वजन नॉर्मल है फिर भी हार्ट फेलियर का खतरा? नई रिसर्च ने बताया कमर की चर्बी का असली सच

वजन नॉर्मल होने पर भी क्यों है हार्ट फेलियर का खतरा? जानें मार्च 2026 की नई AHA रिसर्च, जो पेट की चर्बी और अंदरूनी सूजन को दिल का असली दुश्मन बताती है.

Belly Fat Heart Failure Risk 2026: क्या आपको लगता है कि अगर आपका वजन नॉर्मल है, तो आपका दिल पूरी तरह सुरक्षित है? अगर हां , तो आपको फिर से सोचने की जरूरत है. American Heart Association (AHA) कॉन्फ्रेंस में पेश एक अध्ययन के मुताबिक शरीर का कुल वजन ज्यादा होना उतना खतरनाक नहीं है, जितना कि पेट के आसपास जमा होने वाली जिद्दी चर्बी. रिसर्च के अनुसार, जिन लोगों की कमर का घेरा ज्यादा है, उन्हें हार्ट फेलियर का खतरा उन लोगों से कहीं अधिक है जिनका वजन तो ज्यादा है लेकिन पेट सपाट है. यानी अब फिट दिखने के लिए सिर्फ वजन कम करना काफी नहीं है, बल्कि कमर की चौड़ाई पर नजर रखना भी जरूरी है. आइए जानते हैं क्या है इस नई रिसर्च का असली सच और पेट की चर्बी हमारे दिल पर कैसे हमला करती है.

Belly Fat Heart Failure Risk 2026: इंची टेप बनाम वजन मशीन

इस स्टडी में करीब 2,000 लोगों के डेटा का 7 साल तक पीछा किया गया. मुख्य शोधकर्ता सु-हान चेन (Szu-Han Chen) के अनुसार, रिसर्च में पाया गया कि जिन लोगों की कमर का घेरा (Waist Size) ज्यादा था, उनमें हार्ट फेलियर का खतरा अधिक था. चौंकाने वाली बात यह है कि कई लोगों का BMI बिल्कुल नॉर्मल था, लेकिन सिर्फ पेट बाहर होने की वजह से उनका दिल कमजोर हो गया.

यह रिसर्च पहली बार स्पष्ट करती है कि पेट की चर्बी दिल के लिए इतनी घातक क्यों है. इसका कारण शरीर के अंदर होने वाली सूजन (Systemic Inflammation) है.

रिसर्च के अनुसार, पेट की चर्बी और हार्ट फेलियर के बीच एक-तिहाई (1/3) संबंध इसी अंदरूनी सूजन की वजह से है.

यह सूजन धीरे-धीरे दिल की मांसपेशियों और धमनियों को नुकसान पहुंचाती है, जिससे दिल सही से खून पंप नहीं कर पाता.

नॉर्मल वजन वाला मोटापा

अक्सर जो लोग पतले दिखते हैं लेकिन जिनका पेट निकला होता है, वे खुद को फिट मानकर लापरवाह रहते हैं. एएचए की वॉलंटियर चेयर डॉ. सादिया एस. खान के अनुसार, अब समय आ गया है कि डॉक्टर सिर्फ वजन न देखें, बल्कि रूटीन चेकअप में कमर की माप (Waist-to-Height Ratio) को भी अनिवार्य करें.

खुद को कैसे बचाएं? (Expert Advice)

कमर का माप लें: अगर आपकी कमर आपकी लंबाई के आधे से ज्यादा है, तो यह खतरे का संकेत है.
सूजन घटाएं: अपनी डाइट में फल, सब्जियां और ओमेगा-3 शामिल करें जो शरीर की अंदरूनी सूजन को कम करते हैं.
नियमित जांच: वजन के साथ-साथ समय-समय पर अपने इंफ्लेमेशन लेवल (CRP Test) की भी जांच करवाएं.

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Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी American Heart Association (AHA) की 2026 की शुरुआती रिसर्च पर आधारित है. यह जानकारी केवल जागरूकता के लिए है और इसे पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में न लें. अपनी डाइट या लाइफस्टाइल में कोई भी बड़ा बदलाव करने से पहले हमेशा अपने डॉक्टर या किसी स्वास्थ्य विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.

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By Shubhra Laxmi

शुभ्रा लक्ष्मी लाइफस्टाइल और हेल्थ राइटर हैं। प्रभात खबर के साथ एक साल से जुड़ाव। हेल्थ, फैशन, फूड और न्यूमरोलॉजी में गहरी रुचि। इमोशनल डेप्थ और मोटिवेशनल इनसाइट्स के साथ लिखने का शौक।

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