नयी दिल्ली : ट्वीटर और व्हाट्सएप भी कमाल की चीज है. एक झटके में किस्मत बदल देने की ताकत रखती है. हुआ यूं कि पिछले दिनों फुटपाथ पर बैठकर जूता ठीक करने वाले एक शख्स की तसवीर सोशल मीडिया पर वायरल हुई थी. वायरल हुई तसवीर में एक बुजुर्ग आदमी जूता बनाते हुए दिख रहा था. जिसके पीछे दीवार में एक बैनर लटकाया गया था. बैनर में दुकान का नाम ‘जख्मी जूतों का अस्पताल’ था. यह नाम इतना अनूठा था कि लोगों की दिलचस्पी इसमें बढ़ गयी. आनंद महिंद्रा भी उस जूते वाले की रचनात्मकता से प्रभावित हुए.
आनंद महिंद्रा ने ढूंढ निकाला ''जूतों का डॉक्टर'', अब ऐसे करने जा रहे हैं मदद
नयी दिल्ली : ट्वीटर और व्हाट्सएप भी कमाल की चीज है. एक झटके में किस्मत बदल देने की ताकत रखती है. हुआ यूं कि पिछले दिनों फुटपाथ पर बैठकर जूता ठीक करने वाले एक शख्स की तसवीर सोशल मीडिया पर वायरल हुई थी. वायरल हुई तसवीर में एक बुजुर्ग आदमी जूता बनाते हुए दिख रहा […]

वहीं आज महिंद्रा ग्रुप के चेयरमैन आनंद महिंद्रा ने ट्वीट कर कहा – आपको मेरी वह ट्वीट याद होगी….नसीर जी जो जूता ठीक करते हैं..साधारण और विनम्र इंसान.. हरियाणा में हमारी टीम ने उनसे मुलाकात कर पूछा आपकी क्या जररूत है ?……. उन्होंने जवाब दिया …एक काम करने वाला स्पेस…मैंने मुंबई को एक डिजाइन स्टूडियों को उनके लिए एक खूबसूरत कियोस्क डिजायन करने को कहा.
डियायन टीम वहां जायेगी और नसीर जी से मुलाकात करेगी और उनके जरूरतों के हिसाब से दुकान का डिजाइन किया जायेगा. हम ऐसी डिजाइन चाहते हैं जो फुटपाथ का सौंदर्य बढ़ा सके.लेकिन महिंद्रा ग्रुप की टीम ने नरसी को फूल और मोमेंटो भिजवाया है. उन्हें महिंद्रा कंपनी के ट्रैक्टर पर बैठा कर सारे शहर में भी घुमाया गया.