50 से 60 हजार रुपये की बजट में चाहिए बाइक? गांव-शहर हर परिस्थियों के लिए परफेक्ट होंगी ये 3 बाइक्स

देश में कम्यूटर बाइक का क्रेज लगातार बढ़ रहा है, खासकर 50 से 60 हजार रुपये के बजट में. अगर आप गांव की ऊबड़-खाबड़ सड़कों से लेकर शहर के ट्रैफिक तक में बेहतरीन परफॉर्मेंस देने वाली बाइक की तलाश में हैं, तो यह खबर आपके लिए है.

देश में सस्ती और कम्यूटर बाइकों का क्रेज काफी ज्यादा है. कैसी ऐसी ऑटोमोबाइल कंपनियां हैं जो कम बजट में कस्टमर्स को बेहतर बाइक्स ऑफर करती हैं. अगर आप 50 हजार से 60 हजार रुपये के बजट में एक ऐसी बाइक खोज रहे हैं जो गांव की ऊबड़-खाबड़ सड़कों से लेकर शहर के हैवी ट्रैफिक में बेहतरीन परफॉर्मेंस दे, तो यह खबर आपके काम की है. भारतीय ऑटो बाजार में इस बजट में मजबूत बॉडी और शानदार माइलेज देने वाले कई ऑप्शन उपलब्ध हैं. 

हीरो एचएफ डीलक्स 

Hero HF Deluxe Bike (Image: Hero Motocorp)

हीरो की यह बाइक बजट सेगमेंट में सबसे भरोसेमंद मानी जाती है. इसका मेंटेनेंस काफी कम है. इसकी एक्स-शोरूम कीमत ₹56,742 से शुरू होती है. इसमें 97.2cc का एयर-कूल्ड इंजन दिया गया है. इसके मुख्य फीचर्स में साइड स्टैंड इंजन कट ऑफ, i3S टेक्नोलॉजी और ट्यूबलेस टायर शामिल हैं, जो इसे डेली के इस्तेमाल के लिए बेहद आसान बनाते हैं. इसके अलावा, इसकी रीसेल वैल्यू भी मार्केट में काफी शानदार मिलती है, जिससे आपका पैसा पूरी तरह सुरक्षित रहता है.

टीवीएस स्पोर्ट 

टीवीएस स्पोर्ट 110 (Image: TVS)

टीवीएस स्पोर्ट को विशेष रूप से इसके शानदार माइलेज और स्पोर्टी लुक के लिए जाना जाता है. इसकी शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत ₹59,881 है. इसमें 109.7cc का दमदार इंजन मिलता है, जो शानदार पिकअप देता है. इसके फीचर्स की बात करें तो इसमें सिंक्रोनाइज्ड ब्रेकिंग तकनीक, ईटी-फाई टेक्नोलॉजी और स्पोर्टी ग्राफिक्स मिलते हैं, जो इसे हर तरह की राहों पर किफायती और टिकाऊ बनाते हैं. इसका हल्का वजन शहर के ट्रैफिक और गांव के रास्तों पर चलाना बहुत आसान बनाता है. 

ये भी पढ़ें: Royal Enfield Meteor, Classic या Hunter: कॉलेज स्टूडेंट्स के लिए 350cc में कौन रहेगा सबसे बेहतर?

हीरो एचएफ 100 

Hero HF 100 Commuter Bike (Pic: Hero)

यह हीरो की सबसे सस्ती और साधारण कम्यूटर बाइक है, जो सीधे तौर पर बचत पसंद करने वालों के लिए बनी है. इसकी एक्स-शोरूम कीमत ₹60,252 से शुरू होती है. इसमें भी 97.2cc का फ्यूल इंजेक्टेड इंजन दिया गया है. इसके खास फीचर्स में अलॉय व्हील, लंबी आरामदायक सीट और मजबूत क्रैश गार्ड शामिल हैं, जो कम दाम में बेहतरीन सुरक्षा और कम्फर्ट देते हैं. यह बाइक अपनी सादगी और कम पेट्रोल खपत की वजह से रोजमर्रा के काम के लिए बेस्ट मानी जाती है.

ये भी पढ़ें: Royal Enfield Classic 350 vs Honda CB350: कीमत, इंजन और परफॉर्मेंस के मामले में कौन-सी बाइक बेहतर?

गांव या शहर: आपके लिए कौन-सी बाइक सबसे सही रहेगी?

अगर आपका इस्तेमाल ज्यादातर गांव या खराब रास्तों पर है, तो टीवीएस स्पोर्ट सबसे बढ़िया ऑप्शन साबित होगी. इसका 109.7cc इंजन ज्यादा पावर देता है और इसकी मजबूत बॉडी भारी सामान ढोने व ऊबड़ खाबड़ रास्तों के लिए परफेक्ट है. वहीं, अगर आप शहर के ट्रैफिक में रोजाना अप-डाउन करते हैं और ज्यादा माइलेज के साथ कम रखरखाव चाहते हैं, तो हीरो एचएफ डीलक्स  आपके लिए सबसे बेहतरीन रहेगी.

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By शिवांश शेखर

शॉर्ट बायो 

शिवांश शेखर ऑटोमोबाइल और खेल स्पेशलिस्ट हैं. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में बतौर कंटेंट राइटर के तौर पर कार्यरत हैं. ऑटो सेक्शन में कार/बाइक लॉन्च, फीचर्स, खासियत, टिप्स, कंपेरिजन और सपेक्स से संबंधित खबरें कवर करते हैं.

विस्तृत बायो 

शिवांश शेखर ऑटोमोबाइल और खेल स्पेशलिस्ट पत्रकार हैं, जो पिछले 3 वर्षों से डिजिटल मीडिया में ऑटो और खेल जगत से जुड़ी खबरों के बारे में लगातार लिखते हैं. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में बतौर कंटेंट राइटर के रूप में काम कर रहे हैं. ऑटो सेक्शन में उनकी रूचि कार/बाइक लॉन्च, फीचर्स, स्पेसिफिकेशन, टिप्स, ट्रिक्स और कंपेरिजन से जुड़े विषयों में है. इसके अलावा फ्लेक्स फ्यूल टेक्नोलॉजी और ऑटो इंडस्ट्रीज के बदलते ट्रेंड्स पर लगातार लिखते हैं. 

उनका प्रयास रहता है कि पाठकों को सिर्फ लॉन्च, कीमत और फीचर्स के बारे में ही न बताया जाए, बल्कि यह भी जानकारी दी जाए कि वह तकनीक आम लोगों के लिए कितने काम का है, उसे इस्तेमाल करने का अनुभव कैसा रहेगा और उसे खरीदना सही रहेगा या नहीं.

पढ़ाई  

बिहार राज्य के जहानाबाद जिले में जन्में शिवांश शेखर की शुरुआती शिक्षा (BSEB) से पूरी हुई. इसके बाद उन्होंने साल 2023 में चौधरी चरण सिंह यूनीवर्सिटी, मेरठ (CCSU) के अंतर्गत आने वाली इंसटीच्युट ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज, नोएडा (IMS) से जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन में ग्रेजुएशन की डिग्री प्राप्त की. पढ़ाई के दौरान ही शिवांश की रुचि खेल और ऑटो के विषयों पर लिखने में बढ़ने लगी. इसी दौरान उन्होंने खेल और ऑटोमोबाइल से जुड़ी खबरों पर काम करना शुरू किया और आगे चलकर इन्हीं विषयों को अपने काम का हिस्सा बना लिया. 

काम का सफर 

पत्रकारिता का ककहरा सीखने के बाद शिवांश का सफर एपीएन न्यूज से शुरू हुआ था. उन्होंने पत्रकारिता का समूह जागरण न्यू मीडिया में बतौर सब एडिटर खेल और अन्य खबरों की तकनीकी समझ विकसित की. जेएनएम में करीब डेढ़ साल खेल और अन्य विषयों पर काम करने के बाद उन्होंने एसियानेट न्यूज की तरफ रुख अपनाया. वहां, करीब डेढ़ साल तक ऑटोमोबाइल और स्पोर्ट्स सेक्शन में काम किया और फिर प्रभात खबर का रुख किया, जहां ऑटो बीट पर काम कर रहे हैं. ट्रेंड्स को लगातार फॉलो करते हैं.

विजन 

शिवांश का मानना है कि ऑटोमोबाइल से जुड़ी खबरें केवल नई गाड़ियों के बारे में जानकारी नहीं देती, बल्कि लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी, खरीदारों के फैसलों और डिजिटल एक्सपिरियंस पर भी असर डालती हैं.

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >