CA की पढ़ाई में AI की एंट्री, बैलेंस शीट के साथ सीखना होगा टेक्नोलॉजी का खेल

ICAI CA AI Tools: चार्टर्ड अकाउंटेंट बनने का सपना देख रहे लाखों छात्रों के लिए बड़ा बदलाव आने वाला है. अब CA की पढ़ाई सिर्फ बैलेंस शीट, टैक्स और ऑडिट तक सीमित नहीं रहेगी. ICAI जल्द ही CA कोर्स में Artificial Intelligence यानी AI और Data Analytics जैसे नए विषय जोड़ने जा रहा है.

ICAI CA AI Tools: इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट ऑफ इंडिया (ICAI) ने एआई टूल्स के साथ सीए को जोड़ने का फैसला किया है. बदलते समय के साथ कंपनियां तेजी से टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल कर रही हैं. ऐसे में ICAI भी चाहता है कि आने वाले CA सिर्फ नंबरों के एक्सपर्ट न रहें, बल्कि नई टेक्नोलॉजी को भी अच्छे से समझें.

पहले लोग मजाक में कहते थे कि CA का सबसे बड़ा हथियार कैलकुलेटर होता है. लेकिन अब समय बदल चुका है. अब AI आधारित टूल्स, डेटा एनालिसिस और डिजिटल रिपोर्टिंग तेजी से बढ़ रही है.

CA में AI Tools

ICAI के अध्यक्ष प्रसन्न कुमार डी ने कहा कि AI अब सिर्फ इंजीनियरिंग या टेक फील्ड तक सीमित नहीं है. नौकरी करने वाले और प्रैक्टिस करने वाले दोनों तरह के CAs को आने वाले समय में AI टूल्स और डेटा एनालिसिस की जानकारी जरूरी होगी.

ICAI ने इसके लिए Committee for Review of Education and Training यानी CRET बनाई है. यह कमेटी मौजूदा CA सिलेबस की समीक्षा करेगी और बताएगी कि क्या बदलाव जरूरी हैं. आने वाले समय में CA की पढ़ाई पहले से ज्यादा मॉडर्न और इंडस्ट्री फ्रेंडली हो सकती है.

अब ऑडिट में भी AI का जमाना

आजकल कंपनियां सिर्फ फाइनेंशियल रिपोर्टिंग तक सीमित नहीं हैं. ESG रिपोर्टिंग, डेटा बेस्ड ऑडिट और AI ड्रिवन प्रोसेस तेजी से बढ़ रहे हैं. ऐसे में ICAI चाहता है कि छात्र कॉलेज से निकलते ही इंडस्ट्री की नई जरूरतों के लिए तैयार रहें.

ICAI अधिकारियों के मुताबिक CRET कमेटी दिसंबर तक अपनी रिपोर्ट तैयार कर सकती है. इसके बाद नए सुझावों को सार्वजनिक किया जाएगा ताकि छात्रों और विशेषज्ञों से फीडबैक लिया जा सके. ICAI पहले ही 2023 में नया एजुकेशन और ट्रेनिंग सिस्टम लागू कर चुका है.

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Published by: Ravi Mallick

रवि मल्लिक, प्रभात खबर डिजिटल में सीनियर कंटेट राइटर हैं. सर्वविद्या की राजधानी कहे जाने वाले वाराणसी के रहने वाले हैं. यहीं से पढ़ाई की शुरुआत हुई. भारतेंदु हरिश्चंद्र इंटर कॉलेज से स्कूलिंग खत्म करने के बाद महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएशन पूरा किया. इसके बाद पत्रकारिता की ओर दिलचस्पी जगी और आगे की पढ़ाई के लिए लखनऊ चले गए. स्वामी विवेकानंद सुभारती यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता में मास्टर्स की डिग्री हासिल की. पढ़ाई के दौरान लखनऊ में रहकर 2017 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव और साल 2019 के लोकसभा चुनाव को करीब से देखा और एक लोकर वेबसाइट के साथ काम किया. डिजिटल युग में पत्रकारिता की शुरुआत होने के चलते रवि मल्लिक Digital News को अच्छे से समझते भी हैं और उसे तराशना भी जानते हैं. पॉलिटिक्स, क्राइम और बिग ब्रेकिंग खबरों पर हाथ साफ करने के बाद साल 2019 में रवि की रुचि एजुकेशन न्यूज की ओर हुई. अमर उजाला के सफलता प्लेटफॉर्म से उन्होंने एजुकेशन की खबरों पर काम करना शुरू किया. एजुकेशन न्यूज पर काम शुरू करने के साथ-साथ रवि के करियर की गाड़ी भी आगे चली. साल 2020 में उन्होंने TV9 भारतवर्ष डिजिटल ज्वाइन किया और इस संस्थान में Career कैटेगरी की शुरुआत की. यहां करियर कैटेगरी पर काम करते हुए 3 साल पूरे कर लिए. साल 2024 में रवि मल्लिक Times Network के टाइम्सनाउ हिंदी के एजुकेशन टीम के साथ जुड़े. जॉब, स्कूली शिक्षा, बोर्ड परीक्षा और रिजल्ट की खबरों पर काम करते हुए एक साल पूरा किया. साल 2025 से रवि प्रभात खबर डिजिटल की यंग और एनर्जेटिक टीम के साथ जुड़े हैं. रवि युवाओं को बेहतर करियर ऑप्शन, करेंट अफेयर्स और नई वैकेंसी के बारे में बताना पसंद करते हैं. बोर्ड परीक्षा हो या UPSC, JEE, CUET और NEET जैसे कॉम्पिटेटिव एग्जाम इनके लिए स्मार्ट टिप्स तैयार करना अच्छा लगता है. एग्जाम टॉपर्स से बात करना और उनकी स्ट्रेटजी के बारे में छात्रों को बताना पसंद है. कॉलेजों के बारे में डिटेल्स में बताना हो या किसी कोर्स की पूरी जानकारी रवि अच्छे से समझा सकते हैं. एजुकेशन न्यूज पर 7 साल का अनुभव रखने वाले रवि मल्लिक के लिए युवाओं को प्रेरित करना, उनके बीच के मुद्दों को उठाना, सही व सटीक जानकारी देना ही प्राथमिकता रही है.

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