Lok Sabha Election 2024: वोटिंग और नतीजों से पहले बीजेपी का खाता खुला, सूरत से मुकेश दलाल निर्विरोध जीते

Lok Sabha election 2024: लोकसभा चुनाव 2024 के लिए पहले चरण का मतदान समाप्त हो चुका है. अब दूसरे चरण की तैयारी चल रही है. इस बीच गुजरात के सूरत से बीजेपी के लिए बड़ी खबर आ रही है. सूरत से बीजेपी उम्मीदवार मुकेश दलाल निर्विरोध जीत गए हैं.

Lok Sabha election 2024: सूरत लोकसभा सीट से बीजेपी उम्मीदवार मुकेश दलाल को धमाकेदारी जीत मिली है. वो लोकसभा चुनाव में निर्विरोध जीत गए हैं. ऐसा इसलिए क्योंकि कांग्रेस उम्मीदवार का नामांकन रद्द हो गया, जबकि 8 निर्दलीय प्रत्याशियों ने अपना पर्चा वापस ले लिया.

मुकेश दलाल ने विजयी प्रमाण पत्र प्राप्त किया

सूरत लोकसभा सीट से भाजपा के उम्मीदवार मुकेश दलाल ने निर्विरोध चुने जाने के बाद अपना विजयी प्रमाण पत्र प्राप्त किया.

जीत के बाद बोले मुकेश दलाल, देश और गुजरात में पहला कमल खिला

सूरत लोकसभा सीट से निर्विरोध चुने जाने पर बीजेपी के मुकेश दलाल ने कहा, आज मुझे निर्विरोध विजेता घोषित किया गया है, इसलिए गुजरात और देश में पहला कमल खिल गया है. मैं पीएम मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, पार्टी प्रमुख जेपी नड्डा को धन्यवाद देता हूं.

गुजरात बीजेपी अध्यक्ष सीआर पाटिल ने मुकेश दलाल को बधाई दी

गुजरात बीजेपी अध्यक्ष सीआर पाटिल ने मुकेश दलाल को जीत दर्ज करने पर बधाई दी है. उन्होंने एक्स पर लिखा, सूरत लोकसभा सीट से उम्मीदवार मुकेश दलाल को निर्विरोध निर्वाचित होने पर बधाई और शुभकामनाएं.

गुजरात के सभी सीटों पर तीसरे चरण में होना है मतदान

गुजरात के सभी 26 लोकसभा सीट पर तीसरे चरण में मतदान होना है. सोमवार को नामांकन वापस लेने का अखिरी दिन था. तीसरे चरण में गुजरात में 7 मई को मतदान होना है.

प्रस्तावकों ने हलफनामे में किए गए हस्ताक्षर को फर्जी बताया

लोकसभा चुनाव 2024 में सूरत सीट पर कांग्रेस को करारा झटका लगा है. उम्मीदवार निलेश कुंभानी अपने प्रस्तावकों को मौजूद नहीं रख पाए. रिटर्निंग अफसर सौरभ पारधी ने बताया कि कुंभानी और पडसाला के चार नामांकन फॉर्म प्रथम दृष्टया गड़बड़ मिले. पर्चे में प्रस्तावकों के हस्ताक्षर न होने पर नामांकन खारिज किया गया. रिटर्निंग अफसर ने अपने आदेश में बताया है कि प्रस्तावकों ने हलफनामे में किए गए हस्ताक्षर को फर्जी बताया है. कांग्रेस पार्टी के वकील बाबू मंगुकिया ने कहा कि दिनेश कुंभानी और सुरेश पडसाला के नामांकन फॉर्म खारिज कर दिए गए हैं, क्योंकि 4 प्रस्तावकों ने बताया कि फॉर्म पर हस्ताक्षर उनके नहीं थे.

कांग्रेस उम्मीदवार के नामांकन पर बीजेपी उम्मीदवार ने उठाया था सवाल

बता दें कि बीजेपी के उम्मीदवार मुकेश दलाल के चुनाव एजेंट दिनेश जोधानी ने शनिवार को नामांकन फॉर्म पर आपत्ति जताई थी, जिसके बाद रिटर्निंग अधिकारी ने कांग्रेस उम्मीदवार को अपना पक्ष रखने के लिए रविवार सुबह उपस्थित होने का समय दिया था. कांग्रेस के प्रत्याशी कुंभानी ने कहा कि प्रस्तावकों ने उनकी मौजूदगी में अपने हस्ताक्षर किए थे और उनके हस्ताक्षरों की जांच विशेषज्ञ से कराई जानी चाहिए. न्याय के हित में उनसे भी जिरह करनी चाहिए.

Also Read: रोचक किस्सा : महज 1 वोटर के लिए पोलिंग टीम 482 किमी दूर गई थी

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

अरबिंद कुमार मिश्रा वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में एक अनुभवी पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं. अप्रैल 2011 से संस्थान का हिस्सा रहे अरबिंद के पास पत्रकारिता के क्षेत्र में बतौर रिपोर्टर और डेस्क एडिटर 15 वर्षों से अधिक का अनुभव है. वर्तमान में वह नेशनल और इंटरनेशनल डेस्क की जिम्मेदारी संभालने के साथ-साथ एक पूरी शिफ्ट का नेतृत्व (Shift Lead) भी कर रहे हैं. विशेषज्ञता और अनुभव अरबिंद की लेखनी में खबरों की गहराई और स्पष्टता है. उनकी मुख्य विशेषज्ञता इन क्षेत्रों में है. राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय मामले: वैश्विक राजनीति और देश की बड़ी घटनाओं पर पैनी नजर. खेल पत्रकारिता: झारखंड में आयोजित 34वें नेशनल गेम्स से लेकर JSCA स्टेडियम में हुए कई अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैचों की ग्राउंड रिपोर्टिंग का अनुभव. झारखंड की संस्कृति: राज्य की कला, संस्कृति और जनजातीय समुदायों की समस्याओं और उनकी जीवनशैली पर विशेष स्टोरीज. पंचायतनामा: ग्रामीण विकास और जमीनी मुद्दों पर 'पंचायतनामा' के लिए विशेष ग्राउंड रिपोर्टिंग. करियर का सफर प्रभात खबर डिजिटल से अपने करियर की शुरुआत करने वाले अरबिंद ने पत्रकारिता के हर आयाम को बखूबी जिया है. डिजिटल मीडिया की बारीकियों को समझने से पहले उन्होंने आकाशवाणी (All India Radio) और दूरदर्शन जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में एंकरिंग के जरिए अपनी आवाज और व्यक्तित्व की छाप छोड़ी है. शिक्षा और योग्यता UGC NET: अरबिंद मिश्रा ने यूजीसी नेट (UGC NET) उत्तीर्ण की है. मास्टर्स (MA): रांची यूनिवर्सिटी के जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग से एमए की डिग्री. ग्रेजुएशन: रांची यूनिवर्सिटी से ही मास कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म में स्नातक.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >