अक्षय तृतीया पर सोने की बिक्री पर लगा ग्रहण, ग्राहकों को लुभाने के लिए सर्राफा कारोबारियों ने अपनाया ये तरीका

आभूषण उद्योग ( Jewelery industry) को इस बार अक्षय तृतीया (akshay tritiya) पर बिक्री होने की उम्मीद नहीं है. अक्षय तृतीय (akshay tritiya lockdown ) इस साल ऐसे मौके पर पड़ी है जबकि कोरोना वायरस महामारी (Coronavirus Pandemic) की वजह से पूरे देश में लॉकडाउन है.

मुंबई : आभूषण उद्योग को इस बार अक्षय तृतीया पर बिक्री होने की उम्मीद नहीं है. अक्षय तृतीय इस साल ऐसे मौके पर पड़ी है जबकि कोरोना वायरस महामारी की वजह से पूरे देश में लॉकडाउन है.

अक्षय तृतीया पर आभूषण खरीदना शुभ माना जाता है, लेकिन सर्राफा कारोबारियों का कहना है कि इस बार उन्हें बिक्री की कोई उम्मीद नहीं है. हालांकि, कुछ खुदरा सर्राफा कारोबारी ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए नवोन्मेषी तरीके अपना रहे हैं. अखिल भारतीय रत्न एवं आभूषण घरेलू परिषद के चेयरमैन अनंत पद्मनाभन ने पीटीआई-भाषा से कहा, इस बार अक्षय तृतीय लॉकडाउन 2.0 में पड़ा है.

Also Read: जानिए Akshaya Tritiya पर किस भाव बिक रहा सोना और कैसे कर सकते हैं ऑनलाइन खरीदारी

आभूषण दुकानें पूरी तरह बंद है. सिर्फ डिजिटल मंच से कुछ बिक्री की संभावना है. उन्होंने कहा कि पिछले साल की तुलना में इस बार अक्षय तृतीया पर बिक्री में 97 से 98 प्रतिशत की कमी रह सकती है. उन्होंने कहा कि सर्राफा कारोबारियों ने ग्राहकों को डिजिटल खरीद के लिए आकर्षित करने को कई आकर्षक पेशकश की हैं. इनमें कीमतों को लॉक करना और सोने के स्वामित्व का प्रमाणपत्र देना शामिल है.

पद्मनाभन ने कहा कि बंद हटने के बाद दुकानों पर बिक्री होगी. हमें उम्मीद है कि धीरे-धीरे उद्योग सामान्य स्थिति की ओर लौटेगा. हमें दिवाली पर बिक्री में उछाल आने की उम्मीद है. पीएनजी ज्वेलर्स के चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक सौरभ गाडगिल ने कहा कि यह पहली बार है जबकि अक्षय तृतीय पर सोने की खरीद पूरी तरह आनलाइन हो रही है.

उन्होंने कहा कि अभी आभूषणों की डिलिवरी संभव नहीं है इसलिए जौहरी ई-वाउचर्स, ई-सर्टिफिकेट आदि की पेशकश कर रहे हैं. सोना अभी 48,000 रुपये प्रति दस ग्राम पर है. आयात के अभाव में बंद हटने के बाद इसमें और उछाल आएगा. ऐसे में जौहरी कीमत को एक निश्चित मूल्य पर ‘लॉक’ करने की पेशकश कर रहे हैं.

कल्याण ज्वेलर्स के चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक टी एस कल्याणरमन ने कहा कि इस साल की बिक्री की तुलना पिछले वर्षों से नहीं हो सकती. इस बार कंपनी ने अक्षय तृतीय पर कोई अभियान भी नहीं चलाया है. उन्होंने कहा कि पिछले 25 बरसों से अक्षय तृतीया पर ग्राहक शोरूम में आकर सोना खरीदना पसंद करते रहे हैं, लेकिन इस बार लॉकडाउन की वजह से सर्राफा कारोबारी ग्राहकों को सोने के स्वामित्व का प्रमाणपत्र दे रहे हैं.

मालाबार गोल्ड एंड डायमंड्स ने अक्षय तृतीया के अवसर पर सोशल मीडिया पर ‘हैशटैग प्रोमाइजटूप्रोटेक्ट’ अभियान की शुरुआत की है. इसके तहत ग्राहकों को सोने की कीमतों और सोने की सुरक्षा का वादा किया गया है. सोशल मीडिया और गूगल नेटवर्क पर प्रोत्साहित किए जा रहे, इस अभियान में गोल्ड ज्वैलरी के शुल्क में 30 प्रतिशत की छूट प्रदान की गई है. इसके साथ ही हीरे के मूल्य पर 20 प्रतिशत तक की छूट और एसबीआई क्रेडिट कार्ड्स पर 15,000 रुपये से अधिक की खरीद पर 5 प्रतिशत कैशबैक भी दिया जा रहा है.

मालाबार समूह के चेयरमैन एम. पी. अहमद ने कहा कि 26 अप्रैल, 2020 तक, ग्राहक ऑनलाइन सोना बुक करके, अक्षय तृतीया पेशकश का आनंद ले सकते हैं. लॉकडाउन समाप्त होने पर अपने निकटतम मालाबार गोल्ड एंड डायमंड स्टोर्स पर जा कर अपनी ज्वैलरी की डिलीवरी ले सकते हैं. जो लोग इस समय के दौरान एक सुरक्षित निवेश करना चाहते हैं, उनके लिए सोना सही मौका प्रदान करता है.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: ArbindKumar Mishra

Published by: Prabhat Khabar

अरबिंद कुमार मिश्रा वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में एक अनुभवी पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं. अप्रैल 2011 से संस्थान का हिस्सा रहे अरबिंद के पास पत्रकारिता के क्षेत्र में बतौर रिपोर्टर और डेस्क एडिटर 15 वर्षों से अधिक का अनुभव है. वर्तमान में वह नेशनल और इंटरनेशनल डेस्क की जिम्मेदारी संभालने के साथ-साथ एक पूरी शिफ्ट का नेतृत्व (Shift Lead) भी कर रहे हैं. विशेषज्ञता और अनुभव अरबिंद की लेखनी में खबरों की गहराई और स्पष्टता है. उनकी मुख्य विशेषज्ञता इन क्षेत्रों में है. राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय मामले: वैश्विक राजनीति और देश की बड़ी घटनाओं पर पैनी नजर. खेल पत्रकारिता: झारखंड में आयोजित 34वें नेशनल गेम्स से लेकर JSCA स्टेडियम में हुए कई अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैचों की ग्राउंड रिपोर्टिंग का अनुभव. झारखंड की संस्कृति: राज्य की कला, संस्कृति और जनजातीय समुदायों की समस्याओं और उनकी जीवनशैली पर विशेष स्टोरीज. पंचायतनामा: ग्रामीण विकास और जमीनी मुद्दों पर 'पंचायतनामा' के लिए विशेष ग्राउंड रिपोर्टिंग. करियर का सफर प्रभात खबर डिजिटल से अपने करियर की शुरुआत करने वाले अरबिंद ने पत्रकारिता के हर आयाम को बखूबी जिया है. डिजिटल मीडिया की बारीकियों को समझने से पहले उन्होंने आकाशवाणी (All India Radio) और दूरदर्शन जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में एंकरिंग के जरिए अपनी आवाज और व्यक्तित्व की छाप छोड़ी है. शिक्षा और योग्यता UGC NET: अरबिंद मिश्रा ने यूजीसी नेट (UGC NET) उत्तीर्ण की है. मास्टर्स (MA): रांची यूनिवर्सिटी के जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग से एमए की डिग्री. ग्रेजुएशन: रांची यूनिवर्सिटी से ही मास कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म में स्नातक.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >