कूचबिहार. कूचबिहार के पानीशाला में कालीपूजा की रात को जुआरियों को खिलाफ कार्रवाई के दौरान पुलिस सब इंस्पेक्टर रंजीत पाल की मौत की घटना के बाद अभी भी उस इलाके में आतंक तथा तनाव का माहौल कायम है़ इस घटना के 72 घटना बीत जाने बाद भी वहां की परिस्थित स्वाभाविक नहीं हो पायी है़.
इलाके की अधिकतर दुकानें बंद हैं. पुलिस के लोग भारी संख्या में इलाके में तैनात हैं. गौरतलब है कि पुलिस के एक एसआइ की उस इलाके में जुआरियों द्वारा पीट-पीट कर हत्या किए जाने का आरोप सामने आ रहा हैं. हांलाकि इस मामले को लेकर पुलिस के बीच ही मतभेद कायम है़ जिला पुलिस अधीक्ष राजेश यादव जहां हार्ट अटैक से मरने की बात कही है, वहीं परिवार के लोग जुआरियों द्वारा पीट पीट कर हत्या किये जाने का दावा कर रहे हैं. स्थानीय लोगों ने इस मामले में पुलिस पर परेशान करने का आरोप लगाया है़.
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस घटना के बाद से ही पुलिस इलाके में जब तब छापेमारी कर रही है. पूछताछ के नाम पर निर्दोषों को पकड़ा जा रहा है. यही वजह है कि इलाके से अधिकांश पुरूष सदस्य भाग खड़े हुए हैं. इधर,राजनीति आरोपों तथा प्रत्यारोपों का दौर भी जारी है.
नाटाबाड़ी के पूर्व वामो विधायक तमशेर अली को इलाके में जाने से रोक दिया गया. तमशेर अली ने आरोप लगाते हुए कहा कि तृणमूल कांग्रेस के नेताओं तथा समर्थकों द्वारा उन्हें पानीशाला जाने से रोक दिया गया. दूसरी तरफ तृणमूल कांग्रेस के जिला अध्यक्ष रवीन्द्र नाथ घोष ने इन आरोपों से इंकार किया है. हालांकि पूर्व वनमंत्री अनंत राय ने इलाके का दौरा किया और स्थानीय लोगों से बातचीत की. इधर, पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार घटना के बाद से कई लोगों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है. पूछताछ में कई लोगों का नाम सामने आया है. पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और शीघ्र ही इस मामले में कुछ गिरफ्तारी हो सकती है.
