RX100 से लेकर Chetak तक, इन 7 टू-व्हीलर्स का सड़कों पर था राज, आज भी नाम सुनते ही ताजा हो जाती हैं यादें

RX100, CBZ, Shogun और Pulsar 220F जैसी बाइकें कभी भारतीय सड़कों की शान थीं. जानिए आखिर क्यों बंद हो गईं ये आइकॉनिक बाइकें और आज भी क्यों बना हुआ है इनका जबरदस्त क्रेज.

एक दौर था जब भारत की सड़कों पर कुछ बाइकें सिर्फ सफर का साधन नहीं, बल्कि लोगों की पहचान हुआ करती थीं. किसी गली में Yamaha RX100 की आवाज सुनाई दे जाए तो लोग पलटकर देखने लगते थे, वहीं Hero Honda CBZ और Pulsar 220F युवाओं के स्टाइल स्टेटमेंट माने जाते थे. समय बदला, नियम बदले और लोगों की पसंद भी बदल गई, लेकिन इन बाइकों का क्रेज आज भी खत्म नहीं हुआ. यही वजह है कि कई पुरानी बाइकें आज भी सेकेंड हैंड मार्केट में ऊंची कीमत पर बिकती हैं और बाइक लवर्स उन्हें बड़े शौक से संभालकर रखते हैं. आइए जानते हैं उन 7 आइकॉनिक बाइकों और स्कूटर्स के बारे में, जिन्हें भारतीय ऑटोमोबाइल इतिहास कभी नहीं भूल पाएगा.

क्यों बंद हो गईं ये मशहूर बाइकें?

इन बाइकों के बंद होने के पीछे सिर्फ एक वजह नहीं थी. सबसे बड़ा कारण नए प्रदूषण नियम बने. पुराने टू-स्ट्रोक इंजन ज्यादा धुआं छोड़ते थे और नए एमिशन नॉर्म्स को पूरा नहीं कर पा रहे थे. इसके अलावा बाजार में नई टेक्नोलॉजी, ज्यादा माइलेज और फीचर वाली बाइकें आने लगीं, जिससे लोगों की पसंद बदलती चली गई.

कंपनियों ने भी समय के साथ इलेक्ट्रिक और फ्यूल एफिशिएंट मॉडल्स पर फोकस बढ़ा दिया. कई पुरानी बाइकें धीरे-धीरे बिक्री में कमजोर पड़ गईं और आखिरकार उनका प्रोडक्शन बंद करना पड़ा. आज इन मॉडलों के स्पेयर पार्ट्स मिलना भी मुश्किल हो गया है, जिससे इन्हें मेंटेन करना आसान नहीं रहा.

Yamaha RX100: आवाज जिसने दीवाना बना दिया

Yamaha RX100 भारतीय बाइक इतिहास की सबसे चर्चित बाइकों में गिनी जाती है. हल्का वजन, तेज पिकअप और दमदार आवाज इसकी पहचान थी. 80 और 90 के दशक में युवाओं के बीच इसका जबरदस्त क्रेज था. यह बाइक करीब 100 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार तक पहुंच जाती थी, जो उस समय बड़ी बात मानी जाती थी.

लेकिन टू-स्ट्रोक इंजन के कारण यह नए प्रदूषण नियमों में फिट नहीं बैठ सकी और कंपनी को इसे बंद करना पड़ा. आज भी कई लोग उम्मीद करते हैं कि Yamaha इसे नए अवतार में वापस लाएगी.

Hero Honda CBZ और Pulsar 220F ने बदला युवाओं का टेस्ट

Hero Honda CBZ को भारत की शुरुआती स्पोर्टी बाइकों में गिना जाता है. इसका डिजाइन और परफॉर्मेंस उस दौर में काफी अलग था. कॉलेज जाने वाले युवाओं के बीच यह बाइक स्टेटस सिंबल बन गई थी. हालांकि समय के साथ नई बाइकें बाजार में आईं और CBZ धीरे-धीरे गायब हो गई.

वहीं Bajaj Pulsar 220F ने भारतीय युवाओं को पहली बार बजट में स्पोर्ट्स बाइक जैसा अनुभव दिया. इसकी फुल फेयरिंग, तेज रफ्तार और दमदार रोड प्रजेंस ने इसे बेहद लोकप्रिय बना दिया. बाद में नए BS नॉर्म्स लागू होने के बाद कंपनी को पुराने वर्जन बंद करने पड़े.

Bajaj Chetak और Kinetic Honda DX की फैमिली कनेक्शन वाली कहानी

एक समय ऐसा था जब Bajaj Chetak लगभग हर भारतीय परिवार का हिस्सा हुआ करती थी. मजबूत बॉडी और ज्यादा सामान ले जाने की क्षमता के कारण लोग इसे भरोसेमंद स्कूटर मानते थे. लेकिन गियरलेस स्कूटर्स आने और प्रदूषण नियम सख्त होने के बाद इसका दौर खत्म हो गया.

Kinetic Honda DX ने भारतीय बाजार में गियरलेस स्कूटर को लोकप्रिय बनाने में बड़ी भूमिका निभाई. इलेक्ट्रिक स्टार्ट और आसान राइडिंग के कारण महिलाएं और बुजुर्ग इसे काफी पसंद करते थे. बाद में नए फीचर्स वाले स्कूटर्स के आने से इसकी लोकप्रियता कम हो गई.

Royal Enfield Machismo और Shogun की आज भी अलग फैन फॉलोइंग

Royal Enfield Machismo 350 अपनी भारी आवाज और क्लासिक लुक के लिए जानी जाती थी. क्रोम डिजाइन और दमदार इंजन ने इसे अलग पहचान दी. बाद में कंपनी ने Classic 350 जैसे नए मॉडल्स लॉन्च किए और Machismo धीरे-धीरे बंद हो गई.

दूसरी तरफ TVS Suzuki Shogun युवाओं के बीच स्पीड और रेसिंग फील के लिए मशहूर थी. इसका तेज टू-स्ट्रोक इंजन और आक्रामक आवाज बाइक लवर्स को खूब पसंद आती थी. लेकिन प्रदूषण नियम और TVS-Suzuki पार्टनरशिप खत्म होने के बाद यह बाइक भी बाजार से गायब हो गई.

नई बाइकें बेहतर हैं, लेकिन पुरानी बाइकों वाली फील नहीं

आज की मोटरसाइकिलें ज्यादा एडवांस, सुरक्षित और पर्यावरण के हिसाब से बेहतर हैं. इनमें बेहतर माइलेज, फीचर्स और टेक्नोलॉजी मिलती है. इसके बावजूद कई बाइक प्रेमियों का मानना है कि पुरानी बाइकों में जो रॉ फील, आवाज और कनेक्शन था, वह आज की मशीनों में कम दिखाई देता है.

यही वजह है कि RX100, Shogun और Machismo जैसी बाइकें आज भी लोगों की यादों में जिंदा हैं. अगर ये मॉडल कभी वापस आते भी हैं, तो शायद उनका अंदाज पहले जैसा नहीं रहेगा.

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Published by: Rajeev Kumar

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