Indian Railways: दिवाली और छठ पर 12000 स्पेशल ट्रेन चलाकर रेलवे ने रचा इतिहास, 1 करोड़ यात्रियों को लाभ

Indian Railways: दिवाली-छठ पर्व बिहार, झारखंड और उत्तर प्रदेश में धूम-धाम के साथ मनाई जाती है. इस दौरान देश भर में फैले बिहार-झारखंड और यूपी के लोग अपने घर वापस लौटते हैं. रेलवे स्टेशनों पर भारी भीड़ हो जाती है. जिससे कई बार भगदड़ की स्थिति बन जाती है. लेकिन इस बार त्योहारी सीजन में भीड़ को कंट्रोल करने और यात्रियों को सुविधाएं देने के लिए खास इंतजाम किया गया है. रेलवे की ओर से इस अवसर पर रिकॉर्ड 12000 से अधिक विशेष ट्रेनें चलाई जा रही हैं. जिससे करीब 1 करोड़ यात्रियों को लाभ होगा.

Indian Railways: त्योहारी सीजन के दौरान रेलवे की तैयारी पर, रेलवे बोर्ड के सूचना एवं प्रचार विभाग के कार्यकारी निदेशक, दिलीप कुमार ने कहा, “भारतीय रेलवे ने इस वर्ष दिवाली और छठ पूजा के अवसर पर 12,000 से अधिक ट्रेनों के संचालन की व्यापक योजना बनाई है. पिछले कुछ दिनों में, हमने जिन ट्रेनों का संचालन किया है, उनके माध्यम से हमने लगभग 1 करोड़ यात्रियों को विशेष ट्रेनों के माध्यम से सुविधा प्रदान की है. इन ट्रेनों को चलाने का मुख्य उद्देश्य बड़ी संख्या में उन लोगों को सुविधा प्रदान करना है जो त्योहारों के दौरान अपने घरों की यात्रा करना चाहते हैं.”

पिछले 4 दिनों मं 15 लाख यात्रियों ने यात्रा की

रेलवे के सूचना एवं प्रचार विभाग के कार्यकारी निदेशक ने बताया, “पिछले साल, हमने 7,724 विशेष ट्रेनें चलाईं. इस साल हमने 12,000 ट्रेनें चलाने का फैसला किया है… पिछले 4 दिनों में, लगभग 15 लाख यात्रियों ने नई दिल्ली के विभिन्न स्टेशनों का उपयोग करके अपने-अपने गंतव्य तक यात्रा की है.”

यात्रियों सुविधाएं बढ़ाई गईं, 12 लाख रेलवे कर्मचारी कर रहे दिन-रात काम

रेलवे के सूचना एवं प्रचार विभाग के कार्यकारी निदेशक ने बताया- “हमने सभी प्रमुख स्टेशनों पर होल्डिंग एरिया बनाए हैं, सभी स्टेशनों पर टिकट काउंटरों की सुविधाओं में वृद्धि की है. सभी रेलवे व्यवस्थाओं की चौबीसों घंटे निगरानी की जा रही है. 12 लाख रेलवे कर्मचारी दिन-रात अथक परिश्रम कर रहे हैं ताकि यात्रियों को उनके गंतव्य तक पहुँचाया जा सके.”

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लेखक के बारे में

Published by: Arbindkumar mishra

अरबिंद कुमार मिश्रा मुख्यधारा की पत्रकारिता में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले एक वरिष्ठ पत्रकार और लेखक हैं. वर्तमान में, वह प्रभात खबर डॉट कॉम (Prabhat Khabar) में सीनियर कंटेंट राइटर के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. अरबिंद नेशनल, इंटरनेशनल और स्पोर्ट्स कैटेगरी में अपनी लेखनी के लिए जाने जाते हैं. गहरी रिसर्च पर आधारित स्पेशल स्टोरीज, रिपोर्टिंग और जटिल मुद्दों पर आसान भाषा में 'एक्सप्लेनर' लिखना उनकी मुख्य यूएसपी (USP) है.

झारखंड की समृद्ध संस्कृति और लोक परंपराओं में उनकी गहरी रुचि है. अपनी उत्कृष्ट और सरोकार से जुड़ी रिपोर्टिंग के लिए उन्हें संस्थान स्तर पर कई बार सम्मानित और पुरस्कृत भी किया जा चुका है.

करियर का सफरनामा

अरबिंद ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत देश की प्रतिष्ठित बहुभाषी न्यूज एजेंसी 'हिंदुस्थान समाचार' से बतौर रिपोर्टर की थी. इसके बाद उन्होंने प्रसार भारती के अंग दूरदर्शन और आकाशवाणी के साथ भी काम किया, जहां उन्होंने एंकरिंग, वॉइस-ओवर और रिपोर्टिंग के गुर सीखे. साल 2011 में वह 'प्रभात खबर डॉट कॉम' से जुड़े और तब से लगातार डिजिटल पत्रकारिता के क्षेत्र में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं.

प्रमुख उपलब्धियां और ग्राउंड रिपोर्टिंग

खेल पत्रकारिता और जमीनी रिपोर्टिंग में अरबिंद का योगदान उल्लेखनीय रहा है. उनकी कुछ सबसे बड़ी उपलब्धियों में शामिल हैं:

34वें राष्ट्रीय खेल: झारखंड में आयोजित ऐतिहासिक 34वें नेशनल गेम्स की बेहतरीन और व्यापक ग्राउंड रिपोर्टिंग.

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट: रांची के जेएससीए (JSCA) स्टेडियम में आयोजित कई इंटरनेशनल क्रिकेट मैचों को करीब से कवर किया.

पुरुष हॉकी वर्ल्ड कप (2018): भुवनेश्वर में आयोजित वर्ल्ड कप के फाइनल मुकाबले की शानदार स्पोर्ट्स रिपोर्टिंग.

पंचायतनामा: प्रभात खबर के इस खास विंग के लिए ग्रामीण इलाकों का दौरा कर कई प्रेरक 'सक्सेस स्टोरीज' लिखीं.

शैक्षणिक योग्यता (Education & Credentials)

UGC NET: साल 2019 में यूजीसी नेट (UGC NET) की परीक्षा उत्तीर्ण की.

बैचलर ऑफ जर्नलिज्म (BJMC): रांची विश्वविद्यालय से साल 2011 में पत्रकारिता में स्नातक की डिग्री हासिल की.

एम.ए. (नागपुरी भाषा): रांची विश्वविद्यालय के 'जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग' से साल 2009 में नागपुरी भाषा में स्नातकोत्तर (MA) की डिग्री हासिल की.

लेखन शैली और विशेषज्ञता: एक्सप्लेनर, रिसर्च बेस्ड स्टोरीज, स्पोर्ट्स जर्नलिज्म, इंटरनेशनल अफेयर्स और झारखंड की लोक-संस्कृति.

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