चालीस साल से कम उम्र के मैथिली साहित्यकारों के प्रोत्साहन के लिए हर साल दिया जाने वाला ‘मैसाम युवा सम्मान’ इस साल बिहार के समस्तीपुर जिले के खानपुर इलाके में रहने वाली स्वाति शाकंभरी को दिया गया.

मैथिली साहित्य सम्मेलन द्वारा रविवार को यहां आयोजित ‘चतुर्थ विद्यापति स्मारक व्याख्यानमाला’ के दौरान स्वाति को यह पुरस्कार दिया गया. स्वाति को यह सम्मान उनके मैथिली कविता संग्रह ‘पूर्वागमन’ के लिए दिया गया है.

उन्हें पुरस्कार स्वरूप 25,000 रुपये और प्रशस्ति पत्र प्रदान कियेगये. स्वाति इस समय मधेपुरा जिले के बीएन मंडल विश्वविद्यालय में एमए संस्कृत (अंतिम वर्ष) की छात्रा हैं.

उनकी पहली रचना ‘पूर्वागमन’ साहित्य अकादमी ने प्रकाशित की है. स्वाति को वर्ष 2017 में काका साहेब कालेलकर स्मृति युवा साहित्य सम्मान से भी सम्मानित किया जा चुका है.

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