शरत कुमार हत्याकांड में इस गिरोह का हाथ, अब जांच का जिम्मा ATS के हाथ में

हजारीबाग पुलिस ने मामले में खुलासा किया है कि शरत कुमार हत्याकांड में अमन साव गिरोह का हाथ है. अमन साव को दुमका जेल से रिमांड पर लाकर हजारीबाग पुलिस ने पूछताछ की

हजारीबाग के बड़कागांव में नौ मई को कोयला खनन से जुड़ी रित्विक कंपनी के अधिकारी शरत कुमार की हत्या की जांच अब एटीएस करेगा. एडीजी अभियान संजय आनंदराव लाठकर की रिपोर्ट पर डीजीपी अजय कुमार सिंह ने इस संबंध में बुधवार को आदेश दिया है. एक-दो दिनों में एटीएस बड़कागांव थाना में दर्ज केस को टेकओवर कर मामले जांच शुरू करेगा.

इधर, गुरुवार को हजारीबाग पुलिस ने मामले में खुलासा किया है कि शरत कुमार हत्याकांड में अमन साव गिरोह का हाथ है. अमन साव को दुमका जेल से रिमांड पर लाकर हजारीबाग पुलिस ने पूछताछ की, जिसमें उसने कबूल किया किया. यह बात भी सामने आयी है कि रित्विक कंपनी के चट्टी बारियातू स्थित कोयला के ट्रांसपोर्टिंग प्वाइंट पर कार्य बाधित कराने के आरोप में पुलिस ने रामचंद्र सोनी सहित छह लोगों को पकड़ा था.

पुलिस यह बता रही है कि रामचंद्र सोनी ने डबल क्रॉस किया. एक तरफ उसने कंपनी के अधिकारी जीएम एल भास्कर सिंह के कहने पर ट्रांसपोर्टिंग साइड पर घटना को अंजाम दिया. दूसरी ओर उसने भास्कर को डराने के लिए कंपनी के प्रोजेक्ट को-ऑर्डिनेटर शरत कुमार पर गोली चलवायी. मामले में हजारीबाग पुलिस एल भास्कर सिंह से पूछताछ कर चुकी है. लेकिन उनके खिलाफ कोई कार्रवाई की बात अब तक सामने नहीं आयी है. शरत कुमार हत्याकांड में अमन साव गिरोह का हाथ होने की बात सबसे पहले ‘प्रभात खबर’ ने 17 मई के अंक में प्रकाशित की थी.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >