पैसा नहीं आदर्श नौकरी को प्राथमिकता देते हैं भारतीय
नयी दिल्ली : एक सर्वेक्षण के अनुसार भारतीय कर्मचारी अमेरिका व ब्रिटेन के कर्मचारियों की तुलना में अधिक सकारात्मक व लचीले रुख वाले हैं और उनमें से आधे तो अपनी ‘आदर्श’ नौकरी को वरीयता देते हैं भले ही वहां पैसा कम हो. एडोब की एक रपट ‘वर्क इन प्रोग्रेस’ में यह निष्कर्ष निकाला गया है. […]
By Prabhat Khabar Digital Desk | Updated at :
नयी दिल्ली : एक सर्वेक्षण के अनुसार भारतीय कर्मचारी अमेरिका व ब्रिटेन के कर्मचारियों की तुलना में अधिक सकारात्मक व लचीले रुख वाले हैं और उनमें से आधे तो अपनी ‘आदर्श’ नौकरी को वरीयता देते हैं भले ही वहां पैसा कम हो.
एडोब की एक रपट ‘वर्क इन प्रोग्रेस’ में यह निष्कर्ष निकाला गया है. इसके अनुसार भारतीय अपने काम से इतना प्यार करते हैं कि सर्वेक्षण में शामिल 98 प्रतिशत ने कहा कि कोई लाटरी लगने के बाद भी वे अपनी नौकरी करते रहेंगे. इसके अनुसार 83 प्रतिशत भारतीय कर्मचारी अपनी नौकरियों से प्यार करते हैं उनकी इस संतुष्टि में अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी तक पहुंच तक पहुंच का बहुत बड़ा योगदान है.
सर्वेक्षण में कहा गया है कि भारतीय कर्मचारियों के लिए वेतन ही सबकुछ नहीं है. लगभग आधे भारतीय कर्मचारी अपने लिए ‘आदर्श’ नौकरी करेंगे चाहे वहां पैसा कम हो. यह सर्वे विभिन्न कार्यालयों में कार्यरत 500 से अधिक भारतीय कार्यालय कर्मचारियों की राय पर आधारित है जो कि दैनिक रूप से कंप्यूटर का इस्तेमाल करते हैं.