PM Kisan 21st Installment: बिना e-KYC के नहीं आएंगे खाते में 2 हजार रुपये, जानें घर बैठे करने का आसान तरीका

PM Kisan 21st Installment: पीएम किसान योजना के तहत किसानों को हर साल 6,000 रुपये दिए जाते हैं। इस सुविधा का लाभ पाने के लिए e-KYC कराना जरूरी होता है. लेकिन अगर आपने अभी तक e-KYC नहीं करवाया है, तो आपकी किस्त अटक सकती है. ऐसे में अगर आपकी भी e-KYC अब तक पेंडिंग है, तो आइए जानते हैं इसे पूरा करने का आसान स्टेप-बाय-स्टेप प्रोसेस.

PM Kisan 21st Installment: पीएम किसान योजना में केंद्र सरकार किसानों को हर साल 6,000 रुपये की आर्थिक मदद देती है. इस योजना का फायदा पाने के लिए किसानों को ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन करना पड़ता है और साथ ही e-KYC पूरा करना भी जरूरी होता है. अगर आपने आवेदन तो कर दिया है, लेकिन e-KYC नहीं की है, तो आपकी किस्त अटक सकती है. ऐसे में अगर आपकी e-KYC अब तक पेंडिंग है, तो हम आपको इसे पूरा करने का आसान स्टेप-बाय-स्टेप तरीका बताने जा रहे हैं. आइये जानते हैं.

कब आएगी PM-KISAN की 21वीं किस्त? 

सरकार ने पीएम किसान सम्मान निधि (PM-KISAN) योजना की 21वीं किस्त जारी करने की तारीख 19 नवंबर 2025 तय की है. इस दिन योग्य किसान परिवारों के खाते में 2,000 रुपये भेजे जाएंगे. किस्त का पैसा समय पर पाने के लिए किसानों को जरूरी है कि वे अपनी e-KYC (इलेक्ट्रॉनिक केवाईसी) पूरी कर लें और अपनी जमीन तथा बैंक से जुड़े रिकॉर्ड भी अपडेट कर लें. ऐसा करने से किस्त की राशि बिना किसी दिक्कत के सीधे किसानों के खाते में पहुंच सकेगी.

इन तरीकों से कर सकते हैं e-KYC

e-KYC  करने के लिए आप इन तीन तरीकों में से किसी एक को चुन सकते हैं.

  • OTP: अपने आधार से जुड़े मोबाइल नंबर पर आने वाला ओटीपी दर्ज करें.
  • Biometric: नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) पर जाकर फिंगरप्रिंट से वेरिफिकेशन कराएं.
  • Face Authentication: रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर से PM-KISAN (और Aadhaar Face RD) ऐप में लॉगिन करें, e-KYC विकल्प चुनें, जरूरी परमिशन दें और चेहरा स्कैन करें.

e-KYC करने का प्रोसेस

  • आधिकारिक वेबसाइट pmkisan.gov.in पर जाएं या Google Play Store से पीएम किसान मोबाइल ऐप डाउनलोड करें.
  • होमपेज पर ‘किसान कॉर्नर’ (Farmer Corner) में मौजूद ‘e-KYC’ ऑप्शन पर क्लिक करें. अगर आप ऐप इस्तेमाल कर रहे हैं तो अपने रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर से लॉग इन करके ‘लाभार्थी स्थिति’ सेक्शन में जाएं.
  • अब अपना आधार नंबर डाल कर ‘सर्च’ पर क्लिक करें.
  • इसके बाद आपके आधार से जुड़े मोबाइल नंबर पर एक OTP आएगा. अपनी पहचान की पुष्टि करने के लिए इस OTP को दर्ज करें.
  • जब OTP सफलतापूर्वक वेरिफाई हो जाता है, तो आपकी ई-KYC की स्थिति करीब 24 घंटे के अंदर पोर्टल पर ‘पूर्ण’ के रूप में दिखाई देने लगती है.

यह भी पढ़ें: PM Kisan के 2000 रुपए चाहिए तो आज ही करा लें ये जरूरी काम, जानिए खाते में कब आएगा पैसा

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: Ankit Anand

अंकित आनंद, डिजिटल पत्रकारिता के क्षेत्र में एक उभरते हुए कंटेंट राइटर हैं. वर्तमान में वे प्रभात खबर डिजिटल में जूनियर कंटेंट राइटर के रूप में काम कर रहे हैं. उन्हें पत्रकारिता में 2 साल से अधिक का अनुभव है और इस दौरान उन्होंने टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल से जुड़ी खबरों पर अपनी मजबूत पकड़ बनाई है. अंकित मुख्य रूप से स्मार्टफोन लॉन्च, टेलीकॉम अपडेट्स, टिप्स एंड ट्रिक्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से जुड़ी खबरें, गैजेट्स रिव्यू और कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स जैसे विषयों पर काम करते हैं. इसके साथ ही वह ऑटोमोबाइल सेक्टर से जुड़ी जरूरी और ट्रेंडिंग खबरों को भी कवर करते हैं. वह कार और बाइक से जुड़ी हर खबर को सिर्फ एक एंगल से नहीं, बल्कि टेक्निकल, यूजर एक्सपीरियंस और मार्केट ट्रेंड्स जैसे हर पहलू से समझकर पेश करते हैं. उनकी लेखन शैली सरल, स्पष्ट और यूजर्स-फर्स्ट अप्रोच पर बेस्ड है, जिसमें Gen Z की पसंद और उनकी डिजिटल समझ को भी ध्यान में रखा जाता है. बिहार में जन्मे अंकित आनंद की शुरुआती शिक्षा सीबीएसई स्कूल से हुई है. इसके बाद 2024 में गुरु गोबिंद सिंह इंद्रप्रस्थ यूनिवर्सिटी (GGSIPU) के कस्तूरी राम कॉलेज ऑफ हायर एजुकेशन से जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन में ग्रेजुएशन डिग्री हासिल की. अपनी पढ़ाई के दौरान ही उन्होंने मीडिया और डिजिटल स्टोरीटेलिंग की बारीकियों को समझा और धीरे-धीरे टेक और ऑटो जर्नलिज्म की ओर अपना फोकस बढ़ाया. शिक्षा पूरी करने के बाद अंकित ने Zee News में करीब 1 साल तक काम किया, जहां उन्होंने टीवी न्यूज प्रोडक्शन, आउटपुट डेस्क वर्क, कंटेंट रिसर्च और न्यूज राइटिंग की बारीकियों को करीब से समझा. इस अनुभव ने उन्हें तेजी से बदलते न्यूज रूम माहौल में काम करने की क्षमता और खबरों को सरल तरीके से प्रस्तुत करने की कला सिखाई. अंकित का मानना है कि टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल से जुड़ी खबरें सिर्फ जानकारी नहीं देतीं, बल्कि लोगों की रोजमर्रा की लाइफस्टाइल और फैसलों को भी असर डालती हैं. इसी सोच के साथ वह SEO-ऑप्टिमाइज्ड, रिसर्च-बेस्ड और सरल भाषा में कंटेंट तैयार करते हैं, ताकि पाठकों को सही और उपयोगी जानकारी आसानी से मिल सके.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >