Cooking Oil Reuse Tips: किसी भी खास मौके या त्योहार पर हमारे घरों में पूरियां, पकौड़े और कचौड़ियां जरूर तली जाती हैं. इन्हें बनाने के लिए कड़ाही भरकर तेल का इस्तेमाल किया जाता है, लेकिन अक्सर सभी चीजों को तलने के बाद भी कड़ाही में ढेर सारा तेल बच ही जाता है. जब ऐसा होता है, तो यह समझ ही नहीं आता कि अब इस बचे हुए तेल का आखिर करें तो क्या करें. आप इसका इस्तेमाल बार-बार गर्म करके भी नहीं कर सकते, क्योंकि ऐसा करने से आपकी सेहत को नुकसान पहुंचने का खतरा रहता है. यही एक बड़ी वजह है कि हम इसे बेकार समझकर फेंक देते हैं. अगर आप भी ऐसा ही करते हैं, तो इस आर्टिकल को पूरा पढ़ने के बाद दोबारा ऐसा कभी नहीं करेंगे. बता दें कि पूरियों को तलने के बाद कड़ाही में बचा हुआ यह कुकिंग ऑयल आपके घर के कई कामों में बहुत ही फायदेमंद साबित हो सकता है. आज इस आर्टिकल में हम आपको इस तेल को दोबारा सही तरीके से इस्तेमाल करने के 5 बेहद आसान और अनोखे उपायों के बारे में बताने जा रहे हैं. तो चलिए इनके बारे में विस्तार से जानते हैं, ताकि अगली बार से आप इस बचे हुए तेल को बेकार समझकर फेंकने की गलती न करें.
लोहे के बर्तनों को जंग से बचाएं
अगर आप लोहे की कड़ाही या फिर तवे को ऐसे ही धोकर रख देते हैं, तो इसकी वजह से कई बार इनमें बहुत ही जल्दी जंग लग जाता है. अगर आप इस प्रॉब्लम से बचना चाहते हैं, तो बचे हुए तेल का इस्तेमाल आपको जरूर करना चाहिए. जब आप लोहे के बर्तनों को अच्छे से धोकर सुखा लेते हैं, तो एक साफ कॉटन या फिर रूई की मदद से इस बचे हुए तेल की हल्की सी लेयर बर्तन पर लगाकर रख दें. जब आप ऐसा करते हैं, तो बर्तनों में मॉइस्चर नहीं रुकता है और साथ ही वे सालों-साल बिना जंग लगे बिल्कुल नए जैसे दिखाई देते हैं.
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नए मिट्टी के बर्तनों को मजबूत बनाएं
आजकल लोग खाना पकाने या पानी रखने के लिए मिट्टी के बर्तनों, जैसे कि हांडी या मटके का इस्तेमाल खूब कर रहे हैं. लेकिन नए मिट्टी के बर्तनों को डायरेक्टली गैस पर रखने से उनके टूटने का डर रहता है. ऐसे में इन मिट्टी के बर्तनों को मजबूत बनाने के लिए आप इस बचे हुए तेल का इस्तेमाल जरूर कर सकते हैं. इसके लिए सबसे पहले नए मिट्टी के बर्तन के अंदर और बाहर अच्छी तरह से यह बचा हुआ तेल लगा दें और फिर इसे एक दिन के लिए धूप में सूखने दें. इसके बाद इन बर्तनों को अच्छी तरह से पानी से धो लें. तेल को एब्जॉर्ब करने के बाद मिट्टी के ये बर्तन पहले से बहुत ज्यादा मजबूत हो जाते हैं और खाना बनाते समय ये चटकते भी नहीं हैं.
दरवाजों से आ रही चूं-चूं की आवाज बंद करें
अक्सर बदलते मौसम या फिर मॉइस्चर की वजह से घर के दरवाजों और खिड़कियों के कब्जों से अजीब सी चूं-चूं की आवाज आने लगती है. यह आवाज सुनने में बहुत ही बुरी लगती है. अगर आपके घर के दरवाजों और खिड़कियों से भी ऐसी आवाज आ रही है, तो आपको बाजार से कोई महंगा ऑयल या फिर केमिकल लाने की जरूरत नहीं है. आप कड़ाही में बचे हुए तेल की कुछ बूंदों को इन कब्जों में डाल सकते हैं. तेल डालने के बाद दरवाजे को दो-तीन बार आगे-पीछे घुमाएं. तेल अंदर तक जाते ही आवाज तुरंत बंद हो जाएगी और दरवाजे आसानी से खुलने-बंद होने लगेंगे.
लेदर की चीजों को दें नयी शाइन
अक्सर घर में रखे लेदर यानी कि चमड़े के जूते, बेल्ट, जैकेट या बैग समय के साथ अपनी शाइन खो देते हैं और छूने में टाइट लगने लगते हैं. इन सभी चीजों को वापस नया जैसा बनाने के लिए आप बचे हुए तेल का इस्तेमाल काफी आसानी से कर सकते हैं. इसके लिए सबसे पहले एक साफ और सूखे कपड़े पर बिल्कुल थोड़ा सा तेल लें और इसे चमड़े की चीज पर हल्के हाथों से रगड़ें. इसके बाद एक दूसरे सूखे कपड़े से उसे पोंछ लें। इससे चमड़े में बेहतरीन शाइन आ जाएगी और वह एकदम सॉफ्ट हो जाएगा. इस बात का खास ख्याल रखें कि तेल का इस्तेमाल आपको बहुत ही कम मात्रा में करना है.
पौधों को कीड़ों से बचाने में मददगार
अगर आपके बगीचे या फिर गमलों में लगे पेड़-पौधों में कीड़े लग गए हैं, तो यह बचा हुआ तेल एक बेहतरीन नेचुरल कीटनाशक की तरह काम कर सकता है. इसका इस्तेमाल करने के लिए सबसे पहले एक लीटर पानी में एक छोटी चम्मच बचा हुआ तेल और कुछ बूंदें लिक्विड डिश सोप की मिलाकर एक स्प्रे बोतल में भर लें. अब इसे अच्छी तरह हिलाकर पौधों की पत्तियों पर छिड़कें. यह तेल कीड़ों की सांस लेने की नली को बंद कर देता है, जिससे कीड़े भाग जाते हैं और आपके पौधे इनसे सुरक्षित रहते हैं.
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