Kumar Vishwas Daughter: गर्व से फूल जाता है कुमार विश्वास का सीना, छोटी बेटी की डिग्रियां देख आप भी कहेंगे वाह!

Kumar Vishwas Daughter: मशहूर कवि और लेखक कुमार विश्वास अपने शब्दों की ताकत से लाखों दिलों पर राज करते हैं. उनकी बेटियां भी अपनी पढ़ाई और सोच से एक अलग पहचान बना रही हैं. कुमार विश्वास की छोटी बेटी का नाम कुहू शर्मा है. कम उम्र में ही उन्होंने जिस तरह से शिक्षा में उत्कृष्टता हासिल की है, वह काबिले तारीफ है.

Kumar Vishwas Daughter: कवि और वक्ता के रूप में देशभर में प्रसिद्ध कुमार विश्वास ने न केवल अपनी रचनाओं से लोगों के दिलों में जगह बनाई है, बल्कि उनके परिवार ने भी शिक्षा और संस्कार की मिसाल पेश की है. उनकी छोटी बेटी कुहू शर्मा भी इसी विरासत को आगे बढ़ा रही हैं. कम उम्र में ही कुहू ने अपनी पढ़ाई में जो लगन और समर्पण दिखाया है, वह प्रशंसा के योग्य है. आज जब युवा पीढ़ी सोशल मीडिया और तड़क-भड़क की ओर आकर्षित हो रही है, ऐसे समय में कुहू जैसी छात्रा का पढ़ाई और मूल्य आधारित जीवन की ओर झुकाव प्रेरणादायक है.

Kumar Vishwas Daughter: शुरू से पढ़ाई में अव्वल

कुहू शर्मा की शुरुआती पढ़ाई प्रतिष्ठित स्कूल Delhi Public School (DPS), गाजियाबाद से हुई. उन्होंने स्कूल के दिनों से ही पढ़ाई के साथ-साथ कलात्मक और सामाजिक गतिविधियों में भी भाग लिया. रिपोर्ट्स के अनुसार, उन्होंने स्कूल में हमेशा अच्छे नंबरों से परीक्षा पास की और शिक्षकों की पसंदीदा छात्रा रहीं.

विदेश में पढ़ाई

स्कूल की पढ़ाई पूरी करने के बाद कुहू शर्मा आगे की पढ़ाई के लिए लंदन चली गईं. इसके एक प्रतिष्ठित विश्वविद्यालय में एडमिशन लिया. उन्होंने कुहू ने लंदन के किंग्स कॉलेज से ग्रेजुएशन की डिग्री ली है. ये विषय बताने के लिए काफी हैं कि वह न सिर्फ पढ़ाई में गंभीर हैं, बल्कि सामाजिक और राजनीतिक मुद्दों की भी गहरी समझ रखती हैं.

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मल्टी टैलेंटेड हैं कुहू

कुहू न केवल अकादमिक रूप से मजबूत हैं, बल्कि वह एक प्रशिक्षित कथक डांसर भी हैं. कई बार वह अपने पिता के साथ मंच पर कविताओं के कार्यक्रमों में दिखाई दी हैं. उनकी रुचि पब्लिक स्पीकिंग, डिबेट और सामाजिक कार्यों में भी है. इससे साफ है कि वह केवल किताबों तक सीमित नहीं हैं, बल्कि एक जिम्मेदार और जागरूक युवा के रूप में भी सामने आ रही हैं.

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लेखक के बारे में

By Ravi Mallick

रवि मल्लिक, प्रभात खबर डिजिटल में सीनियर कंटेट राइटर हैं. सर्वविद्या की राजधानी कहे जाने वाले वाराणसी के रहने वाले हैं. यहीं से पढ़ाई की शुरुआत हुई. भारतेंदु हरिश्चंद्र इंटर कॉलेज से स्कूलिंग खत्म करने के बाद महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएशन पूरा किया. इसके बाद पत्रकारिता की ओर दिलचस्पी जगी और आगे की पढ़ाई के लिए लखनऊ चले गए. स्वामी विवेकानंद सुभारती यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता में मास्टर्स की डिग्री हासिल की. पढ़ाई के दौरान लखनऊ में रहकर 2017 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव और साल 2019 के लोकसभा चुनाव को करीब से देखा और एक लोकर वेबसाइट के साथ काम किया. डिजिटल युग में पत्रकारिता की शुरुआत होने के चलते रवि मल्लिक Digital News को अच्छे से समझते भी हैं और उसे तराशना भी जानते हैं. पॉलिटिक्स, क्राइम और बिग ब्रेकिंग खबरों पर हाथ साफ करने के बाद साल 2019 में रवि की रुचि एजुकेशन न्यूज की ओर हुई. अमर उजाला के सफलता प्लेटफॉर्म से उन्होंने एजुकेशन की खबरों पर काम करना शुरू किया. एजुकेशन न्यूज पर काम शुरू करने के साथ-साथ रवि के करियर की गाड़ी भी आगे चली. साल 2020 में उन्होंने TV9 भारतवर्ष डिजिटल ज्वाइन किया और इस संस्थान में Career कैटेगरी की शुरुआत की. यहां करियर कैटेगरी पर काम करते हुए 3 साल पूरे कर लिए. साल 2024 में रवि मल्लिक Times Network के टाइम्सनाउ हिंदी के एजुकेशन टीम के साथ जुड़े. जॉब, स्कूली शिक्षा, बोर्ड परीक्षा और रिजल्ट की खबरों पर काम करते हुए एक साल पूरा किया. साल 2025 से रवि प्रभात खबर डिजिटल की यंग और एनर्जेटिक टीम के साथ जुड़े हैं. रवि युवाओं को बेहतर करियर ऑप्शन, करेंट अफेयर्स और नई वैकेंसी के बारे में बताना पसंद करते हैं. बोर्ड परीक्षा हो या UPSC, JEE, CUET और NEET जैसे कॉम्पिटेटिव एग्जाम इनके लिए स्मार्ट टिप्स तैयार करना अच्छा लगता है. एग्जाम टॉपर्स से बात करना और उनकी स्ट्रेटजी के बारे में छात्रों को बताना पसंद है. कॉलेजों के बारे में डिटेल्स में बताना हो या किसी कोर्स की पूरी जानकारी रवि अच्छे से समझा सकते हैं. एजुकेशन न्यूज पर 7 साल का अनुभव रखने वाले रवि मल्लिक के लिए युवाओं को प्रेरित करना, उनके बीच के मुद्दों को उठाना, सही व सटीक जानकारी देना ही प्राथमिकता रही है.

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