विशाल गुब्बारे से होगी अंतरिक्ष की सैर, 2024 में लॉन्च होगा पहला मिशन, साल भर की सैलरी से भी कई गुणा ज्यादा टिकट की कीमत

कोरोना महामारी से जूझ रही धरती को छोड़ कर अमीरों में इन दिनों अंतरिक्ष की सैर करने का जुनून सवार है. 20 जुलाई को बिजनेसमैन जेफ बेजोस अपने भाई और एक अन्य व्यक्ति के साथ अंतरिक्ष की उड़ान भरनेवाले हैं. वहीं, वर्जिन गेलेक्टिक के मालिक रिचर्ड ब्रेनसन ने भी जुलाई में अपने पहले मानवयुक्त मिशन को लॉन्च करने का एलान किया है.

  • अंतरिक्ष की सैर करायेगा विशाल गुब्बारा

  • 92 लाख से ज्यादा होगा किराया

  • यात्रा नहीं करने पर रिफंड की सुविधा

कोरोना महामारी से जूझ रही धरती को छोड़ कर अमीरों में इन दिनों अंतरिक्ष की सैर करने का जुनून सवार है. 20 जुलाई को बिजनेसमैन जेफ बेजोस अपने भाई और एक अन्य व्यक्ति के साथ अंतरिक्ष की उड़ान भरनेवाले हैं. वहीं, वर्जिन गेलेक्टिक के मालिक रिचर्ड ब्रेनसन ने भी जुलाई में अपने पहले मानवयुक्त मिशन को लॉन्च करने का एलान किया है. इस बीच, फ्लोरिडा की कंपनी ह्यूमन स्पेस फ्लाइट ‘स्पेस पर्सपेक्टिव’ 2024 की शुरुआत में अपना मिशन लॉन्च करने की योजना बना रही है.

यह कंपनी हॉट एयर बैलून के एक हाइटेक वर्जन से यात्रियों को अंतरिक्ष के किनारे तक ले जायेगी. इस बैलून से जुड़े कैप्सूल में एक पायलट और आठ यात्रियों के बैठने की जगह होगी. इन लोगों को एक प्रेशराइज्ड कैप्सूल में बैठा कर अंतरिक्ष के मुहाने तक लेकर जाया जायेगा. इसके लिए कंपनी ने अभी से रिजर्वेशन शुरू कर दिया है.

कंपनी के स्पेशशिप नेपच्यून के जरिये अंतरिक्ष की सैर करनेवाले यात्रियों के लिए 1,25,000 डॉलर (92,77,131 रुपये) का किराया तय किया है. हालांकि, कंपनी ने रिफंडेबल रिजर्वेशन डिपॉजिट की शुरुआत भी की है. इसमें यात्रियों को एक बार ज्यादा डाउनपेमेंट करना होगा. बाद में बुकिंग के समय उनके किराये से यह राशि कम कर दी जायेगी.

कैप्सूल में रिफ्रेशमेंट बार की भी सुविधा

इस कंपनी के बैलून ने 18 जून को पहली बार परीक्षण उड़ान भरी थी. यह उड़ान फ्लोरिडा के टिटसविले में स्पेस कोस्ट स्पेसपोर्ट से भरी गयी थी. छह घंटे और 39 मिनट की यह उड़ान बिना क्रू मेंबर्स को बैठाये आयोजित की गयी थी. इस बैलून के बोर्ड पर लगे कैमरों ने सूर्योदय के समय पृथ्वी की एक खूबसूरत तस्वीर खींची थी. कंपनी ने बताया कि इस हाइटेक बैलून में एक रिफ्रेशमेंट बार और सोशल मीडिया को एक्सेस करने की क्षमताएं भी हैं.

दो घंटे ही अंतरिक्ष में रहेंगे यात्रीः छह घंटे की इस उड़ान में यह बैलून दो घंटे में धरती के वातावरण से 99 फीसदी ऊपर करीब 100,000 फीट की ऊंचाई तक पहुंचेगा. इसके बाद यात्रियों के लिए केबिन से 360-डिग्री दृश्यों का आनंद लेने के लिए दो घंटे का समय होगा. इसके बाद यह बैलून समुद्र में लैंडिंग के लिए नीचे आयेगा. पानी में इसके गिरते ही अंतरिक्षयात्रा खत्म हो जायेगी.

Posted by: Pritish Sahay

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By Prabhat khabar news desk

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