Bettiah : नरकटियागंज में एचएचटी मशीन लेकर गन्ने के खेत में उतरे चीनी मिल के अधिकारी

Bettiah : न्यू स्वदेशी सुगर मिल्स की ओर से खुंटी गन्ने के प्रबंधन पर जोर, सर्वे कार्य में जी जान से जुटे अधिकारी Bettiah : खुंटी गन्ने का 8132.77

Bettiah : न्यू स्वदेशी सुगर मिल्स की ओर से खुंटी गन्ने के प्रबंधन पर जोर, सर्वे कार्य में जी जान से जुटे अधिकारी Bettiah : खुंटी गन्ने का 8132.77 एकड़ और मोरहन गन्ना 9569.12 एकड़ का हुआ सर्वे Bettiah : नरकटियागंज . गन्ना पेराई सत्र 2025-26 के लिए न्यू स्वदेशी सुगर मिल्स की ओर से गन्ने की खेती का सर्वे कार्य शुरू कर दिया गया है. पहले की तरह अब लग्गी से नहीं बल्कि सर्वे के लिए एचएचटी (हैंड हेल्ड टर्मिनल) मशीन का उपयोग मिल प्रबंधन की ओर से किया जा रहा है. यहीं नहीं सर्वे कार्य सही तरीके से हो सके और किसानो को खुंटी और मोरहन गन्ना की आपूर्ति करने में कोई असुविधा नहीं हो, मिल के अधिकारी ऐरिया इंचार्ज और सर्वेयर के भरोसे नहीं हैं, खुद तपती धूप में शनिवार को चीनी मिल के उप कार्यपालक अध्यक्ष राजीव कुमार त्यागी अपने कर्मियो के साथ पचरूखिया पहुंचे और गन्ने की खेती की पैमाईश करायी. श्री त्यागी ने बताया कि सर्वे कार्य तेजी से चल रहा है. पचरूखिया में किसान मनोज कुमार कुशवाहा, सुरेन्द्र महतो, नरेश पासवान, बैद्यनाथ प्रसाद, जफीर आलम आदि किसानों के खेतो में लगे गन्ने का सर्वे किया गया है. उन्होंने बताया कि पहले लग्गी लाठी से गन्ने की खेती की पैमाईश की जाती थी, लेकिन अब जीपीएस सिस्टम से पैमाईश की जा रही है. इससे किसानो के गन्ने की खेती का सही रकबा पता चल सकेगा और उन्हे मिल की ओर से गन्ने की आपूर्ति और खेती को लेकर सहुलियत मिल सकेगी. वही किसान सुरेश महतो, नागेन्द्र महतो, हासिम मियां ने बताया कि मिल प्रबंधन की ओर से एचएचटी मशीन और खुद उपकार्यपालक अध्यक्ष की मौजूदगी में मापी कराये जाने से किसानो को गन्ने की खेती की सही जानकारी मिल सकेगी. साथ ही जीपीएच सिस्टम होने से गन्ने की आपूर्ति के समय किसी प्रकार की परेशानी नहीं होगी. किसानों ने बताया कि किसानो को बेहतर गन्ना प्रबंधन के बारे में भी बताया जा रहा है. मौके र एरिया इचार्ज योगेन्द्र सिंह मौजूद रहे. खुंटी गन्ने का 8132.77 एकड़ और मोरहन गन्ना 9569.12 एकड़ हुआ सर्वे गन्ना सर्वे को लेकर मिल प्रबंधन जी जान से जुटा है. खासकर खुंटी गन्ने के सर्वे में किसी प्रकार कोताही नही हो और जिन किसानो के खेतो में खुटी गन्ना है उसका बेहतर प्रबंधन हो सके. मिल के अधिकारियों की ओर से सर्वे के दौरान ही जानकारी दी जा रही है. उपकार्यपलक अध्यक्ष राजीव त्यागी ने बताया कि मोरहन के साथ साथ खुंटी गन्ने के बेहतर प्रबंधन के लिए कार्य किया जा रहा है. सर्वे कार्य जहां जीपीएस सिस्टम से किया जा रहा है तो वही किसानो को वैज्ञानिक विधि से गन्ने के प्रबंधन के बारे में जानकारी दी जा रही है. उन्होने बताया कि अभी तक खुंटी गन्ने का 8132.77 एकड़ और मोरहन गन्ना 9569.12 एकड़ सर्वे हुआ है. मिल के एरिया इंचार्ज और संबंधित एजेंसी को सर्वे कार्य में तेजी लाने का निर्देश दिया गया है. कोट.. किसानों को खेती में लागत का हिसाब रखने की अपील की गयी है. जब तक किसान हिसाब नहीं रखेंगे मुनाफा कमाने में परेशानी होगी. मिल प्रबंधन खुंटी गन्ने के बेहतरी के लिए कार्य कर रहा है. हमारे अधिकारी व कर्मी किसानों को जागरूक कर रहे हैं. मोरहन के साथ साथ खुंटी गन्ने से किसान अधिक मुनाफा कमा सकते हैं. भविष्य में किसी प्रकार की असुविधा नहीं हो, किसानों से सर्वे कार्य अपनी उपस्थिति में कराये जाने का अनुरोध किया गया है. रविन्द्र नाथ तिवारी, कार्यपालक अध्यक्ष

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Author: MADHUKAR MISHRA

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