Medicine Price: केंद्र सरकार ने दी बड़ी राहत, कॉलेस्ट्रॉल, शुगर समेत 100 दवाएं होंगी सस्ती, जानें डिटेल

Medicine Price: भारत सरकार की रसायन और उर्वरक मंत्रालय के अंतर्गत डिपार्टमेंट ऑफ फार्मास्यूटिकल्स ने अधिसूचना जारी कर दी है. इससे कई आम दवाइयां भी सस्ती हो जाएंगी.

Medicine Price: केंद्र सरकार के द्वारा चुनाव से पहले आमलोगों को बड़ी राहत दी गयी है. देश में बढ़ते इलाज के खर्च के बीच, सरकार ने सौ से ज्यादा दवाइयों की कीमतों में कटौती की है. नेशनल फार्मास्यूटिकल प्राइसिंग अथॉरिटी (NPPA) के द्वारा 69 नए फॉर्मुलेशन के रिटेल दाम और 31 की बाजार कीमतें तय कर दी गयी है. इससे, कोलेस्ट्राल, मधुमेह, दर्द, बुखार, कैल्शियम और विटामिन डी 3 जैसी 100 से ज्यादा दवाएं सस्ती हो जाएंगी. इसके लिए भारत सरकार की रसायन और उर्वरक मंत्रालय के अंतर्गत डिपार्टमेंट ऑफ फार्मास्यूटिकल्स ने अधिसूचना जारी कर दी है.

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Medicine Price किनका होगा कम

नेशनल फार्मास्यूटिकल प्राइसिंग अथॉरिटी के फैसले से आमलोगों को बड़ी राहत मिलने वाली है. शुगर और कोलेस्ट्रॉल की दवाएं लंबी चलती हैं. ऐसे में इनकी कीमतों में कटौती से राहत मिलेगी. इसके अलावा किसी भी तरह के दर्द में इस्तेमाल होने वाली दवाओं की कीमतों में भी कटौती हुई. आपरेशन में इस्तेमाल होने वाली वैसी दवा जो अत्यधिक ब्लीडिंग को रोकने में मदद करती है, उसकी कीमतों में भी कटौती हुई है. साथ ही, सांप काटने पर दिये जाने वाली दवा एंटीवेनम के दाम भी अब कम हो जाएंगे. साथ ही, बुखार, इंफेक्शन, कैल्शियम की गोली, विटामिन डी3 की दवा, बच्चों के एंटीबायोटिक्स आदि दवाओं की कीमतों में कटौती होगी.

नेशनल फार्मास्यूटिकल प्राइसिंग अथॉरिटी क्या है

नेशनल फार्मास्यूटिकल प्राइसिंग अथॉरिटी भारत सरकार का एक महत्वपूर्ण संगठन है जो दवाओं और अन्य चिकित्सा सामग्रियों के मूल्यों की नियंत्रण करता है. इसका मुख्य उद्देश्य भारतीय जनता के लिए औचित्यपूर्ण दवाइयों और चिकित्सा सामग्रियों के व्यापक उपयोग और उपलब्धता की सुनिश्चितता करना है. NPPA भारत में दवाओं की मूल्यों को नियंत्रित करने के लिए नीतियों और दिशानिर्देशों को जारी करता है. साथ ही, इसे लागू भी कराता है. NPPA द्वारा कुछ दवाओं के लिए एक निर्धारित फॉर्मूले का उपयोग किया जाता है, जिसे फॉर्मूला बेस्ड प्राइसिंग कहा जाता है, ताकि उनकी मूल्यों को नियंत्रित किया जा सके. यदि किसी दवा की मूल्य नियंत्रित नहीं है और यह निर्माताओं द्वारा अनुमानित दर से ज्यादा महंगी होती है, तो NPPA कार्रवाई कर सकता है और उस दवा की मूल्य को कम कर सकता है.

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