बुरे फंसे ट्रंप, ईरान वॉर की वजह से अमेरिका में महंगा हुआ पेट्रोल-डीजल

US Iran war: ईरान युद्ध के चलते अमेरिका पर दबाव बढ़ रहा है. डोनाल्ड ट्रंप अपने ही जाल में फंसते नजर आ रहे हैं. अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल की कीमतों में उछाल से अमेरिका में पेट्रोल औसतन 4.02 डॉलर और डीजल 5.45 डॉलर प्रति गैलन हो गया है. इसके कारण ट्रंप को अपने ही देश में विरोध झलना पड़ रहा है.

US Iran war: ईरान के साथ अमेरिका और इजराइल की लड़ाई जैसे-जैसे लंबी खिंच रही है, डोनाल्ड ट्रंप पर दबाव बढ़ता जा रहा है. मिडिल ईस्ट में जारी जंग के कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में उथल-पुथल बढ़ गई है. कच्चे तेल की कीमतों में तेजी का सीधा असर अमेरिका पर पड़ रहा है. पेट्रोल की कीमत वर्ष 2022 के बाद पहली बार औसतन चार डॉलर प्रति गैलन से अधिक हो गई है.

एक डॉलर से ज्यादा महंगा हो गया पेट्रोल, डीजल के भी बढ़े दाम

वाहन कंपनियों के संघ AAA के अनुसार, नियमित पेट्रोल की राष्ट्रीय औसत कीमत अब 4.02 डॉलर प्रति गैलन हो गई है, जो युद्ध शुरू होने से पहले की तुलना में एक डॉलर से अधिक है. इससे पहले रूस-यूक्रेन वॉर के दौरान अमेरिका में पेट्रोल इतना महंगा हुआ था. अमेरिका और इजराइन के 28 फरवरी को ईरान के खिलाफ संयुक्त सैन्य कार्रवाई शुरू होने के बाद से कच्चे तेल की कीमतों में बढ़ोतरी हुई है. एएए के अनुसार, डीजल अब औसतन 5.45 अमेरिकी डॉलर प्रति गैलन पर बिक रहा है, जो युद्ध शुरू होने से पहले लगभग 3.76 अमेरिकी डॉलर प्रति गैलन था.

अमेरिका ने ईरान के परमाणु ठिकाने को निशाना बनाया

अमेरिका और ईरान के बीच जंग जारी है. मंगलवार को अमेरिकी सेना ने ईरान के इस्फहान शहर में स्थित एक परमाणु ठिकाने को निशाना बनाया. इस्फहान में हुए हमले के बाद आसमान में आग की लपटें दिखीं. यह वही क्षेत्र है, जहां पिछले साल जून में भी अमेरिकी सेना ने कार्रवाई की थी. अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हमले का वीडियो शेयर करते हुए कहा कि संघर्षविराम के लिए कूटनीतिक प्रयास जारी हैं.

ईरान भी कर रहा है पलटवार

अमेरिकी हमलों का ईरान भी जवाब दे रहा है. ईरान ने खाड़ी क्षेत्र में हमले तेज करते हुए दुबई के जलक्षेत्र में कुवैत के एक तेल टैंकर को ड्रोन से निशाना बनाया, जिससे उसमें आग लग गई. हालांकि, बाद में आग पर काबू पा लिया गया. इस घटना में दुबई में चार लोग घायल भी हुए. सऊदी अरब ने राजधानी रियाद की ओर दागी गईं तीन बैलिस्टिक मिसाइलों को मार गिराने का दावा किया. ड्रोन के मलबे से छह घरों को मामूली नुकसान पहुंचा. ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अरागची ने कहा कि ईरान केवल अमेरिकी बलों को निशाना बना रहा है. उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि अमेरिकी बलों को क्षेत्र से बाहर किया जाना चाहिए.

Also Read: ईरान की अमेरिका-इजरायल को दो टूक चेतावनी: ‘देश में कदम रखा तो काट देंगे पैर’, होर्मुज पर भी नया दांव

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Pritish Sahay

प्रीतीश सहाय, इन्हें इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया इंडस्ट्री में 12 वर्षों से अधिक का अनुभव है. ये वर्तमान में प्रभात खबर डॉट कॉम के साथ डिजिटल कंटेंट प्रोड्यूसर के रूप में कार्यरत हैं. मीडिया जगत में अपने अनुभव के दौरान उन्होंने कई महत्वपूर्ण विषयों पर काम किया है और डिजिटल पत्रकारिता की बदलती दुनिया के साथ खुद को लगातार अपडेट रखा है. इनकी शिक्षा-दीक्षा झारखंड की राजधानी रांची में हुई है. संत जेवियर कॉलेज से ग्रेजुएट होने के बाद रांची यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता की डिग्री हासिल की. इसके बाद लगातार मीडिया संस्थान से जुड़े रहे हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत जी न्यूज से की थी. इसके बाद आजाद न्यूज, ईटीवी बिहार-झारखंड और न्यूज 11 में काम किया. साल 2018 से प्रभात खबर के साथ जुड़कर काम कर रहे हैं. प्रीतीश सहाय की रुचि मुख्य रूप से राजनीतिक खबरों, नेशनल और इंटरनेशनल इश्यू, स्पेस, साइंस और मौसम जैसे विषयों में रही है. समसामयिक घटनाओं को समझकर उसे सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाने की इनकी हमेशा कोशिश रहती है. वे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय राजनीति से जुड़े मुद्दों पर लगातार लेखन करते रहे हैं. इसके साथ ही विज्ञान और अंतरिक्ष से जुड़े विषयों पर भी लिखते हैं. डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में काम करते हुए उन्होंने कंटेंट प्लानिंग, न्यूज प्रोडक्शन, ट्रेंडिंग टॉपिक्स जैसे कई क्षेत्रों में काम किया है. तेजी से बदलते डिजिटल दौर में खबरों को सटीक, विश्वसनीय और आकर्षक तरीके से प्रस्तुत करना पत्रकारों के लिए चुनौती भी है और पेशा भी, इनकी कोशिश इन दोनों में तालमेल बनाते हुए बेहतर और सही आलेख प्रस्तुत करना है. वे सोशल मीडिया और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म की जरूरतों को समझते हुए कंटेंट तैयार करते हैं, जिससे पाठकों तक खबरें प्रभावी ढंग से पहुंच सकें. इंटरनेशनल विषयों में रुचि होने कारण देशों के आपसी संबंध, वार अफेयर जैसे मुद्दों पर लिखना पसंद है. इनकी लेखन शैली तथ्यों पर आधारित होने के साथ-साथ पाठकों को विषय की गहराई तक ले जाने का प्रयास करती है. वे हमेशा ऐसी खबरों और विषयों को प्राथमिकता देते हैं जो राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय लिहाज से महत्वपूर्ण हों. रूस यूक्रेन युद्ध, मिडिल ईस्ट संकट जैसे विषयों से लेकर देश की राजनीतिक हालात और चुनाव के दौरान अलग-अलग तरह से खबरों को पेश करते आए हैं.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >