मानव सभ्यता का प्रचीनतम धर्म है सरना

खूंटी. खूंटी जिला से सटे बंदगांव के लुंबई गांव स्थित मैदान में रविवार को सरना धर्म सभा का आयोजन किया गया. इस अवसर पर करमु हेंबरोम, बलराम हेंबरोम और बेला

खूंटी.

खूंटी जिला से सटे बंदगांव के लुंबई गांव स्थित मैदान में रविवार को सरना धर्म सभा का आयोजन किया गया. इस अवसर पर करमु हेंबरोम, बलराम हेंबरोम और बेला मुंडरी की अगुवाई में सरना स्थल में पूजा-पाठ कर भगवान सिंगबोंगा से खुशहाली की कामना की गयी. सभा को संबोधित करते हुए धर्म गुरु सोमा कंडीर ने कहा कि सरना प्रकृति पर आधारित मानव सभ्यता का प्रचीनतम धर्म है. यह सभी धर्मों का आधार और संरक्षण है. सरना धर्म की अपनी धार्मिक विधि-विधान, बहुमूल्य जीवन शैली, दर्शन तथा आदर्श है. जिसमें लाखों लोगों की धार्मिक आस्था व विश्वास जुड़ा है. धर्मगुरु बगराय मुंडा ने कहा कि आजाद भारत में भी सरना धर्म के खिलाफ वर्षों से साजिश की जा रही है. हमें सरना कोड के लिए डटकर संघर्ष करना होगा. मौके पर धर्मगुरु भैयाराम ओड़ेया, विष्णु मुंडरी, डॉ सीताराम मुंडा, बुधराम सिंह मुंडा, सुभासिनी पूर्ति, धीरजु मुंडा, सोमा मुंडा, सुखराम पूर्ति, मथुरा कंडीर, रमण टूटी, कानू मुंडरी सहित अन्य उपस्थित थे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat khabar news desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।
Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >