Russia-Ukraine War: मॉस्को में अटैक! यूक्रेन के ड्रोन ने रूस में घुसकर किया हमला, सरकारी इमारत को बनाया निशाना

यूक्रेनी ड्रोन रूस की राजधानी मॉस्को में घुसकर दो बिल्डिंगों को निशाना बनाया. इस हमले में किसी के मारे जाने की खबर नहीं है. बताया जा रहा है कि रूस की राजधानी मॉस्को में घुसकर यूक्रेनी ड्रोन ने हमला कर दो सरकारी इमारत को नुकसान पहुंचाया है.

Russia-Ukraine War: रूस और यूक्रेन के बीच बीते डेढ़ साल से ज्यादा समय से भीषण युद्ध जारी है. युद्ध के बीच खबर है कि यूक्रेन ने रूस पर ड्रोन से हमला किया है. यूक्रेनी ड्रोन रूस की राजधानी मॉस्को में घुसकर दो बिल्डिंगों को निशाना बनाया. इस हमले में किसी के मारे जाने की खबर नहीं है. बताया जा रहा है कि रूस की राजधानी मॉस्को में घुसकर यूक्रेनी ड्रोन ने हमला कर दो सरकारी इमारत को नुकसान पहुंचाया है. हालांकि बड़े नुकसान की खबर नहीं है. गौरतलब है कि रूस और यूक्रेन के बीच युद्ध पिछले साल फरवरी में युद्ध की शुरुआत हुई थी. रूस ने 24 फरवरी 2022 को रूस पर हमला कर दिया था. वहीं, रूसी हमले में यूक्रेन में तबाही मची है, उसके कई राज्य पूरी तरह बर्बाद हो चुके है. इधर अमेरिका समेत यूरोप और अन्य सहयोगियों से मिले हथियारों से अब यूक्रेन भी रूस के अंदर घुसकर हमला कर रहा है. हालांकि उनकी संख्या बहुत कम है.

मॉस्को के बाहर यूक्रेन के ड्रोन को मार गिराया- रूस
इससे पहले शुक्रवार को रूस ने दावा किया था कि मॉस्को के बाहर एक यूक्रेनी ड्रोन को रूसी सेना ने मार गिराया है. रूस के रक्षा मंत्रालय जानकारी देते हुए कहा कि जुलाई महीने में तीन से ज्यादा बार यूक्रेन की ओर से ड्रोन से हमले की कोशिश की गई है. जिसमें यूक्रेनी ड्रोन को मार गिराया गया है. घटना मास्को के ओबलास्ट इलाके की है. वहीं, यूक्रेन की ओर से भेजे गये एक अन्य ड्रोन से रूस के दक्षिणी मॉस्को में एक कार्यालय भवन पर हमला किया गया था जिसमें कार्यालय के ऊपरी मंजिल को काफी नुकसान पहुंचा था.

रूस के ताजा हमलों में युक्रेन में भारी तबाही- पुतिन
इससे पहले रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने कहा था कि रूस की सेना और यूक्रेन के दक्षिण-पूर्वी हिस्से जपोरिजिया क्षेत्र में हुए भीषण युद्ध में यूक्रेन को भारी नुकसान पहुंचा है. बीते दिनों अफ्रीकी नेताओं के सम्मेलन के लिए सेंट पीटर्सबर्ग में बोलते हुए रूस के राष्ट्रपति पुतिन ने कहा था कि जिस बहादुरी से रूसी सेना ने यूक्रेन के हमलों का जवाब दिया है, वह तारीफ के काबिल है. पुतिन ने दावा किया कि रूसी सेना ने न सिर्फ कई सैन्य उपकरणों को नष्ट किया है, बल्कि कीव के बलों को भारी नुकसान भी पहुंचाया है.

12 दिनों की शांति के बाद रूस का भीषण हमला
गौरतलब है कि इस महीने की शुरुआत में यानी 2 जुलाई को रूस ने यूक्रेन पर भीषण हमला बोला था. दो हफ्ते तक शांति के बाद यूक्रेन पर रूस ने बड़ा हमला करते हुए ड्रोन से हमला कर दिया था. यूक्रेन की ओर से जारी एक बयान में कहा गया कि रूस की ओर से ड्रोन के जरिये भीषण हमला किया गया कीव के रक्षा अधिकारियों ने कहा कि सभी ड्रोन ईरान निर्मित थे. हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि उन ड्रोन को यूक्रेन की सेना ने मार गिराया. बताया जा रहा है कि रूस के हमले में एक शख्स घायल हुआ था.

रूस सैनिक मसौदा
इधर यूक्रेन से जारी जंग के बीच रूसी सरकार ने सेना के लिए एक मसौदा जारी किया है. रूसी सांसदों ने सेना में अनिवार्य सेवा के लिए अधिकतम आयु सीमा बढ़ाने को मंजूरी दी है. रूस की संसद के निचले सदन ने सेना में अनिवार्य सेवा के लिए अधिकतम आयु सीमा को 27 साल से बढ़ाकर 30 करने के मसौदे को मंजूरी दे दी है. इसे यूक्रेन के खिलाफ जारी जंग  में सेना को विस्तार देने के प्रयास के रूप में देखा जा रहा है. गौरतलब है कि रूस में फिलहाल 18 से 27 साल के सभी पुरुषों के लिए एक साल तक सेना में सेवाएं देना अनिवार्य है. उच्च सदन की मंजूरी के बाद राष्ट्रपति पुतिन के हस्ताक्षर के बाद यह कानून बन जाएगा.

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यूक्रेन को मिली अमेरिका से सैन्य सहायता
इधर रूस के खिलाफ युद्ध में यूक्रेन के अमेरिका से मिलने वाली सहायता जारी है. अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन प्रशासन ने यूक्रेन को 40 करोड़ अमेरिकी डॉलर तक की अतिरिक्त सैन्य सहायता भेजने की मंजूरी दे दी है.अधिकारियों के मुताबिक, इस सैन्य सहायता में हवाई रक्षा प्रणाली के लिए अलग अलग तरह के बम. इसके अलावा निगरानी होर्नेट ड्रोन शामिल हैं. अमेरिका की ओर से हाई मोबिलिटी आर्टिलेरी रॉकेट सिस्टम और नेशनल एडवांस्ड सर्फेस-टू-एयर मिसाइल सिस्टम जैसी की मिसाइलों को भी शामिल किया गया है. अमेरिकी रक्षा अधिकारियों ने बताया कि अमेरिका हॉवित्जर तोप के गोले, 32 स्ट्राइकर बख्तरबंद वाहन, मोर्टार, हाइड्रा-70 रॉकेट और छोटे हथियारों के 2.8 करोड़ कारतूस भी भेज रहा है.

भाषा इनपुट से साभार

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Author: Pritish Sahay

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