Gujarat Assembly Election 2022: गुजरात विधानसभा चुनाव के मद्देनजर प्रदेश में सियासी हलचल तेज हो गई है. इन सबके बीच, गुजरात की सत्ता पर एक बार फिर से काबिज होने का दावा कर रही बीजेपी को बड़ा झटका लगा है. दरअसल, पंचमहल संसदीय क्षेत्र से भारतीय जनता पार्टी के पूर्व सांसद प्रभातसिंह चौहान मंगलवार को पार्टी के महासचिव मोहन प्रकाश और प्रदेश के अन्य नेताओं की मौजूदगी में कांग्रेस में शामिल हो गए.
क्षत्रिय जाति पर प्रभातसिंह चौहान की अच्छी पकड़
बताया जाता है कि प्रभातसिंह चौहान का अपने इलाके में क्षत्रिय जाति पर बहुत अच्छी पकड़ है. इसके अलावा, पूर्व सांसद का गोधरा विधानसभा क्षेत्र के कुछ इलाकों में भी बेहतर प्रभाव है. वहीं, पंचमहल जिला कांग्रेस अध्यक्ष अजीतसिंह डाभी ने उम्मीद जताई कि पूर्व सांसद चौहान के पार्टी में आने से कांग्रेस को कलोल विधानसभा सीट फिर से हासिल करने में मदद मिलेगी. इस सीट पर कांग्रेस 1995 से ही बीजेपी से हार रही है. अजीतसिंह डाभी ने कहा कि उनके दोबारा प्रवेश से पार्टी को पंचमहल जिले में खोई जमीन जीतने में मदद मिलेगी.
बीजेपी से क्यों नाराज हुए प्रभातसिंह चौहान?
बताया जाता है कि प्रभातसिंह चौहान 2017 से ही बीजेपी से नाराज चल रहे है. जानकारी के मुताबिक, भारतीय जनता पार्टी ने प्रभातसिंह चौहान की इच्छा के विरुद्ध उनकी बहू सुमन को कलोल सीट से नामित किया था. मीडिया रिपोर्ट में सूत्र के हवाले से बताया जा रहा है कि प्रभातसिंह चौहान बीजेपी में असहज महसूस कर रहे थे. इस कारण वे कांग्रेस खेमे में लौट आए हैं.
परिवर्तन यात्रा को हरी झंडी दिखाने से पहले प्रभातसिंह चौहान ने छोड़ी पार्टी
इधर, खेड़ा जिले के फागवेल से परिवर्तन यात्रा को हरी झंडी दिखाने से पहले प्रभातसिंह चौहान के बीजेपी छोड़ने और कांग्रेस में शामिल होने को लेकर सियासी गलियारों में चर्चाओं का बाजार गरम है. बता दें गुजरात में कांग्रेस ने पार्टी को मजबूत करने के लिए परिवर्तन संकप यात्रा की शुरुआत कर दी है. गुजरात में किसी भी वक्त विधानसभा चुनाव की तारीखों का ऐलान हो सकता है. गुजरात विधानसभा चुनाव को लेकर बीजेपी (BJP), कांग्रेस (Congress) और आम आदमी पार्टी (AAP) ने पूरी ताकत झोंक दी है.
