इसुआपुर. रविवार की दोपहर स्थानीय थाना क्षेत्र के एसएच-90 पर पिपरहियां गांव के पास एक दर्दनाक सड़क हादसे में महिला की मौके पर ही मौत हो गयी. मृतका की पहचान पिपरहियां गांव निवासी योगेंद्र प्रसाद उर्फ गोविंद प्रसाद की पत्नी अलका देवी (32 वर्ष) के रूप में हुई है. प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, अलका देवी पिपरहियां बाजार से दवा खरीदकर घर लौट रही थीं, तभी मशरक से छपरा की ओर जा रही एक तेज रफ्तार ट्रक ने उन्हें कुचल दिया.
हादसे में उनकी घटनास्थल पर ही मौत हो गयी. घटना की खबर मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर जमा हो गये और आक्रोशित होकर सत्तरघाट-छपरा मुख्य सड़क एसएच-90 को जाम कर दिया. लोग मृतका के शव के साथ सड़क पर बैठ गये और डीएम व एसपी को बुलाने की मांग पर अड़ गये. इसुआपुर थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और लोगों को शांत करने का प्रयास किया. स्थिति को नियंत्रित करने में प्रखंड प्रमुख मितेंद्र प्रसाद यादव, स्थानीय मुखिया संजय रजक, पूर्व मुखिया नागेंद्र तिवारी, सामाजिक कार्यकर्ता सुनील सिंह, कांग्रेस प्रखंड अध्यक्ष लोकनाथ राम व अन्य लोगों ने सक्रिय भूमिका निभायी. करीब तीन घंटे की मशक्कत के बाद पुलिस और प्रशासन की पहल पर जाम हटाया जा सका और यातायात सामान्य हुआ.आर्थिक तंगी से जूझ रहा था परिवार
मृतका के पति योगेंद्र प्रसाद राजमिस्त्री का काम करते हैं, लेकिन कुछ दिन पहले काम के दौरान गिरने से उनका हाथ टूट गया, जिससे परिवार पहले से ही आर्थिक संकट से गुजर रहा था. ऐसे में अलका देवी की असमय मौत ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है. मृतका अपने पीछे सात वर्षीया पुत्री आदीति, पांच वर्षीय पुत्र रोहन और दो वर्षीय पुत्र रोहित को छोड़ गई हैं. परिजनों के अनुसार, अलका देवी आठ माह की गर्भवती भी थीं, जिससे हादसे की पीड़ा और भी ज्यादा गहरा गयी है. स्थानीय जनप्रतिनिधियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता और मुआवजा देने की मांग की है.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
