Middle East Conflict : ईरान ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को लेकर अमेरिका के सामने अपनी शर्तें साफ कर दी हैं. ईरानी संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर गालिबाफ ने मंगलवार को कहा कि जब तक अमेरिका 14 सूत्रीय समझौता ज्ञापन (MoU) में किए गए अपने वादों को पूरा नहीं करता, तब तक स्ट्रेट ऑफ होर्मुज समुद्री यातायात के लिए नहीं खोला जाएगा. उन्होंने कहा कि इसमें नाकाबंदी हटाना, ईरान की जब्त संपत्तियां जारी करना, तेल प्रतिबंध हटाना और सैन्य कार्रवाई व धमकियां खत्म करना शामिल है.
अमेरिका को पूरी करनी होंगी ये शर्तें
गालिबाफ ने कहा कि समझौते में अमेरिका ने जिन शर्तों पर सहमति जताई है, उन्हें लागू किए जाने तक होर्मुज से समुद्री यातायात बहाल नहीं होगा. उन्होंने विशेष रूप से नाकाबंदी हटाने, फ्रीज की गई संपत्तियां जारी करने, तेल पर लगे प्रतिबंध हटाने और सभी मोर्चों पर सैन्य अभियान तथा धमकियां खत्म करने का जिक्र किया.
उन्होंने कहा कि ईरान ने इस समझौते से मिले युद्धविराम और नाकाबंदी हटाने के अवसर का इस्तेमाल अपनी अर्थव्यवस्था को मजबूत करने और रक्षा क्षमता को फिर से तैयार करने के लिए किया है.
गालिबाफ ने दी जवाबी कार्रवाई की चेतावनी
ईरानी संसद अध्यक्ष ने विरोधियों को चेतावनी देते हुए कहा कि ईरान अपने खिलाफ की गई कार्रवाई और आक्रामकता के अनुपात में और ज्यादा कड़ा जवाब देने के लिए तैयार है. उन्होंने कहा कि देश अपनी संप्रभुता और राष्ट्रीय हितों की रक्षा के लिए पीछे नहीं हटेगा.
गालिबाफ ने ईरान के भीतर एकता बनाए रखने पर भी जोर दिया. उन्होंने कहा कि देश राजनीतिक स्तर पर और आम जनता के बीच एकजुट है और किसी बाहरी ताकत को राष्ट्रीय एकता और देश की मजबूती को प्रभावित करने की अनुमति नहीं दी जाएगी.
होर्मुज में जहाज को अज्ञात प्रोजेक्टाइल से नुकसान
गालिबाफ का बयान ऐसे समय आया है जब स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से गुजर रहे एक जहाज को अज्ञात प्रोजेक्टाइल से नुकसान पहुंचने की खबर सामने आई है. ब्रिटेन के मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस (UKMTO) के मुताबिक, जहाज होर्मुज से बाहर निकल रहा था, तभी उसे अज्ञात प्रोजेक्टाइल ने निशाना बनाया.
UKMTO ने बताया कि घटना में जहाज के इंजन रूम को नुकसान पहुंचा और चालक दल का एक सदस्य घायल हुआ. घटना के बाद इलाके में समुद्री यातायात और सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है.
60 दिन की अवधि खत्म, कई मुद्दे अब भी लंबित
ईरान और अमेरिका के बीच समझौते के तहत दी गई 60 दिन की अवधि समाप्त होने के बाद भी दोनों पक्षों के बीच कई अहम मुद्दे सुलझे नहीं हैं. तेहरान की ओर से होर्मुज में सामान्य समुद्री यातायात बहाल करने को नाकाबंदी खत्म करने, सैनिकों की वापसी और क्षतिपूर्ति जैसे मुद्दों से जोड़ा गया है.
गालिबाफ के ताजा बयान से साफ है कि ईरान फिलहाल स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को खोलने के लिए अमेरिका की ओर से समझौते की शर्तें लागू किए जाने का इंतजार कर रहा है.
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