धूपगुड़ी: कर्ज के बोझ तले दबी महिला ने शरीर में लगायी आग
धूपगुड़ी : कर्ज केरुपए नहीं लौटा पाने का गम तो सता ही रहा था. उस पर शौहर उसे अकेली छोड़कर एक अन्य महिला के साथ भाग गया. इस दोहरे संकट की मार को झेल नहीं पाने के चलते एक महिला ने बदन में आग लगाकर आत्महत्या करने की कोशिश की. फिलहाल आलिजा खातून 32 सदर […]
धूपगुड़ी: कर्ज के बोझ तले दबी महिला ने शरीर में लगायी आग
धूपगुड़ी : कर्ज केरुपए नहीं लौटा पाने का गम तो सता ही रहा था. उस पर शौहर उसे अकेली छोड़कर एक अन्य महिला के साथ भाग गया. इस दोहरे संकट की मार को झेल नहीं पाने के चलते एक महिला ने बदन में आग लगाकर आत्महत्या करने की कोशिश की. फिलहाल आलिजा खातून 32 सदर अस्पताल में जिंदगी व मौत के बीच झूल रही है.
यह घटना धूपगुड़ी के बारोघरिया ग्राम पंचायत अंतर्गत मध्य बोरोगाड़ी के जालापाड़ा में घटी है. उल्लेखनीय है कि पति मकसेदुल आलम ने बंधन बैंक और एसएसके से कर्ज लिये थे. उस कर्ज की किश्त नहीं दे पा रहे थे. मंगलवार से बुधवार के बीच किश्त जमा करनी थी. व्यवसाय में नुकसान के बीच मकसेदुल पड़ोस की एक महिला को लेकर भाग गये.
घर में पति की गैरमौजूदगी में आलिजा ने सास-ससुर से कर्ज की किश्त अदा करने के लिये कहा लेकिन उन्होंने सीधे हाथ खड़े कर दिये जिससे आलिजा घोर संकट में फंस गयी. इस संकट से निजात का रास्ता नहीं मिल पाने की स्थिति में उसने अपने बदन पर केरोसीन डालकर आग लगा ली. घटना के बाद से इलाके में सनसनी है.
उधर, आलिजा के मायके वालों का आरोप है कि कर्ज की किश्त को लेकर घर में अशांति लगी रहती थी. उधर, बंधन बैंक और एसएसके वाले उन पर लगातार दबाव बना रहे थे. पति की करतूत ने पहले ही उसे तोड़कर रख दिया था, उस पर सास-ससुर ने भी उसे मदद नहीं की. बैंक से बार बार किश्त के भुगतान के लिये उस पर दबाव बन रहा था.
आखिर में उसने बदन में आग लगा लिया जिसके बाद उसे गंभीर हालत में धूपगुड़ी ग्रामीण अस्पताल में भर्ती कराया गया. वहां से उसकी हालत चिंताजनक होने से उसे जलपाईगुड़ी सदर अस्पताल स्थानांतरित किया गया. धूपगुड़ी थाना पुलिस घटना की जांच कर रही है.
गृहिणी के भाई अलाउद्दीन आलम और सईदुल इस्लाम ने बताया कि उनके जीजा कर्ज की किश्त जमा नहीं कर रहे थे जिसके लिये उनकी बहन पर लगातार दबाव था. यहां तक कि सास-ससुर ने भी कोई मदद करने से इंकार कर दिया. पति भी लापता था. ऐसी हालत में उनकी बहन क्या करती?