IPL में बिना मैच खेले भी मिलती है खिलाड़ियों को सैलरी? क्या कहते हैं BCCI के नियम

IPL Player Salary Rules: आईपीएल में बिना मैच खेले भी खिलाड़ियों को उनकी पूरी सैलरी मिलती है, बशर्ते वे टीम के साथ बने रहें और सभी पेशेवर जिम्मेदारियां निभाएं. प्राइज मनी अलग होती है और खिलाड़ी को सीधे कोई हिस्सा नहीं मिलता, लेकिन उनका भुगतान कॉन्ट्रैक्ट के तहत तय राशि के अनुसार होता है.

IPL Player Salary Rules: इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) क्रिकेट के सबसे लोकप्रिय टूर्नामेंटों में से एक है, जिसमें खिलाड़ियों को भारी-भरकम रकम मिलती है. हर साल खिलाड़ियों की नीलामी में करोड़ों रुपये खर्च किए जाते हैं. लेकिन, एक बड़ा सवाल अक्सर लोगों के मन में आता है कि क्या ऐसे खिलाड़ी जो पूरे टूर्नामेंट में एक भी मैच नहीं खेलते, उन्हें भी पूरी सैलरी और प्राइज मनी मिलती है? आइए, इसके नियम को जानते हैं.

आईपीएल कॉन्ट्रैक्ट का नियम क्या कहता है?

आईपीएल में खिलाड़ियों को उनके प्रदर्शन के आधार पर नहीं, बल्कि उनके नीलामी या रिटेंशन के समय तय की गई कीमत के अनुसार भुगतान किया जाता है. यह एक गारंटीड कॉन्ट्रैक्ट होता है, जो यह सुनिश्चित करता है कि खिलाड़ी को उसकी तय राशि मिलेगी, चाहे वह एक भी मैच खेले या नहीं.

इस कॉन्ट्रैक्ट में यह स्पष्ट होता है कि खिलाड़ी फ्रेंचाइजी के लिए उपलब्ध रहेगा. वह ट्रेनिंग, टीम मीटिंग्स और दूसरे ऑफ-फील्ड गतिविधियों में हिस्सा लेगा. यदि वह यह सभी शर्तें पूरी करता है, तो उसे एक भी मैच नहीं खेलने की स्थिति में उसे उसकी पूरी सैलरी मिलती है.

प्राइज मनी बनाम प्लेयर सैलरी

यहां एक जरूरी बात समझनी होगी कि प्राइज मनी और प्लेयर सैलरी अलग-अलग चीजें हैं.

  • प्राइज मनी: यह टीम की टूर्नामेंट में परफॉर्मेंस के आधार पर होती है. जैसे विजेता टीम को 20 करोड़ रुपये और रनर-अप को 13 करोड़ रुपये मिलते हैं.
  • प्लेयर सैलरी: यह उस रकम को कहते हैं, जो फ्रेंचाइजी खिलाड़ी को उसके कॉन्ट्रैक्ट के अनुसार देती है.

टीम को मिलने वाली प्राइज मनी में से खिलाड़ियों को सीधे कोई हिस्सा नहीं मिलता, जब तक कि टीम प्रबंधन ऐसा कोई बोनस या इनसेंटिव स्कीम न बनाए. लेकिन कॉन्ट्रैक्ट के तहत जो सैलरी होती है, वह निश्चित होती है.

न खेलने की स्थिति में पैसा कटता है?

कभी-कभी खिलाड़ी चोट के चलते या निजी कारणों से पूरे टूर्नामेंट से बाहर हो जाते हैं. ऐसी स्थिति में यदि खिलाड़ी BCCI या फ्रेंचाइजी द्वारा “अवैलेबल” घोषित कर दिया जाता है, तो उसका पूरा भुगतान नहीं होता. लेकिन, अगर वह पूरे टूर्नामेंट में फिट और उपलब्ध रहा और सिर्फ प्लेइंग इलेवन में चयन नहीं हुआ, तो उसे पूरी रकम मिलती है.

इसे भी पढ़ें: बाजार बंद होने के बाद आई बड़ी खबर, वीकेंड पर उछल सकता है इस कंपनी का शेयर

मैच न खेलने वाले खिलाड़ी को मिलती है सैलरी

आईपीएल में एक भी मैच न खेलने वाले खिलाड़ियों को भी उनकी पूरी सैलरी मिलती है, बशर्ते वे टीम के साथ बने रहें और सभी पेशेवर जिम्मेदारियां निभाएं. यह खिलाड़ियों के लिए न केवल एक सुरक्षित आय का साधन है, बल्कि टीम मैनेजमेंट के लिए स्क्वॉड डेप्थ बनाए रखने का तरीका भी.

इसे भी पढ़ें: SIP: एसआईपी के 25x12x15 फॉर्मूले से आप भी बन सकते हैं करोड़पति, ऐसे समझिए इसका जादू

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By KumarVishwat Sen

कुमार विश्वत सेन प्रभात खबर डिजिटल में डेप्यूटी चीफ कंटेंट राइटर हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता का 25 साल से अधिक का अनुभव है. इन्होंने 21वीं सदी की शुरुआत से ही हिंदी पत्रकारिता में कदम रखा. दिल्ली विश्वविद्यालय से हिंदी पत्रकारिता का कोर्स करने के बाद दिल्ली के दैनिक हिंदुस्तान से रिपोर्टिंग की शुरुआत की. इसके बाद वे दिल्ली में लगातार 12 सालों तक रिपोर्टिंग की. इस दौरान उन्होंने दिल्ली से प्रकाशित दैनिक हिंदुस्तान दैनिक जागरण, देशबंधु जैसे प्रतिष्ठित अखबारों के साथ कई साप्ताहिक अखबारों के लिए भी रिपोर्टिंग की. 2013 में वे प्रभात खबर आए. तब से वे प्रिंट मीडिया के साथ फिलहाल पिछले 10 सालों से प्रभात खबर डिजिटल में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. इन्होंने अपने करियर के शुरुआती दिनों में ही राजस्थान में होने वाली हिंदी पत्रकारिता के 300 साल के इतिहास पर एक पुस्तक 'नित नए आयाम की खोज: राजस्थानी पत्रकारिता' की रचना की. इनकी कई कहानियां देश के विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हुई हैं.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >