Orient Technologies ने आईपीओ के लिए सेबी के पास जमा कराये दस्तावेज, 120 करोड़ रुपये जुटाने का अनुमान

Orient Technologies IPO: ओरिएंट टेक्नोलॉजीज के द्वारा आईपीओ लाने के लिए बाजार नियामक सेबी के पास शुरुआती दस्तावेज जमा कराया है. आईपीओ में 120 करोड़ रुपये के नए शेयर जारी किए जाएंगे और 46 लाख इक्विटी शेयरों की बिक्री पेशकश लाई जाएगी.

Orient Technologies IPO: भारतीय शेयर बाजार में साल 2024 बेहतरीन आईपीओ का रहने वाला है. बाजार में एक से बढ़कर एक आईपीओ आ रहे हैं जो निवेशकों को झोली भरकर रिटर्न दे रहे हैं. अब बताया जा रहा है कि सूचना प्रौद्योगिकी (IT Sector) समाधान प्रदाता ओरिएंट टेक्नोलॉजीज ने इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग (आईपीओ) के माध्यम से धन जुटाने के लिए बाजार नियामक सेबी के पास शुरुआती दस्तावेज जमा कराए हैं. भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (SEBI) के पास दाखिल दस्तावेजों के अनुसार, आईपीओ में 120 करोड़ रुपये के नए शेयर जारी किए जाएंगे और 46 लाख इक्विटी शेयरों की बिक्री पेशकश (Offer For Sell-OFS) लाई जाएगी. ओएफएस में शेयरों को पेशकश करने वालों में अजय बलिराम सावंत, उमेश नवनीतलाल शाह, उज्ज्वल अरविंद म्हात्रे और जयेश मनहरलाल शाह हैं.

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कैसा रहा है कंपनी का परफॉर्मेंस

शेयर बाजार से जुड़े एक्सपर्ट बताते हैं कि एक्सपर्ट बताते हैं कि कंपनी के आईपीओ से निवेशकों को अच्छा रिटर्न मिलने की संभावना है. हालांकि, पैसा लगाने से पहले कंपनी का आईपीओ लेटर देखना जरूरी है. पिछले साल के अंत तक ओरिएंट टेक्नोलॉजीज के ग्राहकों में बैंकिंग, वित्तीय सेवा और बीमा (बीएफएसआई), सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) और आईटीईएस, स्वास्थ्य और फार्मा व अन्य क्षेत्रों की सार्वजनिक एवं निजी क्षेत्र की कंपनियां शामिल थीं. वित्त वर्ष 2022-23 में कंपनी की परिचालन आय बढ़कर 535.10 करोड़ रुपये रही, जो 2021-22 में 467.22 करोड़ रुपये थी. कंपनी का शुद्ध लाभ बीते वित्त वर्ष में बढ़कर 38.30 करोड़ रुपये पर पहुंच गया, जो उससे पिछले वित्त वर्ष में 33.49 करोड़ रुपये था.

क्या है आईपीओ

Initial Public Offering एक वित्तीय प्रक्रिया है जिसमें किसी प्राइवेट कंपनी ने अपने स्टॉक के खुले बाजार में निवेशकों के लिए प्रस्तावना जारी करने का निर्णय लिया होता है. यह उस कंपनी के लिए पहली बार होता है जब वह खुले बाजार में अपने शेयरों को बेचने के लिए जाती है. जब एक कंपनी आईपीओ जारी करती है, तो वह अपने शेयरों का प्रचार प्रसार करती है और इंवेस्टर्स को अपने शेयरों को खरीदने का मौका देती है. आईपीओ के माध्यम से कंपनी उसके स्टॉक को सार्वजनिक और न्यूजीज माध्यमों के माध्यम से निवेशकों के लिए उपलब्ध कराती है ताकि वे उसे खरीद सकें. आईपीओ के माध्यम से कंपनी अधिकतर अपने स्टॉक के लिए नए निवेशकों को खींचने की कोशिश करती है और इसके माध्यम से कंपनी अधिकतर पूंजी एकत्र करके अपने विकास और वित्तीय योजनाओं को पूरा करती है. यह निवेशकों के लिए एक आकर्षक विकल्प होता है क्योंकि यह उन्हें एक सार्वजनिक कंपनी के मालिक बनाने का अवसर प्रदान करता है.

(भाषा इनपुट के साथ)

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