धनबाद रेलवे स्टेशन से लोकमान्य तिलक टर्मिनस साप्ताहिक एक्सप्रेस ट्रेन का शुभारंभ सांसद ढुल्लू महतो ने हरी झंडी दिखाकर किया। यह अवसर शहर और क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण था, लेकिन कार्यक्रम से पहले ही विवाद ने इसे सियासी रंग दे दिया।
दरअसल, उद्घाटन समारोह के लिए झरिया विधायक रागिनी सिंह और धनबाद के मेयर संजीव सिंह को विधिवत आमंत्रित किया गया था। इतना ही नहीं, कार्यक्रम के पोस्टर और बैनर में भी उनका नाम शामिल था।पोस्टर से नाम भी हटाया
लेकिन, कार्यक्रम शुरू होने से कुछ ही घंटे पहले अचानक उनका आमंत्रण रद्द कर दिया गया। पोस्टर से भी नाम हटा दिया गया। इतना ही नहीं, मेयर संजीव सिंह को पत्र भेजकर इसे “गलती से भेजा गया आमंत्रण ” बताया गया और कार्यक्रम में शामिल नहीं होने को कहा गया। इसी तरह की स्थिति झरिया विधायक रागिनी सिंह के साथ भी सामने आई।राजनीतिक हलकों में हलचल तेज
इस घटनाक्रम के बाद राजनीतिक हलकों में हलचल तेज हो गई है। सवाल उठ रहे हैं कि क्या भाजपा के अंदर गुटबाजी और आपसी खींचतान अब खुलकर सामने आ रही है?नगर निगम चुनाव के दौरान से सांसद ढुल्लू महतो और मेयर संजीव सिंह के बीच चली आ रही तल्खी को इस घटना से जोड़कर देखा जा रहा है।
इसमें हमारी कोई भूमिका नहीं : ढुलू महतो
इस मामले पर धनबाद के सांसद ढुल्लू महतो ने कहा- “आमंत्रण देना या रद्द करना रेलवे प्रशासन का अधिकार है, इसमें हमारी कोई भूमिका नहीं है, हमें इसकी जानकारी नहीं है। “
पार्टी में सब ठीक है : तारा देवी
वहीं, पार्टी की ओर से मामले को सामान्य बताने की कोशिश भी की जा रही है। भाजपा नेत्री तारा देवी ने कहा- “पार्टी में सब ठीक है, हम सभी एक परिवार की तरह हैं और हमारा लक्ष्य धनबाद का विकास करना है। “
खड़े हो रहे हैं कई सवाल
हालांकि, नई ट्रेन के शुभारंभ जैसे अहम मौके पर जनप्रतिनिधियों का इस तरह आमंत्रण रद्द होना कई सवाल खड़े करता है। अब देखना होगा कि यह विवाद आगे क्या राजनीतिक रूप लेता है और क्या भाजपा इस अंदरूनी असंतोष को संभाल पाती है या नहीं।
